वीडियो कॉल पर पत्नी को दिखाई गिरती मिसाइल; दुबई में फंसा मुबारक, परिजन कर रहे दुआ
मध्य पूर्व में ईरान-इजराइल संघर्ष के बीच दुबई, अबूधाबी व बहरीन में काम कर रहे बस्ती के युवक फंसे हैं। मिसाइल हमलों से काम बंद है, एयरस्पेस बंद होने से वे होली पर घर नहीं आ पा रहे। वीडियो कॉल पर धमाके देख परिजन चिंतित हैं।

मध्य पूर्व में ईरान के साथ इजराइल व अमेरिका की लड़ाई चल रही है। इसका असर कतर, बहरीन, अबूधाबी व दुबई में भी देखने को मिल रहा है। यहां कई लोग मजदूरी व काम के सिलसिल में खाड़ी देशों में हैं। उनके काम बंद हो गए हैं। वह घर नहीं आ पा रहे हैं, जबकि उन्हें होली के अवकाश के समय भारत आना था। परिजन यहां पर चिंतिंत हैं तो वहां से नहीं निकल पाने के चलते युवक भी घबराए हुए हैं।
वीडियो कॉल पर पत्नी को दिखाई गिरती मिसाइल
बस्ती जिले के सोनहा थानाक्षेत्र के पचमोहनी गांव निवासी मुबारक अली पुत्र अब्दुल कादिर सात माह पहले दुबई गया था। आबूधाबी के रुवेश में रहकर सटरिंग का काम करते हैं। पत्नी रूबीना खातून से रविवार की शाम को वीडियो कालिंग पर बात की तो उसी समय हो मिसाइल हमले व बम धमाके दिखाई दिए। मुबारक ने बताया कि शनिवार से बमबाजी हो रही है। हम लोगों का काम बंद हो गया है। बहुत डर का माहौल है। एअर स्पेश बंद है और घर नहीं आ सकते हैं। वीडियो कालिंग पर मिसाइल फटता देख परिजन चिंतित हैं।
बहरीन में गिर रही मिसाइल,फैक्ट्री बंद
सोनहा थानाक्षेत्र के हसनापुर निवासी दो भाई गोविंद यादव, अशोक यादव पुत्र रामसरन यादव व आकाश यादव पुत्र गोविंद यादव के साथ बहरीन में कमाने के लिए गए हैं। इस समय बहरीन में ईरानी मिसाइल से हमला हो रहा है। यह तीनों अलनोह कंपनी में काम करते हैं। करीब डेढ़ वर्ष पहले घर से बेटे व भाई के साथ गए थे। काम बंद हो गया है। यह सभी घरों में बैठे हैं। फोन पर पत्नी व छोटे बेटे से बात हुई। इन लोगों ने बताया कि लड़ाई शुरू हो गई है। बड़े बड़े बम गिर रहे हैं। मिसाइलें गिर रही हैं। कंपनी बंद हो चुकी है। हम लोगों को सुरक्षित एक जगह बैठाया गया है। बम और मिसाइल गिरने से मन में डर बना हुआ है। इसके साथ परिजन भी चिंतित हैं।
मां की मौत पर भी नहीं लौट पाया रवींद्र
सोनहा थानाक्षेत्र के पचमोहनी गांव निवासी रवींद्र शर्मा पुत्र रामजस एक वर्ष पहले दुबई गये। वह आबूधाबी में रहकर सटरिंग का काम करते हैं। पत्नी संजू ने बताया कि फोन से बात हुई तो बताए कि लड़ाई चल रही है। काम बंद हो गया है। परेशानी नहीं है, लेकिन डर लग रहा है। आठ फरवरी को रवींद्र की मां की मृत्यु हो गई थी। तत्काल नहीं आ पाया। अब होली में आने की तैयारी थी। लेकिन एयर स्पेश बंद होने से फ्लाइट नहीं मिल रही है। चिंता है कि कैसे घर लौटेंगे।
मैसेज के जरिए हो रही बात
लालगंज क्षेत्र के चौबाह गांव निवासी संजय पुत्र रोहित कुमार पिछले आठ वर्षों से दुबई में रहकर काम कर रहे हैं। संजय के माता-पिता व बहन गांव पर है। लड़ाई की बात से लोग घबराएं हुए हैं। संजय सुबह शाम फोन करके बात कर रहे हैं। वह जिस जगह रहते हैं, वहां से करीब 130 किलोमीटर की दूरी पर गोला बारूद आदि गिर रहें हैं। इसी गांव के अनिल पुत्र राम जीत पिछले चार वर्ष से दुबई में रहकर काम करते हैं। लड़ाई की सूचना पर उनसे सुबह शाम बात हो रही है। इस लड़ाई से उनके यहां अभी फर्क नहीं पड़ा है। मेराज पुत्र मु. मजीद भी चार साल से दुबई में हैं। उनसे मैसेज के माध्यम से बात हो रही है।



