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हिंदी न्यूज़ उत्तराखंडजीएसटी घाटे वाले टॉप थ्री राज्यों में उत्तराखंड, राजस्व की कमी कर रही परेशान-करोड़ों का नुकसान

जीएसटी घाटे वाले टॉप थ्री राज्यों में उत्तराखंड, राजस्व की कमी कर रही परेशान-करोड़ों का नुकसान

जीएसटी व्यवस्था लागू होने के बाद उत्तराखंड राजस्व की कमी झेल रहे टॉप थ्री राज्यों में शामिल है। मौजूदा साल में ही उत्तराखंड को जीएसटी से वैट की तुलना में 44 कम राजस्व मिला है। सरकार की चिंता बढ़ी है।

जीएसटी घाटे वाले टॉप थ्री राज्यों में उत्तराखंड, राजस्व की कमी कर रही परेशान-करोड़ों का नुकसान
Himanshu Kumar Lallदेहरादून।  विमल पुर्वालTue, 28 Jun 2022 11:34 AM

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जीएसटी व्यवस्था लागू होने के बाद उत्तराखंड राजस्व की कमी झेल रहे टॉप थ्री राज्यों में शामिल है। मौजूदा साल में ही उत्तराखंड को जीएसटी से वैट की तुलना में 44 कम राजस्व मिला है। केंद्र यदि जीएसटी क्षतिपूर्ति की व्यवस्था आगे नहीं बढ़ाती तो इससे राज्य सरकार के सामने नई विकास योजनाओं को मंजूर करने में दिक्कत आ सकती है।

केंद्र सरकार ने वर्ष 2017 में जीएसटी व्यवस्था लागू की थी। इसमें राज्यों के वैट की तुलना में राजस्व कम मिलने पर भरपाई की व्यवस्था की गई थी। यह व्यवस्था पांच साल के लिए थी जो इस जून में समाप्त हो रही है। राज्य सरकार जीएसटी क्षतिपूर्ति की व्यवस्था और पांच साल के लिए बढ़ाने की पैरवी कर रही है।

हालांकि इसमें सफलता नहीं मिली है। अफसरों का कहना है कि क्षतिपूर्ति नहीं मिली तो संकट हो सकता है। पंजाब और नागालैंड के बाद सर्वाधिक नुकसान : जीएसटी व्यवस्था लागू होने के बाद जिन राज्यों को राजस्व का सर्वाधिक नुकसान हो रहा है उनमें नगालैंड (48) और पंजाब (48) पहले दो स्थान तथा उत्तराखंड (44) तीसरे नंबर पर है।

राज्य कर आयुक्त और अपर सचिव अहमद इकबाल ने बताया कि प्रदेश को हो रहे नुकसान के संदर्भ में केंद्र को अवगत कराया जा चुका है। चंडीगढ़ में होने वाली जीएसटी काउंसिल की बैठक में भी सरकार यह मुद्दा उठाएगी।

पिछले साल की तुलना में नुकसान कम: उत्तराखंड को जीएसटी राजस्व में इस साल 44 का नुकसान हुआ पर यह गतवर्ष से कम है। 2021 में राज्य को वैट की तुलना में जीएसटी राजस्व के रूप में 53 कम राजस्व मिला था। हालांकि 2022 में अन्य राज्यों के घाटे में कमी आई है। इसकी मुख्य वजह ये है कि राज्यों की अर्थव्यवस्था अब कोरोना के प्रभाव से काफी हद तक उबर चुकी है जिससे जीएसटी राजस्व में इजाफा हो रहा है।

जीएसटी काउंसिल की मंगलवार से चंडीगढ़ में होने वाली बैठक में राज्य को मिलने वाली क्षतिपूर्ति अगले पांच साल तक जारी रखने का अनुरोध किया जाएगा। जीएसटी क्षतिपूर्ति नहीं मिली तो राज्य को सालाना 5500 करोड़ का नुकसान होगा।
प्रेमचंद अग्रवाल, वित्त मंत्री

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