
UP Assembly Session LIVE: धूल चेहरे पर थी…, योगी का शायरी से पलटवार, तस्वीर लेकर पहुंचे डिप्टी सीएम
UP Assembly Session LIVE: यूपी विधानसभा का शीतकालीन सत्र शुरू हो गया है। सत्र से पहले ही सपा विधायक कफ सिरप के पोस्टर बैनर के साथ पहुंचे तो दूसरी तरफ योगी ने इसे लेकर पलटवार किया। योगी के पलटवार का जवाब भी उसी अंदाज में दिया है।
UP Assembly Session LIVE: यूपी विधानसभा का शीतकालीन सत्र शुरू हो गया है। सत्र में इस बार कोडिन युक्त कफ सिरप कांड छाए रहने की पहले से उम्मीद तो थी लेकिन इससे पहले ही यह छा गया है। एक तरफ सपा विधायक कफ सिरप को पोस्टर बैनर के साथ पहुंचे तो दूसरी तरफ योगी ने इसे लेकर पलटवार किया। विधानसभा में जाने से पहले मीडिया को संबोधित करते हुए सीएम योगी ने कहा कि जांच होने दीजिए, दूध का दूध और पानी का पानी हो जाएगा। सीएम योगी ने कहा कि सपा से जुड़े लोगों की तस्वीरें आरोपी के साथ हैं। कहा कि सपा प्रमुख की स्थिति ऐसी है कि “यही कसूर मैं बार-बार करता रहा, धूल चेहरे पर थी, आईना साफ करता रहा। योगी के पलटवार का जवाब अखिलेश ने भी उसी अंदाज में दिया है।
विधानसभा के शीतकालीन सत्र के प्रारंभ से पहले मुख्यमंत्री ने कहा कि यह बात हर व्यक्ति जानता है कि प्रदेश के लगभग हर माफिया के संबंध समाजवादी पार्टी से रहे हैं। उन्होंने कहा कि प्रारंभिक जांच में यह तथ्य सामने आए हैं कि एसटीएफ या उत्तर प्रदेश पुलिस की कार्रवाई में पकड़े गए कुछ अभियुक्तों के संबंध समाजवादी पार्टी से रहे हैं। समाजवादी पार्टी, जो अपनी कार्यप्रणाली के लिए पहले से ही बदनाम और कुख्यात रही है, इस पूरे मामले में भी अपनी संलिप्तता उजागर होते हुए देखेगी।
शिक्षा के स्तर में गिरावट का आरोप लगाकर सपा ने विधान परिषद में की नारेबाजी
यूपी में शिक्षा के स्तर में गिरावट का आरोप लगाकर विधान परिषद में समाजवादी पार्टी के सदस्यों ने जमकर नारेबाजी की तत्पश्चात सदन से बहिर्गमन किया। इससे पूर्व शून्यकाल में कार्यस्थगन प्रस्ताव के तहत सपा सदस्य आशुतोष सिन्हा, डा. मानसिंह यादव, मुकुल यादव तथा लाल बिहारी यादव ने इस मुद्दे को उठाते हुए आरोप लगाया कि सरकार की गलत नीतियों के कारण प्रदेश में शिक्षा का स्तर दिन-प्रतिदिन गिरता जा रहा है। सरकार बच्चों को भी शिक्षा से दूर कर रही है। प्राथमिक विद्यालयों में बुनियादी सुविधाओं के कारण शिक्षा का स्तर दिन-प्रतिदिन गिरता चला जा रहा है। बेसिक शिक्षा के हजारों प्राथमिक स्कूलों जिसमें छात्रों की संख्या 50 से कम है, उनको बन्द कर उनके शिक्षकों व छात्रों को मर्ज किया जा रहा है। योजना विभाग के आंकड़ों के अनुसार 2021-22 के आंकड़ों के मुताबिक प्रदेश में 1,40,000 प्राथमिक स्कूल हैं जबकि वर्ष 2015-16 में करीब 1,62, 645 प्राथमिक विद्यालय थे। आशुतोष सिन्हा ने आरोप लगाया कि शिक्षकों को नौकरी से बाहर करने की साजिश की जा रही है जबकि नेता प्रतिपक्ष लालबिहारी यादव ने कहा कि 9508 विद्यालय एकल विधालय है।
कैशलेस चिकित्सा सुविधा का शासनादेश जल्द होगा जारी: केशव प्रसाद
विधान परिषद में शुक्रवार को सरकार की ओर से आश्वासन दिया गया कि बीते 5 सितम्बर को मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ द्वारा शिक्षकों, शिक्षामित्रों व अनुदेशकों को कैशलेस इलाज की सुविधा दिए जाने की जो घोषणा की गई थी, उसका शासनादेश अतिशीघ्र जारी किया जाएगा।सरकार की ओर से नेता सदन केशव प्रसाद मौर्या ने कहा कि मुख्यमंत्री द्वारा की जाने वाली घोषणा का मतलब ही होता है कि उस घोषणा को लागू किया जाएगा। सरकार जल्द ही मुख्यमंत्री द्वारा शिक्षकों, शिक्षामित्रों व अनुदेशकों के लिए की गई घोषणा को अक्षरश: पालन करेगी और इस बारे में शीघ्र ही शासनादेश जारी किया जाएगा।
कफ सिरप के वांछितों की सपा मुखिया के साथ तस्वीर लेकर पहुंचे डिप्टी सीएम
कोडीन कफ सिरप मामले में शुक्रवार को डिप्टी सीएम ब्रजेश पाठक ने नया खुलासा किया है। कफ सिरप में वांछित लोगों के समाजवादी पार्टी के मुखिया के तस्वीर मीडिया से साझा की। डिप्टी सीएम ने कहा कि सपा मुखिया के दाएं और बाएं खड़े कफ सिरप में वांछित लोगों से क्या रिश्ते हें? इसे स्पष्ट करें। डिप्टी सीएम ब्रजेश पाठक पत्रकारों के सवालों के जवाब दे रहे थे। सपा कफ सिरप के वांछितों को क्यों सम्मान देने का काम कर रही है? ये लोग प्रदेश सरकार को बदनाम कर रहे हैं। ये समूह सपा के सदस्य हैं। इनका पालन पोषण सपा ने किया है। उप मुख्यमंत्री श्री ब्रजेश पाठक ने कहा कि समाजवादी पार्टी अपना पाप सरकार पर मड़ रही है। सरकार कफ सिरप मामले की निष्पक्ष जांच करा रही है। जल्द ही जांच में दूध का दूध और पानी का पानी हो जाएगा।
‘वंदे मातरम्’ के 150 वर्ष पूर्ण होने पर होगी चर्चा: सीएम योगी
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने बताया कि शीतकालीन सत्र आज से प्रारंभ होकर 24 दिसंबर तक चलेगा। उन्होंने कहा कि सत्र में भाग लेने के लिए आ रहे सभी माननीय सदस्यों का स्वागत है। मुख्यमंत्री ने कहा कि इस सत्र के दौरान माननीय सदस्य जनता से जुड़े मुद्दों को उठाएंगे, उत्तर प्रदेश के विकास से संबंधित विधायी कार्यों को आगे बढ़ाया जाएगा तथा विभिन्न विभागों की अनुपूरक मांगों पर भी चर्चा होगी। उन्होंने बताया कि इस अवसर पर राष्ट्रगीत ‘वंदे मातरम्’ के 150 वर्ष पूर्ण होने के उपलक्ष्य में एक महत्वपूर्ण चर्चा आयोजित की जाएगी तथा इसके रचयिता बंकिमचंद्र चट्टोपाध्याय के प्रति आभार व्यक्त किया जाएगा। उत्तर प्रदेश की स्थापना-तिथि और ‘वंदे मातरम्’ को संविधान के अनुसार मान्यता दिए जाने की अधिसूचना की तिथि एक ही है, ऐसे में इस विषय पर विधानमंडल में चर्चा अत्यंत महत्वपूर्ण होगी। मुख्यमंत्री ने कहा कि विधानसभा में आज संभवतः कोई कार्रवाई नहीं हो पाएगी, क्योंकि विधानसभा के एक वर्तमान सदस्य के आकस्मिक निधन के कारण शोक प्रस्ताव रखा जाएगा। हालांकि, यदि विधान परिषद में कोई मुद्दा उठता है तो नेता सदन इस पर सरकार का पक्ष रखेंगे। इसके अतिरिक्त, यदि बाहर भी कोई इस विषय पर प्रश्न उठाएगा तो सरकार की ओर से समुचित उत्तर दिया जाएगा।
जब ख़ुद फंस जाओ तो… अखिलेश ने ऐसे दिया जवाब
मुख्यमंत्री के शायरी वाले पलटवार का अखिलेश यादव ने भी उसी अंदाज में जवाब दिया है। अखिलेश ने एक्स पर लिखा कि जब ‘ख़ुद’ फंस जाओ, तो दूसरे पर इल्ज़ाम लगाओ। ये खेल हुआ पुराना, हुक्मरान कोई नई बात बताओ।
निधन प्रस्ताव के बाद विधानसभा की कार्यवाही सोमवार तक स्थगित
यूपी विधानमंडल के शीतकालीन सत्र के पहले दिन विधानसभा में घोसी विधायक सुधाकर सिंह के निधन पर शोक प्रस्ताव पारित किया गया। इसके बाद सदन की कार्यवाही सोमवार सुबह तक के लिए स्थगित कर दी गई। हालांकि, विधान परिषद की कार्यवाही चल रही है। घोसी से सपा के विधायक सुधाकर सिंह के निधन पर शोक प्रस्ताव पर बोलते हुए सीएम योगी ने कहा कि सुधाकर सिंह जनता के कल्याण के लिए समर्पित रहे। उनके निधन से अपूर्णीय क्षति हुई है। परिवारजनों के प्रति संवेदना व्यक्त करता हूं।
नेता प्रतिपक्ष माता प्रसाद पांडेय ने कहा कि सुधाकर सिंह युवा अवस्था से ही समाज सेवा में लगे रहते थे l देर रात तक भी जनता की सुनवाई करते थे। अन्याय के खिलाफ संघर्ष करते रहे। उनकी लोकप्रियता के कारण उपचुनाव में जनता ने भारी बहुमत से जीताकर भेजा। उनके जाने से सपा को क्षति हुई है। उसे उनकी कार्यों और लोकप्रियता से पूरी करेंगे। अपना दल के नेता रामनिवास वर्मा और जनसत्ता दल के रघुराज प्रताप सिंह ने भी शोक व्यक्त किया। शोक प्रस्ताव पारित होने के बाद विधानसभा की कार्यवाही सोमवार सुबह 11 बजे तक के लिए स्थगित कर दिया।
कफ सिरप का पोस्टर और बैनर पहनकर आए सपा विधायक
विधानमंडल के सत्र में भाग लेने के लिए शिकोहाबाद से सपा विधायक मुकेश वर्मा कोडीन कफ सिरप का पोस्टर पहनकर विधानसभा पहुंचे। पूछा कि आखिर कोडीन कफ सिरप की तस्करी करने वालों पर बुलडोजर कब चलेगा। काली कमाई में सत्ता पक्ष के लोग भी शामिल हैं। पुलिस-प्रशासन छोटी मछलियों को गिरफ्तार कर रहा है, जबकि बड़ों पर हाथ नहीं डाल रहा। वहीं, वाराणसी से सपा एमएलसी आशुतोष सिन्हा साइकिल पर कफ सिरप की शीशी के कट आउट को लेकर पहुंचे। आरोप लगाया कि इस केस में बड़े लोग शामिल हैं। पहले कालीन भैया सुनते थे, अब कोडीन भैया आ गए हैं। सरकार कार्रवाई नहीं कर रही। बुलडोजर दिखाई नहीं पड़ रहा।
योगी बोले- दूध का दूध, पानी का पानी होगा
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि इस विषय में पूरी रिपोर्ट आने के बाद ही अंतिम रूप से कुछ कहा जा सकता है, लेकिन इतना अवश्य कहा जा सकता है कि सपा प्रमुख द्वारा जो बातें कही जा रही हैं, उनकी स्थिति वही है, जैसा कि इस पंक्ति में कहा गया है: “यही कसूर मैं बार-बार करता रहा, धूल चेहरे पर थी, आईना साफ करता रहा।” यानी, जिन माफियाओं के साथ उनकी तस्वीरें सामने आ रही हैं, स्वाभाविक रूप से अवैध लेन-देन में उनकी संलिप्तता कहीं न कहीं सामने आएगी। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि जांच होने दीजिए, दूध का दूध और पानी का पानी हो जाएगा।
कोडीन मामले पर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने रखा पक्ष
कोडीन मामले पर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि कोडीन फॉस्फेट एनडीपीएस अधिनियम के अंतर्गत आने वाली एक औषधि है। इसका उपयोग कोडीन-युक्त कफ सिरप के निर्माण में किया जाता है, जो गंभीर खांसी के उपचार में प्रयुक्त होता है। इसका कोटा और आवंटन सेंट्रल नारकोटिक्स ब्यूरो द्वारा केवल अधिकृत औषधि निर्माण के लिए ही किया जाता है। उन्होंने कहा कि यह कफ सिरप कई स्थानों पर नशीले पदार्थ के रूप में दुरुपयोग किया जा रहा था। अवैध तस्करी की शिकायतें मिलने के बाद उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा कार्रवाई की गई।
उत्तर प्रदेश पुलिस और खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन (एफएसडीए) के नेतृत्व में इसे एनडीपीएस अधिनियम के अंतर्गत मानते हुए कार्रवाई प्रारंभ की गई। मुख्यमंत्री ने बताया कि यह कार्रवाई एफएसडीए, यूपी पुलिस और एसटीएफ द्वारा की जा रही है, जिसमें अब तक बड़े पैमाने पर अवैध तस्करी के मामलों का खुलासा हुआ है और व्यापक गिरफ्तारियां भी की गई हैं। उन्होंने कहा कि इस पूरे मामले की निगरानी एक राज्य-स्तरीय एसआईटी कर रही है, जिसमें यूपी पुलिस और एफएसडीए के अधिकारी शामिल हैं। अवैध तस्करी से जुड़े महत्वपूर्ण पहलुओं, जैसे धन कहां-कहां गया, इन सभी तथ्यों का भी खुलासा होगा।
ब्रजेश पाठक ने कफ सिरप वालों की तस्वीर अखिलेश के साथ दिखाई
कफ सिरप को लेकर डिप्टी सीएम ब्रजेश पाठक ने भी सपा और अखिलेश यादव पर पलटवार किया। उन्होंने एक तस्वीर दिखादे हुए कहा कि वांछित आरोपी अखिलेश के साथ दिखाई दे रहे हैं। डिप्टी सीएम ने कहा- ये तो वही बात हो गई, चोर की दाढ़ी में तिनका। ब्रजेश पाठक ने कहा कि पूरी की पूरी समाजवादी पार्टी सनातन संस्कृति के खिलाफ जितने भी बयान दे सकती है, देती है... हमारा मानना है कि ये लोग अखबार की सुर्खियां बटोरने के लिए इस प्रकार की बयानबाजी करते रहते हैं... ये सब वे तुष्टीकरण की राजनीति के तहत करते हैं।
24 दिसंबर तक चलेगा शीतकालीन सत्र
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने बताया कि शीतकालीन सत्र आज से प्रारंभ होकर 24 दिसंबर तक चलेगा। उन्होंने कहा कि सत्र में भाग लेने के लिए आ रहे सभी माननीय सदस्यों का स्वागत है। मुख्यमंत्री ने कहा कि इस सत्र के दौरान माननीय सदस्य जनता से जुड़े मुद्दों को उठाएंगे, उत्तर प्रदेश के विकास से संबंधित विधायी कार्यों को आगे बढ़ाया जाएगा तथा विभिन्न विभागों की अनुपूरक मांगों पर भी चर्चा होगी। उन्होंने बताया कि इस अवसर पर राष्ट्रगीत ‘वंदे मातरम्’ के 150 वर्ष पूर्ण होने के उपलक्ष्य में एक महत्वपूर्ण चर्चा आयोजित की जाएगी तथा इसके रचयिता बंकिमचंद्र चट्टोपाध्याय के प्रति आभार व्यक्त किया जाएगा।
उत्तर प्रदेश की स्थापना-तिथि और ‘वंदे मातरम्’ को संविधान के अनुसार मान्यता दिए जाने की अधिसूचना की तिथि एक ही है, ऐसे में इस विषय पर विधानमंडल में चर्चा अत्यंत महत्वपूर्ण होगी। मुख्यमंत्री ने कहा कि विधानसभा में आज संभवतः कोई कार्रवाई नहीं हो पाएगी, क्योंकि विधानसभा के एक वर्तमान सदस्य के आकस्मिक निधन के कारण शोक प्रस्ताव रखा जाएगा। हालांकि, यदि विधान परिषद में कोई मुद्दा उठता है तो नेता सदन इस पर सरकार का पक्ष रखेंगे। इसके अतिरिक्त, यदि बाहर भी कोई इस विषय पर प्रश्न उठाएगा तो सरकार की ओर से समुचित उत्तर दिया जाएगा।
सरकार सभी मुद्दों पर चर्चा को तैयार
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि सर्वदलीय बैठक में यह स्पष्ट किया गया है कि सरकार सभी मुद्दों पर चर्चा कराने को पूरी तरह तैयार है। सरकार विकास से जुड़े विषयों पर सकारात्मक दृष्टिकोण रखती है और विधानसभा सत्र के सुचारु संचालन के लिए सभी दलों के सहयोग की अपेक्षा करती है। उन्होंने कहा कि देश का सबसे बड़ा विधानमंडल लगातार सही दिशा में आगे बढ़ रहा है। जब लोकतंत्र से जुड़े पवित्र स्थल चर्चा और परिचर्चा के केंद्र बनते हैं, तब जनप्रतिनिधि जनविश्वास पर खरा उतरता है।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने बताया कि सरकार की इच्छा थी कि सत्र अधिक दिनों तक चले, लेकिन वर्तमान में अधिकांश जनप्रतिनिधि मतदाता सूची के विशेष पुनरीक्षण कार्यक्रम से जुड़े कार्यों में व्यस्त हैं, जो लोकतंत्र की शुचिता और पारदर्शिता के लिए अत्यंत आवश्यक है। इसी कारण आवश्यक विधायी कार्यों, अनुपूरक मांगों और ‘वंदे मातरम्’ पर चर्चा के लिए सत्र अवधि आज से 24 दिसंबर तक निर्धारित की गई है। मुख्यमंत्री ने विश्वास जताया कि यह सत्र उत्तर प्रदेश विधानमंडल और राज्य के विकास के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण सिद्ध होगा।

लेखक के बारे में
Yogesh Yadavयोगेश यादव हिन्दुस्तान में डिप्टी न्यूज एडिटर के पद पर हैं।
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