
यूपी में AIMIM के प्रदेश अध्यक्ष की मुश्किलें बढ़ीं, राजभर नेता ने दर्ज कराई एफआईआर; जानें मामला
एआईएमआईएम प्रदेश अध्यक्ष के बयान को लेकर सितम्बर में भी सियासत गरमा गई थी। अब करीब तीन महीने बाद आजमगढ़ जिले के अहरौला थाने के निजामपुर के रहने वाले प्रमोद राजभर की ओर से एआईएमआईएम प्रदेश अध्यक्ष शौकत अली को नामजद कर तहरीर दिए जाने पर पुलिस ने एफआईआर दर्ज की गई है।
उत्तर प्रदेश में ऑल इंडिया मजलिस-ए-इत्तेहादुल मुस्लिमीन (AIMIM) के प्रदेश अध्यक्ष शौकत अली की मुश्किलें बढ़ गई हैं। उनके खिलाफ राजभर समाज के एक पदाधिकारी ने बहराइच देहात कोतवाली में एफआईआर दर्ज करा दी है। एआईएमआईएम नेता ने इस साल 15 सितम्बर को महाराजा सुहेलदेव के खिलाफ आपत्तिजनक बयान दिया था। यह बयान देने के तीन महीने बाद उनके खिलाफ एफआईआर दर्ज कराई गई है। पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है।
एआईएमआईएम प्रदेश अध्यक्ष के बयान को लेकर सितम्बर में भी सियासत गरमा गई थी। तब एक एफआईआर भी दर्ज हुई थी। अब करीब तीन महीने बाद आजमगढ़ जिले के अहरौला थाने के निजामपुर के रहने वाले प्रमोद राजभर की ओर से एआईएमआईएम प्रदेश अध्यक्ष शौकत अली को नामजद कर तहरीर दिए जाने पर पुलिस ने एफआईआर दर्ज की गई है। 15 सितम्बर 2025 को एआईएमआईएम प्रदेश अध्यक्ष का विवादित बयान सामने आने के बाद प्रदेश के विभिन्न जिलों में उनके खिलाफ विरोध प्रदर्शन हुए थे। सुहेलदेव भारतीय समाज पार्टी के पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं ने अलग-अलग जिलों में प्रदर्शन कर और ज्ञापन देकर इस मामले में ठोस कार्रवाई की मांग की थी।
राजभर समाज के नेताओं का कहना है कि एआईएमआईएम प्रदेश अध्यक्ष शौकत अली ने महाराजा सुहेलदेव के लिए सार्वजनिक रूप से आपत्तिजनक शब्दों का इस्तेमाल किया था। जबकि उन्होंने विदेशी आक्रांताओं से सनातन धर्म और परंपरा की रक्षा की थी। उनका शौर्य, देश और समाज के प्रति त्याग आज भी लोगों को प्रेरणा देता है। देश के करोड़ों लोग उन्हें अपना आदर्श मानते हैं। ऐसे महापुरुष पर एआईएमआईएम के प्रदेश अध्यक्ष की टिप्प्णी को किसी भी हालत में बर्दाश्त नहीं किया जाना चाहिए। उनके खिलाफ सख्त से सख्त कार्रवाई होनी चाहिए। महाराजगंज के एक राजभर नेता ने ज्ञापन देकर आपत्तिजनक बयान देने वाले के खिलाफ राष्ट्रद्रोह का मुकदमा चलाने की भी मांग की थी। अब राजभर समाज के नेता की तहरीर पर मामले में एफआईआर दर्ज हो गई है।





