इस घटना के बाद गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं: ये सिविल ड्रेस वाले लोग आखिर कौन हैं? इन्हें प्रदर्शन स्थल पर लाठियां चलाने की इजाजत किसने दी? क्या ये प्रशासन के लोग हैं या कोई बाहरी तत्व? हालांकि प्रशासन की तरफ से इस पर अभी तक कोई आधिकारिक स्पष्टीकरण नहीं आया है