यूपी में स्मार्ट प्रीपेड मीटर के निगेटिव बैलेंस पर अब तक का सबसे बड़ा ऐक्शन, 5 लाख कनेक्शन काटे
शनिवार शाम चार बजे तक तकरीबन 60 हजार उपभोक्ताओं ने मीटर खाते का रीचार्ज करके बैलेंस पॉजिटिव करवा लिया था। इनमें से कई के कनेक्शन खुद जुड़ गए थे। वहीं कई उपभोक्ता परेशान रहे। रीचार्ज के बाद भी उनका कनेक्शन नहीं जुड़ रहा था। कई जिलों में इस तरह की शिकायतें थीं।

Electricity News : उत्तर प्रदेश में स्मार्ट प्रीपेड मीटर का बैलेंस निगेटिव होने से कनेक्शन कटने की अब तक की सबसे बड़ी कार्रवाई शनिवार को करते हुए पांच लाख कनेक्शन काटे गए। रीचार्ज के बाद तमाम लोगों के कनेक्शन जुड़ गए, लेकिन काफी लोग रोज की तरह कनेक्शन न जुड़ने से परेशान रहे।
जानकारी के मुताबिक शनिवार शाम चार बजे तक तकरीबन 60 हजार उपभोक्ताओं ने मीटर खाते का रीचार्ज करके बैलेंस पॉजिटिव करवा लिया था। इनमें से कई के कनेक्शन खुद जुड़ गए थे। हालांकि, कई उपभोक्ता हर दिन की तरह परेशान रहे। रीचार्ज के बाद भी उनका कनेक्शन नहीं जुड़ रहा था। गाजियाबाद, सहारनपुर, नोएडा और दक्षिणांचल के कई अन्य जिलों में इस तरह की शिकायतें थीं। जानकारों के मुताबिक रीचार्ज राशि मीटर डेटा मैनेजमेंट सिस्टम (एमडीएमएस) और आरएमएस में फंस जाती है, जिसकी वजह मीटर रीचार्ज नहीं हो पा रहे हैं। पश्चिमांचल विद्युत वितरण निगम में बड़े पैमाने पर उपभोक्ताओं के पॉजिटिव बैलेंस होने के बाद भी उनका रीचार्ज एमडीएम पर नहीं दिख रहा है।
जांच कराई जाए
राज्य विद्युत उपभोक्ता परिषद ने राज्य सरकार और नियामक आयोग से स्मार्ट प्रीपेड मीटर के आईटी सिस्टम के पूरे इंफ्रा की आईटी विशेषज्ञों से जांच करवाने की मांग की है। उपभोक्ता परिषद के अध्यक्ष अवधेश कुमार वर्मा ने कहा कि जब इतने कमांड पर सिस्टम अस्थिर हो गया, तो कल्पना कीजिए कि सभी पांच लाख उपभोक्ताओं ने एकसाथ रीचार्ज किया तो पूरा सिस्टम हैंग हो सकता है। पावर कॉरपोरेशन और निजी ठेकेदारों द्वारा लागू किए गए सिस्टम की लो क्वॉलिटी के कारण बड़े पैमाने पर ब्लैकआउट की संभावना है।
स्मार्ट मीटर के खिलाफ 29 को सड़क पर उतरेंगे व्यापारी
अलीगढ़ में उद्योग व्यापार प्रतिनिधि मंडल उत्तर प्रदेश के पदाधिकारियों की बैठक मनकामेश्वर सेवा सदन खैर रोड पर हुई। बैठक में स्मार्ट मीटर के खिलाफ आंदोलन की रणनीति तय की गई। व्यापारी नेताओं ने कहा कि 29 मार्चको व्यापार मंडल स्मार्ट मीटर के विरोध में आंदोलन करेगा। उन्होंने कहा कि स्मार्ट मीटर की वजह से उपभोक्ता बिजली घरों के चक्कर लगाने को मजबूर हो गए हैं। उपभोक्ताओं की कोई सुनवाई नहीं हो रही है। आम लोगों और व्यापारियों की लाइन काट दी जा जा रही है। इससे लोगों का काफी नुकसान हो रहा है।
लेखक के बारे में
Ajay Singhअजय कुमार सिंह पिछले आठ वर्षों से लाइव हिन्दुस्तान की यूपी टीम में पूर्वांचल के बड़े हिस्से से खबरों का कोआर्डिनेशन देख रहे हैं। वह हिन्दुस्तान ग्रुप से 2010 से जुड़े हैं। पत्रकारिता में 27 वर्षों का लंबा अनुभव रखने वाले अजय ने टीवी, प्रिंट और डिजिटल मीडिया में अपनी एक विशिष्ट पहचान बनाई है। हिन्दुस्तान से पहले वह ईटीवी, इंडिया न्यूज और दैनिक जागरण के लिए अलग-अलग भूमिकाओं में काम कर चुके हैं। अजय राजनीति, क्राइम, सेहत, शिक्षा और पर्यावरण से जुड़ी खबरों को गहराई से कवर करते हैं। बैचलर ऑफ जर्नलिज्म और मास कम्युनिकेशन में पोस्ट ग्रेजुएट अजय फिलहाल लाइव हिन्दुस्तान में असिस्टेंट एडिटर हैं और उत्तर प्रदेश की राजनीति और क्राइम की खबरों पर विशेष फोकस रखते हैं।
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