Hindi NewsUP NewsUPDA officials failed to reach the spot of Minister Baby Rani Maurya s car accident, FIR lodged
मंत्री मैडम की कार एक्सीडेंट पर नहीं पहुंचे यूपीडा अधिकारी तो दर्ज कराई एफआईआर

मंत्री मैडम की कार एक्सीडेंट पर नहीं पहुंचे यूपीडा अधिकारी तो दर्ज कराई एफआईआर

संक्षेप:

यूपी की मंत्री बेबी रानी मौर्य की कार के साथ हुए हादसे के मामले में यूपीडा के अधिकारियों के खिलाफ भी केस दर्ज हो गया है। मंत्री के निजी सचिव की तरफ से यह केस दर्ज कराया गया है। हादसे के बाद मंत्री एक घंटे तक दुर्घटनास्थल पर ही थीं लेकिन यूपीडा का कोई अधिकारी नहीं पहुंचा था।

Mon, 27 Oct 2025 02:57 PMYogesh Yadav फिरोजाबाद वार्ता
share Share
Follow Us on

उत्तर प्रदेश की समाज कल्याण मंत्री बेबी रानी मौर्य की कार हादसे के मामले में नसीरपुर थाने में यूपीडा के अधिकारियों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज करायी गयी है। पिछले शुक्रवार को आगरा लखनऊ एक्सप्रेस वे पर मंत्री की कार दुर्घटनाग्रस्त हो गई थी। जानकारी के बाद भी यूपीडा के अधिकारी मौके पर नहीं पहुंचे। अब मंत्री के निजी सचिव की तरफ से थाना नसीरपुर में यूपीडा के अधिकारियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराई गई है।

LiveHindustan को अपना पसंदीदा Google न्यूज़ सोर्स बनाएं – यहां क्लिक करें।

आगरा लखनऊ एक्सप्रेस वे पर मंत्री बेबी रानी मोर्य की कार हाथरस से लखनऊ जाते समय एक्सप्रेस वे के 56 किलोमीटर पर आगे चल रहे ट्रक के टायर फटने के कारण दुर्घटनाग्रस्त हो गई थी। दुर्घटना में मंत्री की सरकारी गाड़ी क्षतिग्रस्त हो गई थी। दुर्घटना की जानकारी मिलने पर मौके पर पुलिस प्रशासन के अधिकारियों ने पहुंचकर मंत्री को दूसरी कार की व्यवस्था करके लखनऊ के लिए रवाना किया था। इस दौरान मंत्री करीब एक घंटे तक दुर्घटनास्थल पर रही लेकिन यूपीडा का कोई अधिकारी कर्मचारी मौके पर नहीं पहुंचा था। इस पर मंत्री ने यूपीडा के अधिकारियों की लापरवाही पर काफी नाराजगी जाहिर की गई थी।

ये भी पढ़ें:यूपी के कई हिस्सों में बूंदाबादी, पूर्वांचल में इस दिन होगी गरज-चमक के साथ बारिश

मंत्री के निजी सचिव आशीष सिंह द्वारा थाना नसीरपुर में रविवार को यूपीडा के अधिकारियों के खिलाफ यातायात सुरक्षा मानको की लापरवाही को लेकर रिपोर्ट दर्ज कराई गई। रिपोर्ट में यूपीडा टीम पर लापरवाही का आरोप लगाया गया है। कहा गया है कि एक्सप्रेस वे पर चल रहे मरम्मत कार्य के कारण एक दिशा से ही दोनों दिशाओं का संचालन किया जा रहा था मगर किसी भी प्रकार का सुरक्षात्मक डायवर्जन का कोई चिन्ह बोर्ड या रिफ्लेक्टर संकेतक भी नहीं था।

केवल नीले रंग के ड्रमा रख दिए गए थे। जो आम यात्री की सुरक्षा के लिए खतरा थे। इसके साथ ही ट्रक ड्राइवर की लापरवाही के लिए भी रिपोर्ट दर्ज कराई गई है। पुलिस थाना प्रभारी द्वारा संबंधित मामले में जांच कार्रवाई शुरू कर दी गई है।