दिल्ली से उत्तराखंड लौट रही बारातियों की कार खाई में गिरी, 11 महीने के मासूम की माता-पिता समेत मौत
दिल्ली से उत्तराखंड लौट रही बारातियों की कार खाई में गिरी। हादसे में 11 महीने के मासूम समेत तीन लोगों की मौत हो गई। मृतकों में मासूम के माता-पिता के भी शामिल थे।

दिल्ली से अल्मोड़ा के गांव में आई बारातियों की कार लौटते समय अनियंत्रित होकर खाई में गिर गई। गुरुवार को हादसे में 11 माह के मासूम समेत तीन लोगों की मौत हो गई। जबकि पांच लोग घायल हैं। घायलों में मृतक मासूम के माता-पिता भी शामिल हैं।
सोमेश्वर थाना पुलिस के अनुसार, बुधवार को ताकुला ब्लॉक के झिझाड़ गांव निवासी हरीश राम की बेटी की शादी थी। बारात दिल्ली के उत्तम नगर से आई थी। बारात में दो बसें और चार कार शामिल थीं। दूल्हा पक्ष के लोग भी मूलरूप से अल्मोड़ा के ईसलना गांव निवासी हैं और लंबे वक्त से दिल्ली में रहते हैं। शादी समारोह खत्म होने के बाद गुरुवार को बारात दिल्ली लौटी रही थी। बसौली से करीब दो किमी दूर चुराड़ी बैंड के पास दिल्ली नंबर की कार अनियंत्रित होकर खाई में गिर गई।
हादसे में तीन की मौत
हादसे की सूचना पर पुलिस ने घायलों को रेस्क्यू किया और अस्पताल पहुंचाया। डॉक्टरों ने 44 वर्षीय मंजू देवी पत्नी गोपाल राम निवासी कांडे ताकुला, 50 वर्षीय दिनेश राम पुत्र तिल राम निवासी झिझाड़ ताकुला और 11 माह के मासूम रिहान को मृत घोषित कर दिया। जबकि रिहान की मां 23 वर्षीय जया पत्नी और उसके पिता महेश निवासी थपलिया घायल हैं। कांडे गांव निवासी वाहन चालक गोपाल राम, संजय और अर्जुन निवासी फतेहपुर बेरी साउथ दिल्ली भी घायल हैं। एसएसपी चंद्रशेखर आर घोड़के ने बताया कि हादसों के कारणों की जांच की जा रही है।
महिलाओं ने शीशे तोड़ जान बचाई
बसौली में हुए दर्दनाक सड़क हादसे के घायलों के लिए महिलाएं और ग्रामीण देवदूत बनकर पहुंचे। महिलाओं ने कार के शीशे तोड़ घायलों को निकाला। पुलिस और एनडीआरएफ के साथ ग्रामीण घायलों को रेस्क्यू कर मुख्य सड़क तक ले आए थे।
गुरुवार शाम, बसौली में हुए हादसे में तीन लोगों की मौत हो गई और चार लोग घायल हो गए। हादसे का पता लगते ही ग्रामीण कार की तरफ दौड़े। कार के शीशे तोड़ और आसपास की झाड़ियों को हटाकर घायलों को बाहर निकालने का प्रयास किया। इसके बाद अन्य ग्रामीण भी मौके पर पहुंचे। बमुश्किल कार के अंदर के घायलों को बाहर निकाला। ग्राम प्रधान प्रतिनिधि राजेश सिंह बिष्ट ने पुलिस को हादसे की सूचना दी। इसके बाद एसडीआरएफ और पुलिस की टीम मौके पर पहुंची। उन्होंने बताया कि तब तक ग्रामीण और टीमें घायलों को मुख्य सड़क तक लाए। इसके बाद सभी को प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र में प्राथमिक इलाज चला।
अगले माह था रिहान का पहला जन्मदिन
बसोली में हुए हादसे में 11 माह के मासूम रिहान की मौत से हर कोई स्तब्ध है। रिहान का अगले माह ही पहला जन्मदिन आने वाला था। पूरा परिवार उसके पहले जन्मदिन को लेकर काफी उत्साहित था, लेकिन उसके इस तरह मौत के ग्रास में समा जाने से पूरे परिवार में शोक की लहर दौड़ पड़ी है। खुशियों की जगह मातम छाया हुआ है।
इन लोगों ने किया घायलों का रेस्क्यू
ग्राम प्रधान प्रतिनिधि राजेंद्र सिंह बिष्ट, चंदन सिंह बिष्ट, रमेश बिष्ट, गोविंद बिष्ट, सूरज नेगी, दीप नेगी, मोहन बिष्ट, दीप बिष्ट, पान सिंह बिष्ट, दीवान सिंह, चंद्रा बिष्ट, रेखा बिष्ट, प्रेमा बिष्ट, विमला बिष्ट आदि रहीं। वहीं, पीएचसी ताकुला में डॉ कमलेश जोशी, डॉ आकांक्षा भट्ट, डॉ शिवानी रावत, डॉ एनसी जोशी, प्रेमा बिष्ट, पूनम भाकुनी और सुमित ने घायलों का प्राथमिक उपचार किया।
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