CBI जांच के लिए अंकिता के माता-पिता से FIR क्यों नहीं कराई? महापंचायत में सरकार से 5 सवाल

Feb 09, 2026 08:29 am ISTGaurav Kala देहरादून
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Ankita Bhandari Justice: देहरादून में महापंचायत बुलाई गई। इसमें अंकिता के माता-पिता भी पहुंचे। सरकार से पांच सवाल उठाए गए, आरोप लगाया गया कि सीबीआई जांच के लिए अंकिता के माता-पिता से एफआईआर दर्ज न कराना वीआईपी को बचाने के लिए है।

CBI जांच के लिए अंकिता के माता-पिता से FIR क्यों नहीं कराई? महापंचायत में सरकार से 5 सवाल

Ankita Bhandari Justice: अंकिता न्याय यात्रा संयुक्त संघर्ष मंच ने रविवार को परेड ग्राउंड के बाहर महापंचायत आयोजित की। इसमें वक्ताओं ने अंकिता के माता-पिता की तरफ से केस दर्ज करने, वीआईपी का खुलासा और उसकी गिरफ्तारी करने की मांग उठाई। महापंचायत में अंकिता भंडारी के माता-पिता शामिल रहे। दूसरी तरफ देवभूमि रक्षा अभियान के संस्थापक स्वामी दर्शन भारती ने आरोप लगाया कि अंकिता प्रकरण की आड़ में नेपाल की तर्ज पर उत्तराखंड का माहौल बिगाड़ने का प्रयास किया जा रहा है।

पूर्व मुख्यमंत्री हरीश रावत ने कहा कि अंकिता अपने परिवार की गरीबी को दूर करने की उम्मीद के साथ रिजॉर्ट में नौकरी करने गई थीं। रावत ने एफआईआर दर्ज करने में देरी, साक्ष्य नहीं जुटा पाने को लेकर सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि आखिर सीबीआई जांच के लिए सरकार ने माता-पिता की ओर से एफआईआर दर्ज क्यों नहीं करवाई। सीपीआई माले के इंद्रेश मैखुरी ने अंकिता की हत्या की तुलना एपस्टीन फाइल्स से की। इसके बाद उत्तराखंड महिला मंच की पदाधिकारी कमला पंत, निर्मला बिष्ट ने भी विचार रखे।

अंकिता के पिता बोले- सुप्रीम कोर्ट जज की निगरानी में हो जांच

अंकिता के पिता वीरेंद्र सिंह भंडारी ने कहा कि सीबीआई की जांच सुप्रीम कोर्ट के जज की निगरानी में होनी चाहिए। उन्होंने कहा कि जब मेरी बेटी नहीं झुकी तो मैं कैसे झुक सकता हूं। मंच पर मौजूद रहने के दौरान अंकिता की मां सोनी देवी के आंसू छलक आए। जस्टिस फॉर अंकिता मंच श्रीनगर की रेशमा पंवार, महिला किसान अधिकार मंच ऊधमसिंह नगर की हीरा जंगपांगी, उत्तराखंड महिला मंच नैनीताल की बसंती पाठक, राज्य आंदोलनकारी ऊषा भट्ट और भारत ज्ञान विज्ञान समिति की उमा भट्ट ने पंच की भूमिका निभाई।

नेपाल की तर्ज पर माहौल बिगाड़ने की कोशिश

दूसरी ओर देवभूमि रक्षा अभियान के संस्थापक स्वामी दर्शन भारती ने कहा कि अंकिता भंडारी हत्याकांड की आड़ में कुछ लोग प्रदेश का माहौल खराब करने का काम कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि मामले की सीबीआई जांच चल रही है, चाहे वीआईपी हो या कोई ताकतवर अब बचेगा नहीं। देश की जनता को सीबीआई पर पूरा भरोसा है। प्रेस क्लब में आयोजित पत्रकार वार्ता के दौरान उन्होंने आशंका जताई कि कुछ स्वार्थी तत्व उत्तराखंड के युवाओं को नेपाल की तर्ज पर भड़काकर राज्य में अराजकता फैलाना चाहते हैं।

स्वामी दर्शन भारती ने कहा कि अंकिता हत्याकांड के दोषी जेल में सजा काट रहे हैं। उन्होंने खुलासा किया कि हाल ही में जब इस मामले में वीआईपी को लेकर नई बातें सामने आईं, तो उन्होंने उर्मिला सनावर को सुरक्षित रूप से जनता के सामने लाया। उन्होंने स्पष्ट किया कि यदि उर्मिला के साथ कुछ अनहोनी हो जाती, तो साक्ष्य मिटाने के आरोप लगते और प्रदेश में अशांति फैल सकती थी।

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