दिल्ली में बड़े काम करने हैं; विक्रांत और पाक आतंकी शहजाद भट्टी कोडवर्ड में करते थे बात

Gaurav Kala देहरादून
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Pakistan ISI Agent Vikrant: देहरादून में पकड़े गए आईएसआई से जुड़े एजेंट विक्रांत को लेकर चौंकाने वाले खुलासे हुए हैं। वह और पाक आतंकी शहजाद भट्टी आपस में कोडवर्ड में बात करते थे।

दिल्ली में बड़े काम करने हैं; विक्रांत और पाक आतंकी शहजाद भट्टी कोडवर्ड में करते थे बात

Pakistan ISI Agent Vikrant: पीएम नरेंद्र मोदी के देहरादून दौरे से पहले प्रेमनगर इलाके से गिरफ्तार आईएसआई से जुड़ा एजेंट विक्रांत कश्यप पुलिस की कड़ी निगरानी में है। पुलिस जल्द उसे रिमांड में लेगी और अन्य जांच एजेंसियां भी उससे पूछताछ करेंगी। विक्रांत तहरीक-ए-तालिबान हिंदुस्तान की जड़ें देहरादून में फैलाना चाहता था। वह पाकिस्तानी आतंकी शहजाद भट्टी के लगातार संपर्क में था। दोनों अक्सर कोड वर्ड में ही आपस में बात करते थे। वे बम के लिए आलू बोलते थे। शहजाद भट्टी ने उसे सुप्रीम कोर्ट के एक वकील पर हैंड ग्रैनेड गिराने का टास्क दिया था। उसे दिल्ली में कई बड़े काम करने थे। बातचीत में आईएसआई एजेंट अक्सर विक्रांत से पूछते थे कि उसकी लोकेशन से दिल्ली की दूरी कितनी है?

पाकिस्तानी आतंकी और आईएसआई एजेंट शहजाद भट्टी के संपर्क में रहने के आरोप में विक्रांत को पुलिस ने कोर्ट में पेश किया। आरोपी को न्यायिक अभिरक्षा में जेल भेज दिया गया है। पुलिस आरोपी रिमांड पर लेने के लिए कोर्ट में जल्दी आवेदन कर सकती है। प्रेमनगर पुलिस और एसटीएफ ने विक्रांत कश्यप निवासी झाझरा को गिरफ्तार किया था। आरोपी के पास से .32 बोर की विदेशी (इटेलियन मार्क) पिस्टल, सात जिंदा कारतूस और एक स्प्रे पेंट बरामद हुआ था। शनिवार को पुलिस सुरक्षा में आरोपी को कोर्ट में पेश किया। आरोपी को जेल भेज दिया गया है। पुलिस अब आरोपी का पुलिस कस्टडी रिमांड लेगी। इसके लिए कोर्ट में प्रार्थना पत्र देने की पुलिस तैयारी कर रही है। पुलिस आरोपी को रिमांड में लेकर विभिन्न सवालों के उत्तर पूछेगी।

कोडवर्ड : बम की जगह ‘आलू’

चैट की जांच से पता चला कि विक्रांत अपने पाकिस्तानी आकाओं से कोड वर्ड में बात करता था और अक्सर बम धमाकों के लिए आलू गिराने का जिक्र करता था। जांच एजेंसियों को विक्रांत के मोबाइल से कई विदेशी नंबर (+44, +971, +92 कोड वाले) और व्हाट्सएप चैट मिली हैं। इन चैट में साफ तौर पर आपराधिक साजिशों का जिक्र है। वह कोड वर्ड में बम को आलू कहता था और चैट में जल्द ही आलू गिराने का टास्क पूरा करने का दावा करता था।

संगठन के बारे में जानकारी जुटा रही एजेंसियां

उत्तराखंड पुलिस और अन्य एजेंसियां संगठन के बारे में जानकारी जुटा रही है। आरोपी तहरीक-ए-तालिबान हिंदुस्तान (टीटीएच) की दून में जड़ें मजबूत कर रहा था। पिछले एक महीने से एसटीएफ विक्रांत की गतिविधियों पर नजर रखे हुए थी। पूछताछ में खुलासा हुआ है कि विक्रांत पंजाबी गायक सिद्धू मूसेवाला की हत्या का बदला लेने की बात कहने वाले आतंकी संगठन की सोशल मीडिया पोस्ट से प्रभावित होकर उनके जाल में फंसा था। ऐसे में जांच एजेंसियां आरोपी के संपर्क में रहने वाले से भी पूछताछ करने की तैयारी में है।

केंद्रीय संस्थानों की सूचना भेजी थी

आरोपी देहरादून के केंद्रीय, सैन्य, पुलिस और प्रशासनिक संस्थानों की वीडियो और लोकेशन आतंकी संगठन को भेज चुका था। दिल्ली और मुंबई में भी वारदात करने की बात संगठन ने विक्रांत से की। उसके संपर्क में आए लोगों की जांच की जा रही है। इस दौरान एसटीएफ के एएसपी विवेक कुमार, डिप्टी एसपी आरबी चमोला शामिल रहे।

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