Varanasi News: टीचर बने सीडीओ, बच्चों को दिया सफलता का मंत्र

हिन्दुस्तान, वाराणसी
Follow us on Google News
share

Varanasi News: वाराणसी में सीडीओ प्रखर कुमार सिंह ने टीचर की भूमिका निभाते हुए छात्रों को लक्ष्य और सफलता का मंत्र दिया। संवाद सत्र में छात्रों ने रुचियों और करियर से संबंधित सवाल पूछे। सीडीओ ने समाज सेवा और विवेक पर विचार साझा किए। प्रधानाचार्य ने विद्यार्थियों को प्रश्न पूछने के लिए प्रेरित किया।

Varanasi News: टीचर बने सीडीओ, बच्चों को दिया सफलता का मंत्र

Varanasi News: वाराणसी, प्रमुख संवाददाता। सीडीओ प्रखर कुमार सिंह गुरुवार को टीचर की भूमिका में नजर आए। पीएमश्री राजकीय क्वींस कॉलेज में ‘छात्र संवाद’ के दौरान उन्होंने बच्चों को जीवन में लक्ष्य के संधान और सफलता का मंत्र दिया। मुखर बच्चों ने भी संवाद सत्र में सवालों की झड़ी लगा दी।

छात्रों के सवाल

संवाद सत्र में छात्र-छात्राओं ने सीडीओ प्रखर कुमार सिंह ने बच्चों से उनकी रुचि और पढ़ाई के बारे में जानकारी ली। संवाद सत्र में मानविकी वर्ग के कृष्ण कुमार गुप्ता ने भविष्य की दिशा निर्धारण, विज्ञान की तनु पाल ने कॅरियर और सफलता के लिए प्रयास के संबंध में सवाल पूछे। रिशु यादव ने पूछा कि प्रधानमंत्री बनने के लिए उसे क्या और कैसे करना होगा। इस सवाल के जवाब में सीडीओ ने छात्रों को कर्तव्य, अधिकार और समाजसेवा की सीख दी।

सीख और प्रेरणा

12वीं के छात्र अंचित चक्रवाल ने सही और गलत के निर्धारण और चयन पर सवाल पूछा तो सीडीओ ने विद्यार्थियों को विवेक, संस्कार और अनुभव का सामंजस्य करने की सीख दी। उन्होंने अभ्युदय कोचिंग संस्थान और संकल्प-30 कोचिंग के बारे में भी विद्यार्थियों को बताया। सह जिला विद्यालय निरीक्षक राणा बृजेश सिसोदिया ने बच्चों की प्रशंसा की। प्रधानाचार्य, विशेश्वर सिंह ने विद्यार्थियों को प्रश्न पूछने के लिए प्रेरित करते हुए कहा कि जहां जिज्ञासा है वहीं पर ज्ञान पाने की इच्छा हैं। कार्यक्रम में विद्यालय के सभी शिक्षक-शिक्षिकाएं और विद्यार्थी उपस्थित थे।

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

सीडीओ प्रखर कुमार सिंह ने छात्रों को क्या सिखाया?
सीडीओ ने छात्रों को जीवन में लक्ष्य के संधान और सफलता का मंत्र दिया और कर्तव्य, अधिकार और समाजसेवा की सीख दी।
Hindustan | Bureau

लेखक के बारे में

Hindustan | Bureau

हिन्दुस्तान भारत का एक प्रतिष्ठित हिंदी समाचार-पत्र है, जिसकी स्थापना 1936 में महामना पंडित मदन मोहन मालवीय ने की थी। स्वतंत्रता आंदोलन की विरासत को समेटे यह प्रकाशन आज भारत के सर्वाधिक पढ़े जाने वाले हिंदी समाचार-पत्रों में दूसरे स्थान पर है। WAN-IFRA के अनुसार, 2016 में 'हिन्दुस्तान' विश्व के शीर्ष 13 सर्वाधिक प्रसारित अखबारों में शामिल था। हर रोज 5 राज्‍यों सह‍ित देश की राजधानी द‍िल्‍ली और एनसीआर (नोएडा, गाज‍ियाबाद, गुरुग्राम) में 23 संस्‍करण प्रकाश‍ित होते हैं। ‘पाठक सर्वोपर‍ि’ हिन्दुस्तान की संपादकीय नीति है। समय पर, शोध और गहन खोजबीन के बाद व‍िस्‍तार से न्‍यूज र‍िपोर्ट प्रकाश‍ित की जाती है। हर खबर में सभी पक्षों और दृष्टिकोणों को संतुलित रूप से पेश किया जाता है।

और पढ़ें

लेटेस्ट   Hindi News ,    बॉलीवुड न्यूज,   बिजनेस न्यूज,   टेक ,   ऑटो,   करियर , और   राशिफल, पढ़ने के लिए Live Hindustan App डाउनलोड करें।

Hindi NewsUP NewsवाराणसीVaranasi News: टीचर बने सीडीओ, बच्चों को दिया सफलता का मंत्र