चुनावी मोड में योगी सरकार, अवध से ब्रज भूमि तक सौगातों की बौछार, कैबिनेट से सियासी संदेश
उत्तर प्रदेश की योगी सरकार ने कैबिनेट के माध्यम से 'मिशन 2027' का चुनावी शंखनाद कर दिया है। 'डॉ. आम्बेडकर मूर्ति विकास योजना' के जरिए दलितों और पिछड़ों को साधने का बड़ा दांव चला गया है। ब्रज भूमि से अपने एजेंडे को धार दी है।

UP News: चुनावी शोर इन दिनों भले ही बंगाल, असम सहित पांच राज्यों में सुनाई दे रहा हो, मगर यूपी में भी योगी सरकार ने चुनावी बिगुल फूंक दिया है। मंगलवार को जिस तरह सरकार ने अवध से लेकर ब्रजभूमि तक लोक मंगल की योजनाओं से जुड़ी सौगातों की बौछार की, वो इसी ओर इशारा करती है। सुबह राजधानी में युवाओं, महिलाओं, कर्मचारियों को तोहफे देने के साथ दलितों को साधने का भी बड़ा दांव चला गया। वहीं शाम को ब्रज में विकास की चासनी में पगे सांस्कृतिक राष्ट्रवाद के एजेंडे को मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने धार दी।
सियासत में संकेतों का खासा महत्व है और भाजपा इस खेल की माहिर। पार्टी ने अपने 47वें स्थापना दिवस से सूबे में चुनावी शंखनाद कर दिया है। इसी कड़ी में यूपी के लिए मंगलवार का दिन बेहद खास रहा। कैबिनेट के कई छोटे-छोटे फैसलों से बड़े सियासी संदेश देने का प्रयास हुआ। वर्ष 2014 के बाद से लगातार यूपी में अपने वोट बैंक में इजाफा करने वाली भाजपा की नजर इस बार दलितों पर है। हालांकि इसके पीछे 2024 के कुछ खट्टे अनुभव भी हैं। डा. बीआर अंबेडकर मूर्ति विकास योजना के ऐलान से पार्टी ने दलित सियासत पर फोकस का रोडमैप पेश कर दिया है। मूर्तियों को संवारने के बहाने जाटव समाज के साथ ही कबीर पंथियों, रैदास, वाल्मीकि सहित अनुसूचित वर्ग की अन्य तमाम जातियों को साधने का दांव चला गया है।
एजेंडे को दी धार
25 लाख युवाओं को टैबलेट और करीब 1.70 लाख शिक्षामित्रों-अनुदेशकों की मानदेय वृद्धि के सामाजिक के साथ ही सियासी मायने हैं। विस्थापितों की फिक्र कर सरकार ने पड़ोसी मुल्कों में रह रहे अल्पसंख्यकों को बड़ा संदेश दिया है। इसके पहले केंद्र इन लोगों की नागरिकता के लिए सिटीजनशिप अमेंडमेंट एक्ट ला चुका है। वहीं मदरसा शिक्षकों के मानदेय में वृद्धि पर दोषियों पर आपराधिक मुकदमा चलाने के अखिलेश सरकार के फैसले की वापसी पर आगे बढ़कर योगी सरकार ने अपने एजेंडे को और धार दे दी है।
ब्रज को अवध से जोड़ा
मुख्यमंत्री एक बार फिर मथुरा भी गए। दरअसल, अयोध्या और काशी के बाद मथुरा ही संघ और भाजपा के रोडमैप का प्रमुख हिस्सा है। बांकेबिहारी कॉरीडोर के जरिए सरकार इस लक्ष्य की ओर बढ़ भी रही है। कान्हा की धरती से राजा रामचंद्र की जय का उद्घोष कर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने ब्रज को सीधे अवध से जोड़ दिया। फिर ब्रजभूमि में शामिल आगरा से साढ़े छह हजार करोड़ की रियायशी सहित अन्य योजनाओं के जरिए अपनी सरकार के विकास पथ पर निरंतर बढ़ने का संदेश भी दिया।
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Yogesh Yadavयोगेश यादव लाइव हिन्दुस्तान में पिछले छह वर्षों से यूपी सेक्शन को देख रहे हैं। यूपी की राजनीति, क्राइम और करेंट अफेयर से जुड़ी खबरों को कवर करने की जिम्मेदारी निभा रहे हैं। यूपी की राजनीतिक खबरों के साथ क्राइम की खबरों पर खास पकड़ रखते हैं। यूपी में हो रहे विकास कार्यों, शहरों और ग्रामीण क्षेत्रों में आ रहे बदलाव के साथ यहां की मूलभूत समस्याओं पर गहरी नजर रखते हैं।
पत्रकारिता में दो दशक का लंबा अनुभव रखने वाले योगेश ने डिजिटल से पहले प्रिंट में अपनी विशिष्ट पहचान बनाई। लम्बे समय तक हिन्दुस्तान वाराणसी में सिटी और पूर्वांचल के नौ जिलों की अपकंट्री टीम को लीड किया है। वाराणसी से पहले चड़ीगढ़ और प्रयागराज हिन्दुस्तान को लांच कराने वाली टीम में शामिल रहे। प्रयागराज की सिटी टीम का नेतृत्व भी किया।
बनारस हिंदू यूनिवर्सिटी (BHU) से बीकॉम में ग्रेजुएट और बनारस की ही काशी विद्यापीठ से मास कम्युनिकेशन में पोस्ट ग्रेजुएट योगेश ने कई स्पेशल प्रोजेक्ट पर काम भी किया है। राष्ट्रीय नेताओं के दौरों को कवर करते हुए उनके इंटरव्यू किये। नेताजी सुभाष चंद्र बोस की मौत से जुड़े रहस्यों पर हिन्दुस्तान के लिए सीरीज भी लिख चुके हैं।


