अगर वह ‘सिंघम’, तो मैं ‘पुष्पा’ हूं: IPS अजय पाल शर्मा के खिलाफ TMC नेता ने खोला नया मोर्चा; बंगाल में विवाद गहराया

Pramod Praveen पीटीआई, कोलकाता
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If he is Singham, I am Pushpa: तृणमूल कांग्रेस के समर्थकों ने शर्मा पर पश्चिम बंगाल में दूसरे चरण के विधानसभा चुनाव के लिए 29 अप्रैल को होने वाले मतदान से पहले पार्टी नेताओं और कार्यकर्ताओं को डराने-धमकाने का आरोप लगाते हुए फाल्टा में उनके खिलाफ प्रदर्शन किया।

अगर वह ‘सिंघम’, तो मैं ‘पुष्पा’ हूं: IPS अजय पाल शर्मा के खिलाफ TMC नेता ने खोला नया मोर्चा; बंगाल में विवाद गहराया

If he is Singham, I am Pushpa: पश्चिम बंगाल के दक्षिण 24 परगना जिले की फाल्टा विधानसभा सीट से तृणमूल कांग्रेस के उम्मीदवार जहांगीर खान ने निर्वाचन आयोग की ओर से बतौर पर्यवेक्षक नियुक्त किए गए भारतीय पुलिस सेवा (IPS) के उत्तर प्रदेश कैडर के अधिकारी अजय पाल शर्मा के क्षेत्र का दौरा करने पर मंगलवार को आपत्ति जताई। खान ने कहा कि अगर शर्मा "सिंघम" हैं, तो वह "पुष्पा" हैं और पार्टी कार्यकर्ताओं को "डराने-धमकाने" की किसी भी कोशिश को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।

इस बीच, तृणमूल कांग्रेस के समर्थकों ने शर्मा पर पश्चिम बंगाल में दूसरे चरण के विधानसभा चुनाव के लिए 29 अप्रैल को होने वाले मतदान से पहले पार्टी नेताओं और कार्यकर्ताओं को डराने-धमकाने का आरोप लगाते हुए फाल्टा में उनके खिलाफ प्रदर्शन किया। अधिकारियों ने बताया कि शर्मा को तृणमूल समर्थकों के विरोध का सामना करना पड़ा, जिन्होंने फाल्टा में खान के आवास के साथ-साथ उनके चुनाव कार्यालय के बाहर 'जय बांग्ला' के नारे लगाए।

UP में सिंघम नाम से मशहूर हैं अजय पाल शर्मा

निर्वाचन आयोग के एक अधिकारी ने बताया कि आयोग को खबर मिली थी कि खान के समर्थक फाल्टा में लोगों से कथित तौर पर उनके मतदाता पहचान पत्र एकत्र कर रहे थे और उन्हें धमका रहे थे, जिसके बाद शर्मा ने क्षेत्र का दौरा किया। अधिकारी के मुताबिक, उत्तर प्रदेश में "सिंघम" के नाम से मशहूर शर्मा ने फाल्टा के अपने दौरे के दौरान स्पष्ट किया कि वह खान और उनके समर्थकों को मतदाताओं को डराने-धमकाने नहीं देंगे।

शर्मा EC के 95 पर्यवेक्षकों में शामिल हैं

शर्मा उन 95 पर्यवेक्षकों में शामिल हैं, जिन्हें निर्वाचन आयोग ने दूसरे चरण के चुनाव में स्वतंत्र और निष्पक्ष मतदान सुनिश्चित करने के लिए तैनात किया है। खान ने घटनाक्रम पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि वह "भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) की ओर से तैनात पुलिस अधिकारियों को मतदाताओं को डराने-धमकाने" नहीं देंगे। तृणमूल उम्मीदवार ने कहा, “यह बंगाल है; अगर वह (शर्मा) 'सिंघम' हैं, तो मैं 'पुष्पा' हूं। फाल्टा में भाजपा की ओर से तैनात उत्तर प्रदेश के पुलिस अधिकारियों की किसी भी तरह की धमकी या दबाव को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।”

फाल्टा विधानसभा सीट डायमंड हार्बर लोकसभा क्षेत्र के अंतर्गत

उन्होंने कहा, "वे पुलिस बल के साथ आए और मुझ पर तथा मेरे लोगों पर दबाव डालने की कोशिश की। लोकतांत्रिक व्यवस्था में ऐसे कृत्य स्वीकार्य नहीं हैं।" चश्मदीदों के अनुसार, शर्मा सोमवार देर रात खान के आवास पर पहुंचे थे और कहा था कि अगर मतदाताओं को डराने-धमकाने की कोई शिकायत मिलती है, तो अधिकारी "तत्काल कठोर कदम" उठाएंगे। फाल्टा विधानसभा सीट डायमंड हार्बर लोकसभा क्षेत्र के अंतर्गत आती है, जिसका प्रतिनिधित्व अभिषेक बनर्जी करते हैं।

टीएमसी नेताओं ने किया विरोध

तृणमूल कांग्रेस के वरिष्ठ नेताओं और मंत्रियों ने शर्मा की ओर से उठाए गए कदमों का विरोध करते हुए आरोप लगाया कि वह अपनी भूमिका से बाहर जाकर काम कर रहे हैं। पश्चिम बंगाल सरकार में मंत्री चंद्रिमा भट्टाचार्य ने कहा, “मीडिया ने उन्हें 'एनकाउंटर स्पेशलिस्ट' नाम दिया है। हमें आश्चर्य है कि एक ऐसे पुलिस अधिकारी यहां क्या कर रहे हैं? क्या वह रात में किसी के आवास पर जाकर धमकी दे सकते हैं? क्या उन्हें बिना किसी सबूत के लोगों को गिरफ्तार करने का काम सौंपा गया है?”

पर्यवेक्षकों से तटस्थ रहने की उम्मीद की जाती है

उन्होंने कहा, “हम ऐसी कार्रवाइयों की निंदा करते हैं। ऐसा लगता है कि उन्हें किसी न किसी बहाने से शांति भंग करने के लिए लाया गया है?” एक अन्य मंत्री अरूप बिस्वास ने कहा, "पर्यवेक्षकों से तटस्थ रहने की उम्मीद की जाती है। संवैधानिक सीमाओं से परे काम करने या किसी विशेष पार्टी को निशाना बनाने के किसी भी प्रयास को कानूनी रूप से चुनौती दी जाएगी।" तृणमूल सांसद महुआ मोइत्रा ने 'एक्स' पर एक वीडियो साझा किया, जिसमें एक व्यक्ति पब में नाचता दिखाई दे रहा है। उन्होंने शर्मा को पोस्ट में टैग करते हुए लिखा, "आपको मौज-मस्ती करते हुए देखकर अच्छा लगा... उम्मीद है कि आपका पुलिस कौशल आपके नृत्य कौशल से बेहतर होगा।"

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लेखक के बारे में

Pramod Praveen

प्रमोद कुमार प्रवीण देश-विदेश की समसामयिक घटनाओं और राजनीतिक हलचलों पर चिंतन-मंथन करने वाले और पैनी पकड़ रखने वाले हैं। ईटीवी से पत्रकारिता में करियर की शुरुआत की। कुल करीब दो दशक का इलेक्ट्रॉनिक, प्रिंट और डिजिटल मीडिया में काम करने का अनुभव रखते हैं। संप्रति लाइव हिन्दुस्तान में विगत तीन से ज्यादा वर्षों से समाचार संपादक के तौर पर कार्यरत हैं और अमूमन सांध्यकालीन पारी में बहुआयामी पत्रकारीय भूमिका का निर्वहन कर रहे हैं। हिन्दुस्तान टाइम्स ग्रुप से पहले NDTV, जनसत्ता, ईटीवी, इंडिया न्यूज, फोकस न्यूज, साधना न्यूज और ईटीवी में कार्य करने का अनुभव है। कई संस्थानों में सियासी किस्सों का स्तंभकार और लेखक रहे हैं। विश्वविद्यालय स्तर से लेकर कई अकादमिक, शैक्षणिक और सामाजिक संगठनों द्वारा विभिन्न मंचों पर अकादमिक और पत्रकारिता में उल्लेखनीय योगदान के लिए सम्मानित भी हुए हैं। रुचियों में फिल्में देखना और पढ़ना-पढ़ाना पसंद, सामाजिक और जनसरोकार के कार्यों में भी रुचि है।

अकादमिक योग्यता: भूगोल में जलवायु परिवर्तन जैसे गंभीर और संवेदनशील विषय पर पीएचडी उपाधिधारक हैं। इसके साथ ही पत्रकारिता एवं जनसंचार में स्नातकोत्तर भी हैं। पीएचडी शोध का विषय- 'मध्य गंगा घाटी में जलवायु परिवर्तन-एक भौगोलिक अध्ययन' रहा है। शोध के दौरान करीब दर्जन भर राष्ट्रीय और अंततराष्ट्रीय सम्मेलनों में शोध पत्र पढ़ने और प्रस्तुत करने का अनुभव है। भारतीय विज्ञान कांग्रेस में भी शोध पोस्टर प्रदर्शनी का चयन हो चुका है। शोध पर आधारित एक पुस्तक के लेखक हैं। पुस्तक का नाम 'मध्य गंगा घाटी में जलवायु परिवर्तन' है। पत्रकारिता में आने से पहले महाविद्यालय स्तर पर शिक्षण कार्य भी कर चुके हैं।

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