
मां को दफना रहे बेटे को कब्रिस्तान से खींचकर हत्या, 6 साल पहले चचेरे भाइयों ने किया था हत्या का ऐलान
यूपी के बागपत शहर में बुधवार को सनसनीखेज वारदात सामने आई। यहां इंतकाल के बाद मां को सुपुर्द ए खाक किए जाने के दौरान बेटे को कब्रिस्तान से खींचकर ईंटों से सिर कुचलकर हत्या कर दी गई। वारदात पर गुस्साए लोगों ने हंगामा कर दिया।
यूपी के बागपत शहर में बुधवार को सनसनीखेज वारदात सामने आई। यहां इंतकाल के बाद मां को सुपुर्द ए खाक किए जाने के दौरान बेटे को कब्रिस्तान से खींचकर ईंटों से सिर कुचलकर हत्या कर दी गई। वारदात पर गुस्साए लोगों ने हंगामा कर दिया। छह वर्ष पहले युवक चचेरे भाई की पत्नी को ले गया था और उसके साथ निकाह करके सहारनपुर में रह रहा था। इसी विवाद में वारदात हुई है।
ईदगाह मोहल्ले की झंकार गली में उमरदीन का परिवार रहता है। मोहल्ले के लोगों ने बताया कि करीब छह वर्ष पहले उमरदीन का छोटा बेटा नफीस चाचा के लड़के की पत्नी को भगा ले गया था। दोनों निकाह कर सहारनपुर में रह रहे थे। बुधवार सुबह नफीस की मां मकसूदी का इंतकाल हो गया। जानकारी होने पर नफीस बागपत आया था। दोपहर के समय मकसूदी का जनाजा कब्रिस्तान ले जाया गया। जनाजे की नमाज के बाद नफीस लोगों की भीड़ से निकलकर कब्रिस्तान की चारदीवारी के गेट की तरफ आ गया।
आरोप है कि इसी बीच नफीस के चचेरे भाइयों, उनके बेटों और दामाद ने उसको कब्रिस्तान से बाहर खींचकर सड़क पर ले आए। इसके बाद सभी ने ईंटों से प्रहार कर उसके सिर को बुरी तरह कुचल दिया। सूचना पर पहुंची पुलिस खून से लथपथ नफीस को लेकर सीएचसी पहुंची, जहां चिकित्सकों ने उसको मृत घोषित कर दिया। सैकड़ों लोगों की भीड़ सीएचसी पर पहुंच गई और हत्यारोपियों की गिरफ्तारी की मांग को लेकर हंगामा करने लगी।
पुलिस ने जैसे-तैसे पीछे के रास्ते से निकलकर नफीस के शव को पोस्टमार्टम के लिए भिजवाया। मृतक नफीस के पुत्र अरमान ने 11 लोगों को नामजद करते हुए कोतवाली पर तहरीर दी है। पुलिस ने मुख्य आरोपी मोहसिन को गिरफ्तार कर लिया है। एसपी बागपत, सूरज कुमार राय ने कहा कि युवक की पीटकर हत्या में मृतक के पुत्र की तहरीर पर मुकदमा दर्ज किया गया है। जल्द ही नामजद हत्यारोपियों को गिरफ्तार कर लिया जाएगा।
ऐलानिया हुआ कत्ल, बागपत आते ही मार डाला
पत्नी को भगाकर ले जाने के बाद चचेरे भाई ने मृतक युवक को धमकी दी थी कि जिस दिन तू बागपत आएगा, उसी दिन तुझे मार डालेंगे। जिंदा रहना चाहता है, तो कभी भूलकर भी बागपत मत आना। छह साल पुरानी धमकी को भूलकर नफीस बुधवार को मां की मौत के बाद उसके दफीने में शामिल होने बागपत आया, तो चचेरे भाइयों ने उसे मौत की नींद सुला दिया।
दरअसल, ईदगाह मोहल्ले का रहने वाले नफीस की शादी कूकड़ा मुजफ्फरनगर की रहने वाली यासमीन के साथ हुई थी। यासमीन ने तीन बच्चों को जन्म दिया था। कुछ दिनों बाद ही उसकी मौत हो गई थी। यासमीन की मौत के बाद नफीस का दिल अपने चचेरे भाई शौकिन की पत्नी सब्बो पर आ गया था। सब्बो भी चार बच्चों की मां थी। कुछ दिनों बाद ही नफीस सब्बो को लेकर बागपत से फरार हो गया था। जिसके बाद दोनों ने निकाह कर लिया था।
शौकिन को जब इसका पता चला, तो उसने नफीस को धमकी दी कि अब कभी भूलकर बागपत में कदम मत रखना। जिस दिन तू बागपत आ गया, उसी दिन तेरी हत्या कर दूंगा। परिजनों ने बताया कि इस धमकी से डरा-सहमा नफीस छह वर्षों तक बागपत में नहीं आया, लेकिन बुधवार को उसकी मां का इंतकाल हो गया।
जैसे ही कब्रिस्तान में जनाजे की नमाज होने लगी, तो चचेरे भाई शौकिन ने अपने पिता व अन्य भाइयों, बेटों और अपने जीजा के साथ मिल नफीस को कब्रिस्तान से बाहर खींच लिया और सभी ने धारदार हथियार और ईंटों से कुचलकर नफीस की हत्या कर दी। कोतवाली प्रभारी डीके त्यागी का कहना है कि महिला को भगाकर ले जाने के बाद से नफीस और शौकीन में रंजिश चली आ रही थी। बुधवार को नफीस बागपत आया, तो चचेरे भाइयों ने उसे घेर लिया और उसकी हत्या कर दी।
चार बच्चों को छोड़कर नफीस के साथ गई थी सब्बो
शौकीन की पत्नी सब्बो चार बच्चों की मां थी लेकिन उसका दिल नफीस पर आ गया था। नफीस भी पत्नी की मौत के बाद सब्बो के प्यार में पागल हो गया था। नफीस की पहली पत्नी यासमीन से तीन बच्चें है, जिनमें दो बेटे और एक बेटी शामिल है। वहीं, सब्बो के दो बेटे और दो बेटियां है। फिर भी बच्चों को छोडकर नफीस और सब्बो फरार हो गए थे। जिसके बाद दोनों ने निकाह रचा लिया था। निकाह रचाने के बाद नफीस और सब्बो सहारनपुर में रह रहे थे। नफीस वहां पौधों की नर्सरी में काम करता था। परिजनों ने बताया कि नफीस के बच्चे दादी मकसूदी के पास रह रहे थे, जबकि सब्बो के बच्चे पिता शौकीन के पास।
जाम लगाने की दी धमकी, पुलिस के फूल गए हाथ-पांव
हंगामा कर रहे लोगों ने मृतक के शव को राष्ट्र वंदना चौक पर ले जाकर जाम लगाने की धमकी दी। उनका कहना था कि जब तक हत्यारोपी गिरफ्तार नहीं हो जाते, तब तक वे नफीस का शव नहीं उठने देंगे। शव को वंदना चौक पर रखकर हाइवे जाम करेंगे। तभी पुलिस हत्यारोपियों को गिरफ्तार करेगी। जाम लगाए जाने की धमकी मिलते ही पुलिस के हाथ-पांव फूल गए। उसने परिजनों को जल्द से जल्द हत्यारोपियों को गिरफ्तार करने का आश्वासन दिया।
पुलिस से शव छीनने का किया प्रयास, मचा हड़कंप
पुलिस जैसे ही मृतक नफीस का शव लेकर बागपत सीएचसी पर पहुंची, तो मोहल्ले और परिवार के सैकड़ों लोग पहुंच गए। घटना से गुस्साएं परिजनों ने हत्यारोपियों की गिरफ्तारी की मांग करते हुए हंगामा किया। इसी बीच कुछ लोगों ने पुलिस से नफीस का शव छीनने का भी प्रयास किया। जिससे वहां हड़कंप मच गया। आनन-फानन में कोतवाली से अतिरिक्त पुलिस बल बुलवाया गया। जिसके बाद पुलिस ने इमरजेंसी कक्ष अंदर से बंद कर लिया। इसके बाद नफीस के शव को पोस्टमार्टम बैग में रखा और फिर पीछे के रास्ते से शव को एंबुलेंस तक पहुंचाया।
मुख्य हत्यारोपी पुलिस ने किया गिरफ्तार
बागपत शहर के ईदगाह मोहल्ले की झंकार गली निवासी नफीस की हत्या शामिल मुख्य हत्यारोपी मोहसिन को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। मोहसिन ने नफीस की हत्या करने की बात स्वीकार कर ली है। मोहसिन ने पुलिस पूछताछ में बताया कि नफीस उसकी मां को भगाकर ले गया था। जिसके बाद नफीस ने उसकी माँ के साथ निकाह कर लिया था। इसी बात को लेकर उसका पिता और परिजन परेशान बने हुए थे। नफीस को बागपत न आने के लिए कहां गया था, लेकिन वह यहां आ गया था। जिसके बाद पापा ओर भाइयों के साथ मिलकर उसकी हत्या कर दी गईं।





