DA Image

अगली स्टोरी

class="fa fa-bell">ब्रेकिंग:

15 दिन के भीतर किया जाए गन्ना-गेहूं की फसल का भुगतान

15 दिन के भीतर किया जाए गन्ना-गेहूं की फसल का भुगतान

तराई किसान संगठन के तत्वावधान में जिलेभर के किसानों की बुधवार को गल्ला मंडी में एक बैठक हुई। बैठक में गेहूं-गन्ने के भुगतान, फसल बीमा योजना और किसानों की तमाम समस्याओं पर विस्तार से चर्चा की गई। इसके बाद किसानों ने एसडीएम युक्ता मिश्रा के माध्यम से मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत को एक ज्ञापन भी प्रेषित किया।

इससे पूर्व बैठक में तराई किसान संगठन के अध्यक्ष तजेंद्र सिंह विर्क ने सरकार पर किसानों की उपेक्षा करने का आरोप लगाया। उन्होंने प्रदेश में कर्ज से परेशान किसान आत्महत्या करने को मजबूर है। बावजूद उनकी कोई सुध नही ले रहा। उन्होंने ज्ञापन के माध्यम से मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत से 15 दिन के भीतर किसानों को गन्ना-गेहूं की फसल का भुगतान, वर्ग चार की जमीनों का नियमतिकरण सरल करने समेत लंबित मांगों के निस्तारण की मांग की। साथ ही मांग न मानी जाने पर उन्होंने आगे उग्र आंदोलन करने की भी चेतावनी दी। इस मौके पर तजेंद्र सिंह विर्क, जगदीश सिंह, सुख्खा सिंह, सुखदेव सिंह, गुरजीत सिंह, सुधीर साही, नवनीत मिश्रा, इकबाल सिंह चीमा, अमनदीप सिंह, गुरप्रीत सिंह, हरबीर सिंह, विक्रमजीत सिंह, संदीप कुमार, राजकुमार, हरप्रीत सिंह, इंद्रजीत सिंह, जसप्रीत सिंह, रणबीर सिंह समेत जिलेभर से पहुंचे किसान मौजूद रहे।

बैठक में उठी किसानों की यह प्रमुख मांगें-

- किसानों के गन्ने-गेहूं की फसल का भुगतान 15 दिन के भीतर किया जाए।

- सितारगंज में कर्ज से तंग आकर आत्महत्या करने वाले किसान मुख्तयार सिंह को उचित मुआवजा दिया जाए।

- आगामी धान की फसल की खरीद नीति पंजाब-हरियाणा पैर्टन पर की जाए।

- वर्ग चार की जमीनों का नियमतिकरण को सरल किया जाए।

- फसल बीमा योजना में बीमा कंपनियों की लूट है। जिससे किसान को कोई लाभ नहीं है, इसे बंद किया जाए।

- भाजपा सरकार के घोषणा पत्र के मुताबिक लघु एवं सीमांत किसानों का कर्ज माफ किया जाए।

- किसान विरोधी जबरी फसल बीमा योजना को बंद किया जाए।

  • Hindi Newsसे जुडी अन्य ख़बरों की जानकारी के लिए हमें पर ज्वाइन करें और पर फॉलो करें
  • Web Title:15 din ke bheeter ho gehu ganna fasal ka bhugtan