कार्ययोजना में तकनीकी और संरक्षा से जुड़े पहलू शामिल करें
वाराणसी में पूर्वोत्तर रेलवे के प्रमुख मुख्य इंजीनियर तुषारकांत पांडेय ने रिव्यू मीटिंग की। उन्होंने अमृत भारत स्टेशन विकास योजना के तहत चल रहे पुनर्विकास कार्यों की प्रगति की समीक्षा की। अधिकारियों को कार्यों की गुणवत्ता को बनाए रखते हुए निर्धारित समय के भीतर पूरा करने के निर्देश दिए। निरीक्षण के दौरान नई सुविधाओं पर चर्चा की गई।

वाराणसी, कार्यालय संवाददाता। पूर्वोत्तर रेलवे के प्रमुख मुख्य इंजीनियर (पीसीई) तुषारकांत पांडेय ने शनिवार को लहरतारा स्थित मंडल रेल प्रबंधक कार्यालय के भारतेन्दु सभागार में विभिन्न रेल परियोजनाओं और विकास कार्यों की समीक्षा की। इस दौरान अमृत भारत स्टेशन विकास योजना के अंतर्गत चल रहे पुनर्विकास कार्यों तथा यात्री सुविधाओं से संबंधित कार्यों की प्रगति जानी। उन्होंने निर्माण कार्यों में तकनीकी और संरक्षा से जुड़े पहलुओं का अध्ययन करके कार्ययोजना बनाने का निर्देश दिया। बैठक में विभिन्न परियोजनाओं की वर्तमान स्थिति, कार्यों की गुणवत्ता, प्रगति की गति तथा निर्धारित समय-सीमा में कार्यों को पूरा करने पर चर्चा की गई। प्रमुख मुख्य इंजीनियर ने संबंधित अधिकारियों को कार्यों में गुणवत्ता बनाए रखते हुए उन्हें निर्धारित समय-सीमा के भीतर पूरा करने के निर्देश दिए।
इसके बाद प्रमुख मुख्य इंजीनियर ने मंडल रेल प्रबंधक आशीष जैन के साथ राजातालाब यार्ड स्थित समपार संख्या- 13 स्पेशल पर प्रस्तावित लिमिटेड हाइट सबवे के निर्माण स्थल का स्थलीय निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान प्रमुख मुख्य इंजीनियर एवं मंडल रेल प्रबंधक ने प्रस्तावित स्थल की भौतिक एवं तकनीकी स्थिति का जायजा लिया। सड़क यातायात के घनत्व तथा स्थानीय जनता की आवागमन सम्बंधी जरूरत और सुविधा को ध्यान में रखते हुए प्रस्तावित एलएचएस के निर्माण की उपयोगिता पर विस्तृत विचार-विमर्श किया गया। अधिकारियों ने समपार से होने वाले स्थानीय आवागमन, वर्तमान रेल तथा सड़क यातायात की स्थिति तथा भविष्य में यातायात के सम्भावित विस्तार को भी ध्यान में रखते हुए प्रस्तावित निर्माण से संबंधित विभिन्न पहलुओं पर चर्चा की। इस अवसर पर मुख्य प्रशासनिक अधिकारी (निर्माण) नवीन कुमार झा, वरिष्ठ मंडल इंजीनियर (समन्वय) विकास कुमार सिंह समेत अन्य वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे।


