
कच्छा बनियानधारी बदमाशों ने गोली मार की पूर्व ग्राम प्रधान की हत्या, पैदल ही हो गए फरार
बुलंदशहर में पूर्व प्रधान की कनपटी पर गोली मारकर हत्या की गई। औरंगाबाद क्षेत्र के गांव दौलताबाद में शुक्रवार रात कच्छा बनियानधारी बदमाशों ने वारदात को अंजाम दिया। पुलिस ने दो को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू की है।
यूपी के बुलंदशहर में क्षेत्र के गांव दौलताबाद में शुक्रवार रात पूर्व ग्राम प्रधान की कच्छा बनियानधारी दो बदमाशों ने कनपटी पर गोली मारकर हत्या कर दी। वारदात के बाद आरोपी पैदल ही फरार हो गए। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। पुलिस ने घटनास्थल से पिस्टल और खाली खोखा बरामद किया है। वारदात के वक्त पूर्व प्रधान तहेरे भाई के साथ बाइक से घर लौट रहे थे। एसएसपी समेत आला अधिकारियों ने घटना स्थल का निरीक्षण किया। पुलिस ने दो लोगों को हिरासत में लिया है।

गांव दौलताबाद निवासी संजय चौधरी (52 वर्ष) पुत्र बिजेंद्र चौधरी पूर्व प्रधान थे। गांव के बाहर प्राथमिक विद्यालय के बराबर में घर है। शुक्रवार रात करीब 11.30 बजे गांव से तहेरे भाई जितेंद्र चौधरी के साथ बाइक से घर लौट रहे थे। जैसे ही वह गांव के बाहरी छोर पर बने तालाब के पास पहुंचे, तभी पहले से घात लगाए बैठे दो कच्छा बनियानधारी बदमाशों ने बाइक रोककर पूर्व प्रधान संजय चौधरी के कनपटी पर गोली मार दी। गोली लगते ही संजय चौधरी की मौके पर ही मौत हो गई। हमलावर हत्या की वारदात को अंजाम देकर फरार हो गए। हत्या की सूचना मिलते ही परिजन और ग्रामीण मौके पर पहुंचे। एसएसपी दिनेश कुमार सिंह, एसपी सिटी शंकर प्रसाद, एएसपी रिजुल, सीओ स्याना प्रखर पांडेय छह थानों की फोर्स के साथ घटनास्थल पर पहुंचे और बारीकी से निरीक्षण किया। फॉरेंसिक टीम ने घटनास्थल से साक्ष्य एकत्रित किए हैं।
पत्नी टीचर, बेटे सॉफ्टवेयर इंजीनियर
पूर्व प्रधान संजय चौधरी की पत्नी बबीता चौधरी गाजियाबाद के क्रॉसिंग रिपब्लिक क्षेत्र में दोनों बेटों के साथ रहती हैं। बबीता चौधरी गाजियाबाद के दिल्ली पब्लिक स्कूल में टीचर हैं। जबकि बेटे शिवम चौधरी और अक्षत चौधरी सॉफ्टवेयर इंजीनियर है। पूर्व प्रधान गांव में ही अपनी 85 वर्षीय मां जगवीरी देवी के साथ रहते थे।
चार दिन से गांव में देखे जा रहे बदमाश
गांव दौलताबाद निवासी शिवम कुमार ने बताया कि उनकी गांव के बाहरी छोर पर दूध की डेरी है। पिछले चार दिन से रात्रि में रोजाना बदमाश आ रहे हैं। डर की वजह से घर की छत पर तिरपाल डालकर पूरा परिवार सो रहा है। ताकि घर की छत से डेरी की निगरानी की जा सके।
तमंचे से मारी थी गोली, आखिर पिस्टल कैसे हुई बरामद?
थाना क्षेत्र के गांव दौलताबाद निवासी पूर्व प्रधान संजय चौधरी के साथ तहेरे भाई जितेंद्र साए की तरह हमेशा उनके साथ रहते थे। घटना के वक्त हत्या के चश्मदीद जितेंद्र उन्हीं के ही साथ बाइक पर मौजूद थे। बदमाशों ने केवल पूर्व प्रधान की तमंचे से गोली मारकर हत्या कर दी, जबकि उनके पीछे बैठे जितेंद्र को हाथ तक नहीं लगाया। यह बात ग्रामीणों को हजम नहीं हो रही है।
संजय चौधरी ने गांव के ही अमित को अपनी जमीन लगान पर दे रखी थी। पुलिस ने बताया कि जितेंद्र के अनुसार दोनों बाइक से घर जा रहे थे। रास्ते में घर से करीब चार सौ मीटर पहले दो युवक मिले। पूर्व प्रधान ने उन्हें टोका तो एक ने तमंचे से सीधी उनमें गोली मार दी। सवाल है कि हत्या तमंचे से हुई है तो आखिर पुलिस को मौके पर पिस्टल कैसे बरामद हुई? यह पुलिस जांच का विषय है। पुलिस ने रात में ही दोनों को हिरासत में ले लिया था। पुलिस दोनों से पूछताछ कर रही है। हालांकि परिजन और ग्रामीण किसी भी रंजिश से इनकार कर रहे हैं। पूर्व प्रधान की हत्या के बाद गांव में पुलिस की लापरवाही देखने को मिली है।
प्रधानी चुनाव लड़ने की तैयारी में थे संजय
ग्रामीणों ने बताया कि पूर्व प्रधान संजय चौधरी बेहद मिलनसार थे। वे इस बार ग्राम प्रधानी का चुनाव लड़ने की तैयारी कर रहे थे। वारदात से पहले भी वे कई घरों में बैठकर आए थे। रोजाना दस बजे के बाद ही गांव में होकर घर पहुंचते थे। करीब बीस वर्ष तक प्रधानी उनके खानदान के लोगों ने की है। संजय चौधरी वर्ष 2010 से 2015 तक दौलताबाद-रामगढ़ के प्रधान रहे थे।
एसएसपी, दिनेश कुमार सिंह ने बताा कि तहेरे भाई समेत दो लोगों को हिरासत में लिया गया है। घटना के खुलासे को चार टीमों को लगाया गया है। जल्द ही घटना का खुलासा का दिया जाएगा। घटना में आसपास के हमलावरों के होने का अंदेशा है।





