
यूनिफाइड पेंशन स्कीम के लिए यूपी के कर्मचारियों को अभी और करना होगा इंतजार, जानें अपडेट
यूपीएस में तय पेंशन राशि दिए जाने का प्रावधान है। केंद्रीय कैबिनेट ने 24 अगस्त 2024 को इसकी मंजूरी दी थी। 24 जनवरी 2025 को इसकी अधिसूचना केंद्रीय कर्मचारियों के लिए जारी कर दी गई। योजना एक अप्रैल 2025 से प्रभावी है। केंद्रीय कर्मचारी एनपीएस से यूपीएस में जाने का विकल्प चुन रहे हैं।
Unified Pension Scheme Updates: नेशनल पेंशन स्कीम (एनपीएस) से यूनिफाइड पेंशन स्कीम (यूपीएस) में जाने की बाट जोह रहे प्रदेश के कर्मचारियों को अभी और इंतजार करना होगा। भले ही केंद्र सरकार ने 24 अगस्त को इसका नोटिफिकेशन जारी कर केंद्रीय कर्मचारियों को यूपीएस चुनने का विकल्प दे दिया है, लेकिन यूपी के कर्मचारी फिलहाल इंतजार कर रहे हैं। जानकारी के मुताबिक, पेंशन फंड नियामक और विकास प्राधिकरण (पीएफआरडीए) योजना की कमियों का आकलन कर रहा है। इसके बाद ही इसे यूपी सरकार को भेजा जाएगा और यहां नोटिफिकेशन जारी होगा।
केंद्र सरकार ने एक अप्रैल 2005 से पुरानी पेंशन स्कीम (ओपीएस) समाप्त करके इसकी जगह नेशनल पेंशन स्कीम शुरू की थी। इस पेंशन योजना के आने के बाद ही सभी राज्यों में कर्मचारी इसका विरोध कर रहे हैं और पुरानी पेंशन योजना फिर से लागू किए जाने की मांग कर रहे हैं। कर्मचारियों के बढ़ते आंदोलन और हिमाचल और छत्तीसगढ़ समेत कई राज्यों के फिर से ओपीएस की तरफ लौटने के बाद केंद्र सरकार ने यूपीएस की घोषणा की थी। इसमें तय पेंशन राशि दिए जाने का प्रावधान है। केंद्रीय कैबिनेट ने 24 अगस्त 2024 को इसकी मंजूरी दी थी और 24 जनवरी 2025 को इसकी अधिसूचना केंद्रीय कर्मचारियों के लिए जारी कर दी थी। योजना एक अप्रैल 2025 से प्रभावी है। केंद्र सरकार से नोटिफिकेशन जारी होने के बाद केंद्रीय कर्मचारी एनपीएस से यूपीएस में जाने का विकल्प चुन रहे हैं।
क्या बोले अधिकारी
अपर मुख्य सचिव वित्त दीपक कुमार ने बताया कि भी पीएफआरडीए ने अधिसूचना नहीं भेजी है। केवल महाराष्ट्र में ही नोटिफिकेशन जारी हुआ था, लेकिन वहां भी योजना प्रभावी तौर पर लागू नहीं हो सकी। पीएफआरडीए अभी योजना का आकलन करके उसे दूर कर रहा है।
यूपीएस और एनपीएस में क्या अंतर
बिंदु यूपीएस एनपीएस
प्रकृति निश्चित पेंशन बाजार आधारित
जोखिम बहुत कम शेयर बाजार पर निर्भर
पेंशन राशि न्यूनतम ₹10 हजार रुपये/माह जमा राशि और निवेश पर निर्भर
(दस वर्ष की सेवा के बाद)
योगदान कर्मचारी और सरकार कर्मचारी और सरकार





