यूपी में अपना घर का सपना होगा पूरा, काशी में शुरू हो रहीं पांच नई आवासीय परियोजनाएं
काशी को पांच बड़ी आवासीय परियोजनाओं की सौगात मिलने जा रही है। हरहुआ, पिंडरा, कल्लीपुर, गंजारी और मढ़नी में प्रस्तावित इन परियोजनाओं के लिए वाराणसी विकास प्राधिकरण और आवास विकास परिषद ने भूमि खरीद प्रक्रिया शुरू कर दी है।

यूपी और खासकर बनारस में अपना घर का सपना देखने वालों के लिए खुशखबरी है। आने वाले समय में काशी को पांच बड़ी आवासीय परियोजनाओं की सौगात मिलने जा रही है। हरहुआ, पिंडरा, कल्लीपुर, गंजारी और मढ़नी में प्रस्तावित इन परियोजनाओं के लिए वाराणसी विकास प्राधिकरण और आवास विकास परिषद ने भूमि खरीद प्रक्रिया शुरू कर दी है। हरहुआ क्षेत्र में 250 हेक्टेयर में प्रस्तावित आवासीय परियोजना ‘वर्ल्ड सिटी एक्सपो’ के लिए मंगलवार से भू-स्वामियों को नोटिस जारी किए जाने लगे हैं। मढ़नी परियोजना के लिए विकास प्राधिकरण के सचिव ने गांव में कैंप लगाकर लैंड पूलिंग के तहत भूमि उपलब्ध कराने पर किसानों से वार्ता की।
पिछले 25 वर्षों में आवासीय परियोजना नहीं आने से कॉलोनाइजरों ने खूब लाभ उठाया। जिसका दुष्परिणाम रहा कि शहर में अनियोजित विकास तेजी से पनपा। अब इन पर लगाम लगाने की तैयारी है। जिलाधिकारी सत्येंद्र कुमार ने बताया कि एक वर्ष के भीतर भवनों के अधिग्रहण की प्रक्रिया पूरी कर ली जाएगी। ये परियोजनाएं 100 से 800 एकड़ भूमि क्षेत्र में प्रस्तावित हैं और अनुमान के अनुसार इन योजनाओं के तहत करीब पांच से आठ हजार लोगों को प्लॉट और फ्लैट की सुविधा उपलब्ध कराई जाएगी। यह लोगों की प्राथमिकता पर निर्भर करेगा। फरवरी-मार्च तक सभी परियोजना के लिए जमीनों का क्रय प्रारम्भ होगा। सभी परियोजनाएं किसानों की सहमति से धरातल पर उतारी जा रही हैं।
स्पोर्ट्स सिटीः गंजारी
राजातालाब रिंग रोड के किनारे गंजारी में निर्माणाधीन अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट स्टेडियम के समीप वाराणसी विकास प्राधिकरण ने 150 एकड़ में आवासीय परियोजना ‘स्पोर्ट्स सिटी’ प्रस्तावित की है। इसके लिए प्राधिकरण किसानों से लैंड पूलिंग अथवा सामान्य रजिस्ट्री के माध्यम से भूमि उपलब्ध कराने को लेकर बातचीत कर रहा है। यहां हाईटेक टाउनशिप के साथ मल्टीलेवल पार्किंग भी बनेगी।
काशी द्वार आवासीय परियोजना
पिंडरा के समीप 800 एकड़ में प्रस्तावित आवासीय परियोजना के लिए आवास विकास परिषद ने सात गांवों का सर्वे कर लिया है। हाल ही में आवास आयुक्त ने बनारस में दो दिन कैंप लगाकर तीन गांवों के ग्रामीणों की आपत्तियों का निस्तारण किया।अधिकारियों के अनुसार 800 से अधिक किसानों ने अपनी जमीन बेचने के लिए विक्रय सहमति पत्र प्रशासन और आवास विकास परिषद को सौंप दिया है।
कल्लीपुर आवासीय प्रोजेक्ट
वाराणसी-प्रयागराज मुख्य मार्ग के पास कल्लीपुर में लैंड पूलिंग परियोजना के लिए जिला प्रशासन ने तहसील के माध्यम से किसानों से वार्ता शुरू कर दी है। प्रस्तावित परियोजना के लिए 100 एकड़ भूमि चुनी गई है। अधिकारियों के अनुसार 80 प्रतिशत से अधिक किसानों ने विक्रय सहमति पत्र जमा कर दिया है। यहां फरवरी से रजिस्ट्री की प्रक्रिया शुरू होने की संभावना है।
मढ़नी हाइटेक सिटी का प्रस्ताव तैयार
रिंग रोड किनारे संदहा के पास वाराणसी विकास प्राधिकरण ने मुख्यमंत्री शहरी विस्तारीकरण योजना के तहत 150 एकड़ से अधिक भूमि पर ‘मढ़नी हाइटेक सिटी’ का प्रस्ताव तैयार किया है। परियोजना के लिए दो भू-स्वामियों ने अपनी जमीन रजिस्ट्री करवा दी है। प्राधिकरण के सचिव वेदप्रकाश मिश्र ने मंगलवार को नेवादा के मनोरथपुर गांव में पूर्व प्रधान कृष्णकांत तिवारी के घर पर कैम्प लगाकर लैंड पूलिंग योजना के तहत भूमि देने के प्रस्ताव पर किसानों से चर्चा की। इस दौरान गांव के प्यारे लाल तिवारी और संजय तिवारी ने परियोजना की जानकारी प्राप्त की।
हरहुआ में वर्ल्ड सिटी एक्सपो के लिए नोटिस
परियोजना के लिए आवास विकास परिषद ने लगभग 377 एकड़ भूमि खरीद की प्रक्रिया शुरू कर दी है। मंगलवार को हरहुआ पंचायत भवन पर भूमि क्रय की सुनवाई से संबंधित नोटिस चस्पा किया गया। नोटिस में बताया गया कि परियोजना में शामिल सभी भूमि स्वामियों की सुनवाई 16 जनवरी को चौकाघाट स्थित सांस्कृतिक संकुल में होगी।
परियोजना के तहत वाजिदपुर, बझियाबारी, प्रतापट्टी, भेलखा, बिशुनपुर, देवनाथपुर, हरहुआ, रामसिंहपुर और सिंहापुर गांवों की जमीनें ली जानी हैं। किसानों की सहमति से ही भूमि खरीदी जाएगी।
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लेखक के बारे में
Yogesh Yadavयोगेश यादव लाइव हिन्दुस्तान में पिछले छह वर्षों से यूपी सेक्शन को देख रहे हैं। यूपी की राजनीति, क्राइम और करेंट अफेयर से जुड़ी खबरों को कवर करने की जिम्मेदारी निभा रहे हैं। यूपी की राजनीतिक खबरों के साथ क्राइम की खबरों पर खास पकड़ रखते हैं। यूपी में हो रहे विकास कार्यों, शहरों और ग्रामीण क्षेत्रों में आ रहे बदलाव के साथ यहां की मूलभूत समस्याओं पर गहरी नजर रखते हैं।
पत्रकारिता में दो दशक का लंबा अनुभव रखने वाले योगेश ने डिजिटल से पहले प्रिंट में अपनी विशिष्ट पहचान बनाई। लम्बे समय तक हिन्दुस्तान वाराणसी में सिटी और पूर्वांचल के नौ जिलों की अपकंट्री टीम को लीड किया है। वाराणसी से पहले चड़ीगढ़ और प्रयागराज हिन्दुस्तान को लांच कराने वाली टीम में शामिल रहे। प्रयागराज की सिटी टीम का नेतृत्व भी किया।
बनारस हिंदू यूनिवर्सिटी (BHU) से बीकॉम में ग्रेजुएट और बनारस की ही काशी विद्यापीठ से मास कम्युनिकेशन में पोस्ट ग्रेजुएट योगेश ने कई स्पेशल प्रोजेक्ट पर काम भी किया है। राष्ट्रीय नेताओं के दौरों को कवर करते हुए उनके इंटरव्यू किये। नेताजी सुभाष चंद्र बोस की मौत से जुड़े रहस्यों पर हिन्दुस्तान के लिए सीरीज भी लिख चुके हैं।


