
त्रेतायुग के बाद पहली बार फहरेगा अयोध्या राजवंश का ध्वज, 700 टन का 44 फीट लंबा है दंड
अयोध्या में राम मंदिर पर ध्वज को फहराने के लिए सात सौ टन के 44 फीट लंबा ध्वज दंड स्थापित किया जा चुका है। इसके साथ ही शेषावतार मंदिर सहित परकोटे के छह मंदिरों में भी ध्वजारोहण होगा। समारोह के मुख्य अतिथि पीएम मोदी ध्वजारोहण के बाद राम मंदिर की पूर्णता की घोषणा करेंगे।
अयोध्या राजवंश का ध्वज त्रेतायुग के बाद दोबारा इस अधिकार में राम मंदिर में पहली बार फहराया जाएगा। इसके पूजन का अनुष्ठान चल रहा है। इसकी पूर्णाहुति मंगलवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के आगमन पर होगी। ध्वज को फहराने के लिए सात सौ टन के 44 फीट लंबा ध्वज दंड स्थापित किया जा चुका है। इसके साथ ही शेषावतार मंदिर सहित परकोटे के छह मंदिरों में भी ध्वजारोहण होगा। समारोह के मुख्य अतिथि पीएम मोदी ध्वजारोहण के बाद राम मंदिर की पूर्णता की घोषणा करेंगे। इस ऐतिहासिक समारोह के लिए श्रीराम जन्मभूमि परिसर भव्य तरीके से सज-धज कर तैयार है। यह स्वाभाविक इसलिए है कि इसके पीछे देश के बहुसंख्यक समाज की आस्था ही नहीं बल्कि पांच सौ सालों का संघर्ष और सतत बलिदान की परम्परा जुड़ी है।
श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र में कोषाध्यक्ष महंत गोविंद देव गिरि के अनुसार प्रधानमंत्री ध्वजारोहण के लिए पूरे दिन निराहार उपवास कर पूजा-अर्चना करेंगे। उसके बाद रामलला, राम दरबार में आरती भी करेंगे। पुनः ध्वजारोहण के निर्धारित मुहूर्त पूर्वाह्न 11.58 बजे से मध्याह्न 12.30 बजे के मध्य ध्वजारोहण करेंगे। यह ध्वजारोहण रिमोट सिस्टम से होगा। इसके लिए मैनुअल, इलेक्ट्रिक रिमोट सिस्टम दोनों की व्यवस्था है। ध्वज का निर्माण वैष्णव परम्परा के संतों के विचार विमर्श, शास्त्रों के अध्ययन बाद हुआ है।
कुछ ऐसा है ध्वज
राम मंदिर पर फहराया जाने वाले ध्वज का आकार समकोण त्रिभुजाकार है। इसकी ऊंचाई 10 फुट और लंबाई करीह 20 फुट है। उत्तर भारतीय नागर वास्तुशैली में बने ध्वज पर सूर्य, ॐ और कोविदार वृक्ष बनाए गए हैं। पवित्र भगवा ध्वज गरिमा, एकता और सांस्कृतिक निरंतरता का संदेश राम राज्य के आदर्शों का प्रतीक होगा। 800 मीटर लंबा परकोटा दक्षिण भारतीय वास्तुशैली में डिजाइन है, जो मंदिर की वास्तुशिल्प दर्शाएगा।
रामनगरी में साढ़े चार घंटे रुकेंगे प्रधानमंत्री
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ध्वजारोहण कार्यक्रम के लिए साढ़े चार घंटे तक रामनगरी में रुकेंगे। प्रधानमंत्री मोदी राममंदिर के शिखर पर 11 बज कर 55 मिनट पर ध्वजारोहण करेंगे। इसके साथ ही मोदी राममंदिर का निर्माण पूरा होने की घोषणा करेंगे।
संघ प्रमुख मोहन भागवत भी अयोध्या पहुंचे
राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के सर संघ चालक डा. मोहन भागवत का अयोध्या आगमन तीसरी बार हुआ। वह यहां बीती रात पहुंचे। संघ प्रमुख मंगलवार को राम मंदिर में आयोजित ध्वजारोहण समारोह में शामिल होंगे। वह सर संघचालक के रूप में तीसरी बार अयोध्या आए है। इसके पहले संघ के प्रांत प्रचारकों के अखिल भारतीय अभ्यास वर्ग में शामिल हुए थे।
मंदिर में क्या कहां स्थापित
राम मंदिर - भूतल
राम दरबार - प्रथम तल
परकोटा - छह मंदिर
उत्तर-पश्चिम -देवी दुर्गा
उत्तर-मध्य- मां अन्नपूर्णा
उत्तर- पूर्व -गणपति
दक्षिण-पूर्व - भगवान सूर्यदेव
दक्षिण-मध्य- हनुमान जी
दक्षिण-पश्चिम - शिव मंदिर
शेषावतार मंदिर
सप्त मंडपम-महर्षि वशिष्ठ, अगस्त्य, वाल्मीकि विश्वामित्र, देवी अहिल्या, शबरी, निषाद राज, कुबेरेश्वर मंदिर गोस्वामी तुलसीदास।

लेखक के बारे में
Yogesh Yadavयोगेश यादव हिन्दुस्तान में डिप्टी न्यूज एडिटर के पद पर हैं।
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