पांच साल पहले खोए बेटे का होली पर मां से मिलन, दिल्ली पुलिस पर लगे आरोप

हिन्दुस्तान संवाददाता, एटा
Follow us on Google News
share

यूपी के एटा में पांच साल पहले खोए बेटे से मिलने के बाद मां की आंखों में आंसू आ गए। बेटे को पाने के बाद मां की खुशी का ठिकाना नहीं रहा और बेटे से लिपटकर खूब रोई तो बेटा भी मां को देखकर अपने आंसू नहीं रोक पाया। मंगलवार सुबह कार्यालय पहुंचने के बाद बच्चे को घरवालों के सुपुर्द कर दिया।

पांच साल पहले खोए बेटे का होली पर मां से मिलन, दिल्ली पुलिस पर लगे आरोप

यूपी के एटा में पांच साल पहले खोए बेटे से मिलने के बाद मां की आंखों में आंसू आ गए। बेटे को पाने के बाद मां की खुशी का ठिकाना नहीं रहा और बेटे से लिपटकर खूब रोई तो बेटा भी मां को देखकर अपने आंसू नहीं रोक पाया। मंगलवार सुबह कार्यालय पहुंचने के बाद बच्चे को घरवालों के सुपुर्द कर दिया। 25 फरवरी को किशोर को चाइल्ड हेल्पलाइन टीम ने पुलिस की मदद से मुक्त कराया था और किशोर के घरवालों से संपर्क किया।

घरवालों से संपर्क होने के बाद उन्हें फोटो भेजे गए और बताया गया कि बेटा मिल गया और जिले में आने के लिए कहा गया। सोमवार रात को किशोर की मां रजनी, पिता ओमप्रकाश निवासी पीरागढ़ी पश्चिम बिहार थाना नरैला दिल्ली, नाना बल्देराज निवासी आर 448 नरैला दिल्ली आए और मंगलवार सुबह सभी लोग चाइल्ड हेल्पलाइन कार्यालय पहुंचे। कार्यालय में मां ने बेटे को देखा। मां ने बेटे को देखकर गले लगा लिया और दोनों मिलकर खूब रोए।

मां ने बताया कि 22 दिसंबर को बेटा लापता हुआ था और 24 दिसंबर को थाना नरैला में गुमशुदी दर्ज कराई थी। बेटे को पाने के बाद वह काफी खुश है और चाइल्ड हेल्पलाइन प्रभारी ज्योति शर्मा, पर्यवेक्षक श्रीयादव, केस वर्कर सूर्य प्रताप, संस्था ई-केट अध्यक्ष विवेक सिंह, जिला कॉर्डिनेटर अंबरीष कुमार राय का आभार जताया। सभी ने मिलकर बच्चें को खुशी-खुशी घरवालों के साथ रवाना किया।

दिल्ली पुलिस पर आरोप नहीं की कोई मदद

मां ने रोते हुए बताया कि बेटा लापता हुआ। इसके बाद दिल्ली पुलिस को शिकायत की गई। शिकायत करने थाना नरैली दिल्ली पुलिस के पास पहुंची। दो दिन बाद पुलिस ने गुमशुदी दर्ज की थी और उसके बाद कोई भी कार्रवाई नहीं की थी। बेटे की जानकारी लेने जब भी थाने जाती थी पुलिस से एक ही जबाव मिलता था वह खुद भी बच्चें को तलाश करे और पुलिस अपनी कार्रवाई कर रही है। अधिकारियों से भी जाकर मिली थी कोई भी असर नहीं हुआ था। बेटे को पाने की उम्मीद खो दी थी।

Srishti Kunj

लेखक के बारे में

Srishti Kunj

सृष्टि कुंज एक अनुभवी पत्रकार हैं, जिन्हें मीडिया इंडस्ट्री में एक दशक से अधिक का अनुभव है। वर्तमान में वह लाइव हिन्दुस्तान में कार्यरत हैं। उन्होंने पंजाब केसरी ग्रुप के नवोदय टाइम्स और इंडिया न्यूज जैसे प्रतिष्ठित संस्थानों के साथ काम किया है, जहां उन्होंने नेशनल और दिल्ली डेस्क के लिए कंटेंट क्रिएशन और मल्टीमीडिया स्टोरीटेलिंग में अपनी स्किल्स को निखारा है। सृष्टि कुंज लाइव हिन्दुस्तान में लगभग 6 वर्षों से यूपी की टीम संग काम कर रही हैं। 2020 से वह हिन्दुस्तान डिजिटल के लिए उत्तर प्रदेश की राजनीति, क्राइम, स्वास्थ्य, शिक्षा और अन्य बीटों से जुड़ीं खबरें लिखती हैं। सृष्टि ने अपनी स्कूलिंग के बाद एनिमेशन की पढ़ाई की और फिर बतौर एनिमेटर एक विदेशी गेम के लिए कैरेक्टर डिजाइनिंग की। इसके बाद सृष्टि ने मॉस कम्यूनिकेशन और जर्नलिजम में स्नातक की डिग्री हासिल की। एक दशक से डिजिटल पत्रकारिता में सक्रिय सृष्टि ने जर्नलिज्म एंड मास कॉम में डिग्री लेकर पंजाब केसरी ग्रुप के दिल्ली संस्करण नवोदय टाइम्स की डिजिटल टीम के साथ अपने करियर की शुरुआत की थी। 3 साल नवोदय टाइम्स से जुड़े रहने के बाद सृष्टि ने इंडिया न्यूज की डिजिटल टीम (इनखबर) की नेशनल डेस्क के साथ भी काम किया। 2020 से सृष्टि लाइव हिन्दुस्तान की डिजिटल टीम के साथ अब ट्रेंड्स के अनुसार पाठकों तक यूपी की हर खबर को पहुंचा रही हैं।

और पढ़ें
लेटेस्ट Hindi News, Lucknow News, Meerut News, Ghaziabad News, Agra News, Kanpur News , Pareet Yadav Death Live और UP News अपडेट हिंदी में पढ़ने के लिए Live Hindustan App डाउनलोड करें।