DA Image
28 मार्च, 2020|5:37|IST

अगली स्टोरी

झूलाघाट में कोरोना के खतरे के बीच नेपाली नागरिकों का जमावड़ा लगा

झूलाघाट में कोरोना के खतरे के बीच नेपाली नागरिकों का जमावड़ा लगा

भारत-नेपाल सीमा पर झूलाघाट में नेपाल जाने के लिए दो दिनों से फंसे नेपाली नागरिकों की संख्या लगातार बढ़ती जा रही है। रोज पैदल दर्जनों मजदूर सीमा पर पहुंच रहे हैं, लेकिन झूलापुल और गैर परंपरागत सभी रास्ते बंद होने के कारण नागरिकों का नेपाल में प्रवेश नहीं हो पा राह है, इस कारण झूलाघाट में सैकड़ों की तादात में श्रमिकों का जमावड़ा लग गया है। प्रशासन के सामने नेपाली नागरिकों की जीवन रक्षा के लिए भोजन की व्यवस्था और उनके रहने के इंतजाम करना तो है ही साथ ही उनके बीच सोसयल डिस्टेंस बनाएं रखना भी चुनौती पूर्ण हो रहा है। इधर, सीमा पर फंसे नेपाली नागरिकों के लिए पुलिस के साथ ही स्थानीय पत्रकारों ने भी भोजन की व्यवस्था कराने में सहयोग दिया जा रहा है।

झूलाघाट में 200 से अधिक नेपाली नागरिक देर रात खुले मैदान में रात बिता रहे हैं। इसके अलावा आज सुबह फिर सैकड़ों नेपाली मजदूर झूलाघाट पहुंच गए। थानाध्यक्ष महेश चन्द्र के साथ मिलकर हिंदुस्तान समवादाता ने नेपाली नागरिकों के खाने पिने की सामग्री जुटाकर ब्यवस्था कराई जा रही है। नेपाली नागरिकों ने खुले मैदान में रात बिताई, उनके रहने के लिए झूलाघाट में इतना बड़ा भवन खाली नहीं है जहां इन्हें ठहराया जा सके। नेपाल की ओर से झूला पुल नहीं खुलने के कारण सभी नेपाली मजदूर सीमा पर ही फंसे हुए हैं। यदि जल्द ही नेपाल सीमा पर झूला पुल नहीं खुला तो नेपाली नागरिकों को भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ेगा। थानाध्यक्ष महेश चन्द्र बताया की शासन से आदेश मिलने के बाद ही झुलापुल खोला जाएगा। थानाध्यक्ष ने झूलाघाट के आम नागरिकों से शांति व्यवस्था बनाए रखने की अपील की है। कहा कि सभी लोग घरों में ही रहें, जिससे कोरोना वायरस के संक्रमण से बचा जा सके। नेपाली नागरिकों के लिए भोजन आदि की व्यवस्था में एसएचओ संजय कुमार, संजय मनराल, मदन भट्ट, उमेश चन्द्र भट्ट, कैलाश भट्ट, मोहन चन्द्र भट्ट, भैरव पंगरिया और पत्रकार सुरेंन्द्र आर्या आदि लोग जुटे रहे।

  • Hindi News से जुड़े ताजा अपडेट के लिए हमें पर लाइक और पर फॉलो करें।
  • Web Title:Nepalese citizens gathered in Jhulaghat amidst threat of corona