DA Image
18 दिसंबर, 2020|12:41|IST

अगली स्टोरी

निकिता मर्डर केस: आरोपी तौसीफ को सलाखों के पीछे लग रहा है डर, जानें क्यों चाहता है भौंडसी जेल में शिफ्ट होना

nikita tomar murder case accused tausif was behind nikita from 12th had also kidnapped earlier

निकिता मर्डर केस में आरोपी तौसिफ के वकील ने कोर्ट में एक याचिका दायर कर कहा कि उसके मुवक्किल पर हमला हो सकता है। इसलिए जेल में भी सुरक्षित बैरक में रखे जाने की जरूरत है। इतना ही नहीं तौसिफ को नीमका जेल के बजाय भौंडसी जेल भेजने की याचिका लगाई। आपको बता दें कि स्पेशल इंवेस्टीगेशन टीम(एसआईटी) ने गुरुवार को निकिता हत्याकांड में मुख्य आरोपी तौसिफ और उसे कट्टा देने वाले अजरूद्दीन को अदालत में पेश किया। न्यायिक दंडाधिकारी प्रियंका जैन की अदालत ने दोनों आरोपियों को न्यायिक हिरासत में नीमका जेल भेज दिया है। 

भौंड़सी जेल भेजने की याचिका लगाई: 
मुख्य आरोपी तौसिफ खान की ओर से अदालत में पेश हुए अधिवक्ता अनीश खान ने अदालत से अपने मुवक्किल को जेल के अंदर सुरक्षा देने और नीमका जेल के बजाय भौंडसी जेल भेजने की याचिका लगाई। आरोपी के वकील ने अदालत को बताया कि जेल में भी उनके मुवक्किल पर हमला हो सकता है। इसलिए जेल में भी सुरक्षित बैरक में रखे जाने की जरूरत है। नीमका के बजाय भौंडसी जेल में उसका मुवक्किल ज्यादा सुरक्षित रहेगा। हालांकि, अदालत ने इस याचिका पर कोई आदेश पारित नहीं किया। आरोपी का मामा आपराधिक वृति का है। वह भौंडसी जेल में बंद है। शायद यही वजह है कि मुख्य आरोपी को भौंडसी जेल भेजने की याचिका दायर की गई थी। उसके मामा पर इंस्पेक्टर के अपहरण का भी आरोप है। 

अगले माह में चालान रिपोर्ट पेश करेगी एसआईटी: 
इस मामले को फास्ट ट्रैक अदालत में चलाया जाएगा। एसआईटी का प्रयास है कि इस मामले में 12 दिन के अंदर चालान पेश कर दिया जाए। इस मामले की लगभग जांच पूरी हो चुकी है। इसमें पुलिस ने गवाहों की सूची भी तैयार कर ली है। बताया जा रहा है कि घटना के वक्त मृतक के परिजन भी आस-पास मौजूद थे। चश्मदीद गवाह होने के कारण पुलिस के लिए मामले को अदालत में साबित करना काफी आसान रहेगा। आरोपी के खिलाफ सबसे बड़ा सबूत सन् 2018 का मामला है। इसमें वह नामजद था। सीसीटीवी फुटेज और कार अहम सबूत हैं। पुलिस कार की फॉरेंसिक जांच भी करवाएगी। ताकि फॉरेंसिक सबूत भी चालान रिपोर्ट के साथ अदालत में जमा करवाए जा सकें। पुलिस कार के टायरों के निशान, आरोपियों और मृतक के फिंगर प्रिंट और कार के अंदर  बाल आदि की भी तलाश की जाएगी। 
पुलिस आयुक्त ओपी सिंह ने बताया कि मामले की जांच पूरी कर अदालत में जल्द से जल्द चार्जशीट पेश कर दी जाएगी। पुलिस वैज्ञानिक पहलुओं से भी मामले की जांच कर रही है। ताकि आरोपियों को अदालत में कड़ी सजा दिलवाई जा सके। 

पेशी की वक्त कोर्ट में थी कड़ी सुरक्षा
मामले की गंभीरता को देखते हुए दोनों आरोपियों की पेशी के वक्त अदालत में कड़ी सुरक्षा थी। यहां पर 30 से ज्यादा पुलिसकर्मियों को ड्यूटी पर लगाया गया था। इसी तरह अपराध जांच शाखा, डीएलएफ के बाहर भी हथियार बंद पुलिसकर्मियों की तैनाती की गई थी। आमतौर पर खुला रहने वाला अपराध जांच शाखा के मुख्य दरवाजे पर भी ताला लटका हुआ था।  अदालत में आरोपियों पर हमले की आशंका को देखते हुए कड़ी सुरक्षा की हुई थी। पुलिस टीम ने दोपहर के वक्त आरोपियों को न्यायिक दंडाधिकारी प्रियंका जैन की अदालत में पेश किया। अदालत में पुलिस ने आरोपियों के लिए रिमांड की मांग नहीं की। इस पर अदालत ने उन्हें 10 नवंबर तक के लिए न्यायिक हिरासत में नीमका जेल भेज दिया। जबकि आरोपी रेहान को शुक्रवार को अदालत में पेश किया जाएगा। 

मृतक के परिजनों को मिली सुरक्षा: 
मृतक निकिता के परिजनों को पुलिस सुरक्षा दे दी गई। मृतक के पिता, भाई और मां को 24 घंटे के लिए गनमैन उपलब्ध करवाए गए हैं। 

  • Hindi News से जुड़े ताजा अपडेट के लिए हमें पर लाइक और पर फॉलो करें।
  • Web Title:Nikita murder case: accused Tausif is feeling scared behind bars know why he wants to shift to Bhondsi jail