Varanasi News: सदानीरा में उफान से दहशत
Varanasi News: वाराणसी में लगातार बारिश के कारण गंगा और सहायक नदियों का जलस्तर बढ़ रहा है। बुधवार को वरुणा नदी के किनारे बसे मोहल्ले की आधी से अधिक आबादी को बाढ़ के चलते विस्थापित होना पड़ा है। 16 राहत शिविरों में लगभग 3000 लोग पहुँचे हैं। प्रशासन ने राहत और बचाव कार्य के लिए 36 नावें लगाई हैं।

Varanasi News: वाराणसी, हिटी। पर्वतीय एवं मैदानी क्षेत्रों में लगातार बारिश के चलते गंगा एवं उनकी सहायक नदियों में उफान तेज हो गया है। रात 10 बजे गंगा खतरे के निशान से 82 सेंमी नीचे थीं। उस समय एक सेंमी की गति से जलस्तर बढ़ रहा था। गंगा के चलते सहायक-वरुणा, गोमती एवं नाद नदियों में भी उफान बढ़ता जा रहा है। बुधवार को वरुणा के तटवर्ती एक और मोहल्ले की आधी से अधिक आबादी को बाढ़ के चलते विस्थापित होना पड़ा। 16 राहत शिविरों में लगभग तीन हजार बाढ़ पीड़ित पहुंच चुके हैं। मंगलवार रात 12 बजे जलस्तर में कमी आने से गंगा के रौद्र रूप के शांत होने की उम्मीद जगी थी लेकिन वह उम्मीद बुधवार सुबह आठ बजे के पहले ही गायब हो गई।
आठ बजे दो सेंमी प्रति घंटा जबकि दोपहर 12 बजे से एक सेंमी प्रति घंटा की गति से जलस्तर में बढ़ाव का ट्रेंड बना जो रात 10 बजे तक यथावत रहा। गंगा का उफान ग्रामीण इलाकों के खेतों को जलमग्न करता जा रहा है। अब तक 62.48 हेक्टेयर कृषि भूमि बाढ़ की चपेट में आ चुकी है। 227 किसान परिवार प्रभावित हुए हैं। काशी विद्यापीठ ब्लॉक के बेटावर एवं रमना गांव में धान-गेहूं, सब्जी की फसलों पर खतरा बढ़ गया है। शहर के दक्षिण नगवा, सामने घाट में आबादी के पास तक बाढ़ का पानी पहुंच गया है। नगवां को अस्सी से जोड़ने वाली संकरी सड़क पर बुधवार को पानी का दबाव बढ़ गया। उधर वरुणा किनारे रहने वाल 407 परिवारों के 1768 सदस्य बुधवार को सुरक्षित स्थानों पर भेजे गए। अब तक 2910 लोग विस्थापित हो चुके हैं। राहत एवं बचाव कार्य के लिए प्रशासन ने 36 नावें लगाई हैं।


