
दो आधार, फर्जी विजिटिंग कार्ड, डिप्टी सीएम केशव मौर्य से मिलने पहुंचे युवक के खुले कई राज
लखनऊ में डिप्टी सीएम केशव प्रसाद मौर्य से मिलने के दौरान गिरफ्तार किए गए युवक के कई राज खुल रहे हैं। उसके पास से पुलिस ने दो पते पर जारी दो आधार कार्ड और फर्जी विजिटिंग कार्ड बरामद किया है। केशव से पहले वह एक मंत्री से भी मिला था।
खुद को दिल्ली के भाजपा प्रदेश अध्यक्ष का प्रतिनिधि बताकर डिप्टी सीएम केशव प्रसाद मौर्य से मिलने पहुंचे दशरथ पाल के कई राज सामने आ रहे हैं। केशव के यहां आने से पहले एक मंत्री के आवास पर जाकर मिला था। उसके साथ आए जेवर की विलासपुर नगर पंचायत के चेयरमैन के पति के अलावा एक व्यवसायी और ड्राइवर की भी उनसे मुलाकात कराई थी। उसके पास से दो अलग-अलग नाम पते के आधार कार्ड मिले हैं। दोनों पर फोटो आरोपी की ही लगी है। फिलहाल गौतमपल्ली पुलिस ने उसे जेल भेज दिया है। उसके फोन को पुलिस ने कब्जे में लेकर जांच के लिए फोरेंसिक लैब भेजा है। माना जा रहा है कि उससे भी कई राज खुल सकते हैं।
इंस्पेक्टर गौतमपल्ली रत्नेश कुमार सिंह के मुताबिक गिरफ्तार जालसाज दशरथ पाल को जेल भेज दिया गया है। वह नोएडा के दादरी इलाके के होड़ी बछेड़ी गांव का रहने वाला है। वह अपने साथ गुरुवार को नगर पंचायत की चेयरमैन लता सिंह के पति संजय सिंह, व्यवसायी भान सिंह और एक ड्राइवर को लाया था। तीनों पर रौब झाड़कर उन्हें मंत्रियों से मिलवाने की बात कहकर आया था। भान सिंह को अपने क्षेत्र में एक चौराहे पर प्रतिमा लगवानी थी। दशरथ ने उनसे कहा था कि वह डिप्टी सीएम के यहां से प्रतिमा लगवाने की अनुमति उसे दिलवा देगा। पूछताछ में यह भी पता चला है कि डिप्टी सीएम के यहां जाने से पूर्व वह एक मंत्री के यहां भी गया था। दशरथ के अपराधिक इतिहास का पता लगाया जा रहा है।
डिप्टी सीएम के कार्यक्रम में कुछ दूरी पर खड़े होकर खींची थी फोटो
पुलिस की पूछताछ में पता चला कि आठ दिसंबर को डिप्टी सीएम केशव प्रसाद मौर्य के नोएडा दौरे के दौरान भी सुरक्षा में सेंध कर जालसाज वहां पहुंच गया था। उसने डिप्टी सीएम से कुछ दूरी पर खड़े होकर एक फोटो भी खींची थी। बाद में उसे एडिट किया था, जिससे लग रहा है कि वह पास ही खड़ा है।
पास से मिला बुलंदशहर के पूर्व भाजपा जिलाध्यक्ष का विजिटिंग कार्ड
पकड़े जाने पर उसके जेब से बुलंदशहर के पूर्व भाजपा जिलाध्यक्ष का विजिटिंग कार्ड भी मिला। इस संबंध में पुलिस ने बुलंदशहर के भाजपा जिलाध्यक्ष विकास चौहान से संपर्क किया तो उन्होंने सिरे से नकार दिया। इसके साथ ही लेटर पैड पर एक पत्र जारी कर स्पष्ट किया कि दशरथ नाम का कोई भी व्यक्ति यहां भाजपा का जिलाध्यक्ष नहीं रहा।
एसीपी हजरतगंज विकास कुमार जायसवाल के अनुसार दशरथ को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया गया है। उसके अपराधिक इतिहास का पता लगाया जा रहा है। वह चेयरमैन के पति, व्यवसायी और ड्राइवर को बरगला कर यहां लाया था। प्राथमिक जांच में साथ आए तीनों लोगों की भूमिका संदिग्ध नहीं मिली है। इस लिए लिखापढ़ी कर उन्हें छोड़ दिया गया है।

लेखक के बारे में
Yogesh Yadavयोगेश यादव हिन्दुस्तान में डिप्टी न्यूज एडिटर के पद पर हैं।
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