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सेतु निगम : अभियंताओं की गिरफ्तारी से निर्माण एजेंसियों में खौफ

सेतु निगम : अभियंताओं की गिरफ्तारी से निर्माण एजेंसियों में खौफ

चौकाघाट फ्लाईओवर हादसे में सेतु निगम के अभियंताओं की गिरफ्तारी ने दूसरी निर्माण एजेंसियों से जुड़े अधिकारियों में भी खौफ पैदा कर दिया है। पहली बार किसी लापरवाही पर चीफ अभियंता स्तर के अधिकारी समेत सात अफसरों की गिरफ्तारी हुई है। इस गिरफ्तारी के जरिए राज्य सरकार ने कड़ा संदेश देने की कोशिश की है कि कार्य में ढिलाई मिलने पर बड़े अफसर भी नहीं बचेंगे।

बनारस में फ्लाईओवर एवं अन्य निर्माण कार्यो में सुरक्षा मानकों को लेकर लगातार सवाल उठते रहे हैं। जनप्रतिनिधियों ने भी कई बार दौरे पर आए सीएम के सामने लापरवाही का मुद्दा उठाया था मगर सेतु निगम के अफसर बेपरवाह रहे। जिला प्रशासन ने भी कई बार काम में तेजी न आने के पीछे अफसरों की लापरवाही के संबंध शिकायत की थी। फ्लाईओवर हादसे में 15 लोगों की मौत के बाद सरकार ने जिस तरह से कई स्तरों पर जांच करायी और निलम्बन हुआ, उसके बाद माना जा रहा था कि आने वाले दिनों में और बड़ी कार्रवाई हो सकती है। 

एक वरिष्ठ अधिकारी के अनुसार बनारस में केन्द्र व प्रदेश सरकार की करीब दस हजार करोड़ की निर्माण परियोजनाओं पर काम चल रहा है। इस कार्रवाई के बाद संबंधित परियोजनाओं की न केवल निगरानी बढ़ेगी बल्कि जो खामियां होंगी, उन्हें भी अधिकारी दूर कर लेंगे। 

चार जुलाई को ही लिखी गई पटकथा 
प्रशासनिक सूत्रों की मानें तो गिरफ्तारी की पटकथा चार जुलाई को सीबीआरआई की रिपोर्ट मिलने के बाद ही लिख दी गई थी। मुख्यमंत्री के सामने रिपोर्ट प्रस्तुत की गई। उसमें सेतु निगम के अफसरों पर निर्माण कार्य के में घोर लापरवाही बरतने की बात सामने आयी। सीएम ने मुख्य सचिव को स्पष्ट निर्देश दे दिया था कि लापरवाह अफसरों के साथ कोई रियायत न की जाए। फिर शासन का संकेत मिलते ही क्राइम ब्रांच ने अभियंताओं को गिरफ्तार कर लिया। 

निर्माण कार्य में किसी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। निर्माण एजेंसियों को कहा गया है कि निर्धारित लागत एवं समयसीमा में ही काम करना होगा।
सुरेन्द्र सिंह,  जिलाधिकारी 

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  • Web Title:Awareness in construction agencies from arrest of engineers