बिजली, पानी, सड़क के लिए जूझ रहे हल्द्वानी के लोग

Feb 10, 2026 11:32 am ISTNewswrap हिन्दुस्तान, हल्द्वानी
share

हल्द्वानी के निवासी बिजली, पानी, और सड़क जैसी मूलभूत सुविधाओं के लिए जूझ रहे हैं। दमुवाढूंगा में आयोजित शिविर में लोगों ने अधिकारियों से समस्याओं का समाधान मांगा। पर्वतीय जिलों से पलायन हो रहा है, लेकिन आवश्यक सेवाओं का अभाव बना हुआ है। कई शिकायतें नशे के बढ़ते प्रचलन और कूड़े की समस्या से भी जुड़ी हैं।

बिजली, पानी, सड़क के लिए जूझ रहे हल्द्वानी के लोग

हल्द्वानी। कुमाऊं के सबसे बड़े शहर हल्द्वानी के निवासी बिजली, पानी, सड़क की मूलभूत सुविधाओं के लिए जूझ रहे हैं। दमुवाढूंगा में आयोजित बहुउद्देशीय शिविर में लोग अधिकारियों से समस्याओं के समाधान की गुहार लगाते दिखे। पर्वतीय जिलों से सुविधाओं के अभाव में लगातार पलायन हो रहा है। बेहतर जीवन की आस में लोग हल्द्वानी में अपना आशियाना बना रहे हैं। इसके बाद भी जरूरी सुविधाओं का मिलना मुश्किल बना हुआ है। सोमवार के जन-जन की सरकार जन-जन के द्वार अभियान के तहत आंबेडकर पार्क दमुवाढूंगा में बहुउद्देशीय शिविर का आयोजन किया गया। यहां 89 लोग अपनी समस्याओं की शिकायत दर्ज कराने पहुंचे।

इस दौरान ‘हिन्दुस्तान’ की टीम ने भी लोगों की समस्याएं जानीं। हर दूसरी शिकायत बिजली, पानी और सड़क जैसी मूलभूत जरूरत से जुड़ी मिली। लोगों ने बताया कि विभागीय कार्यालयों के कई चक्कर लगाए जाने के बाद भी समाधान होना मुश्किल बना हुआ है। मजबूर होकर अब शिविर में पहुंचे हैं। शिविर में अपर जिलाधिकारी विवेक राय ने संबंधित विभागों को जल्द समाधान के निर्देश दिए। नगर आयुक्त परितोष वर्मा, सचिव जिला विकास प्राधिकरण विजय नाथ शुक्ल, तहसीलदार कुलदीप पांडे सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी और कार्मिक मौजूद रहे। नगर निगम सुबह चार बजे भेज रहा कूड़ा वाहन लोगों ने अधिकारियों को बताया कि गलियों और नालियों से कूड़ा जमा होना आम समस्या है। वहीं घरों से कूड़ा लेने के लिए नगर निगम सुबह चार बजे वाहन भेज रहा है। अधिकांश लोगों के इस दौरान सोये होते हैं। इस वजह से कूड़ा निस्तारित करना मुश्किल हो रहा है। यूयूएसडीए की कार्यप्रणाली बनी परेशानी कई लोग उत्तराखंड शहरी विकास एजेंसी (यूयूएसडीए) की कार्यप्रणाली से परेशान दिखे। उन्होंने बताया गया कि पेयजल और सीवरेज के लिए खोदी गई गलियों से परेशानी बढ़ गई है। काम कब पूरा होगा यह तक विभाग नहीं बता रहा है। वहीं बिना जानकारी दिए काम रोक दिया जा रहा है। दमुवाढूंगा बना नशेड़ियों का गढ़ शहर में नशे के बढ़ते प्रचलन का मामला शिविर के दौरान प्रमुखता से उठा। महिलाओं ने अधिकारियों को बताया कि क्षेत्र नशेड़ियों का गढ़ बन गया है। शाम होते ही घर से बाहर निकलना मुश्किल हो जाता है। कई बार शिकायत किए जाने के बाद भी पुलिस प्रशासन कोई कार्रवाई नहीं कर रहा है। इनकी बात:: हमारे घर के आगे बिजली का ट्रांसफार्मर लगा दिया है। जिससे लोगों के लिए खतरा बना हुआ है। विभाग हटाने की कार्रवाई नहीं कर रहा है। दीवान राम, दमुवाढूंगा वार्ड 36 क्षेत्र की कई गलियों में सीवर लाइन नहीं बिछाई जा रही है। संकरी सड़कों को चौड़ा नहीं किए जाने से आवागमन मुश्किल बना हुआ है। रमेश चंद्र पंत, हिमालयन कॉलोनी मानसून में सिंचाई की नहर बदहाल हो गई थी। विभाग ने अभी तक ठीक नहीं की है। जिससे जलभराव का खतरा और खेत सूख रहे हैं। अजुर्न लाल टम्टा, देवखड़ी सालभर पानी का संकट बना रहता है। वहीं हाइटेंशन लाइन नहीं हटाए जाने से लोगों के लिए लगातार जान का खतरा बना रहता है। नीलमणि गोस्वामी, जोहार कॉलोनी घर में पानी नहीं आता है जिससे दिक्कत बनी रहती है। निकासी नालियां नहीं बनाए जाने से बारिश होते ही कॉलोनी जलमग्न हो जाती है। कमला देवी, देवनगर बारिश के दौरान भूस्खलन होने से घर खतरे की जद में आ गए हैं। अभी तक इसके लिए कोई सुरक्षा उपाय विभागों ने नहीं किए हैं। मीना राय, गोकुल नगर नल में पानी नहीं आता है, सड़क बदहाल हो गई है। गलियों में लगे पेड़ घरों के लिए खतरा बने हुए हैं। समाधान होना मुश्किल बना हुआ है। ममता बिष्ट, कुमाऊं कॉलोनी जर्जर बिजली के पोल खतरा बने हुए हैं। विभाग को इसकी जानकारी देने के बाद भी नहीं बदला जा रहा है। इनके गिरने पर बड़ा हादसा हो सकता है। पूनम सक्सेना, दमुवाढूंगा

Hindustan

लेखक के बारे में

Hindustan
हिन्दुस्तान भारत का प्रतिष्ठित समाचार पत्र है। इस पेज पर आप उन खबरों को पढ़ रहे हैं, जिनकी रिपोर्टिंग अखबार के रिपोर्टरों ने की है। और पढ़ें

लेटेस्ट   Hindi News ,    बॉलीवुड न्यूज,   बिजनेस न्यूज,   टेक ,   ऑटो,   करियर , और   राशिफल, पढ़ने के लिए Live Hindustan App डाउनलोड करें।