ट्रेंडिंग न्यूज़

अगला लेख

अगली खबर पढ़ने के लिए यहाँ टैप करें

Hindi News उत्तर प्रदेशसीएम योदी आज से फिर शुरू करेंगे जनता दर्शन, दो महीने से लगी थी रोक

सीएम योदी आज से फिर शुरू करेंगे जनता दर्शन, दो महीने से लगी थी रोक

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ आज से फिर जनता दर्शन शुरू करेंगे। जनता दर्शन आचार संहिता लगाने के साथ ही रुक गया था। सीएम आज सुबह 9 बजे से लेकर दोपहर 2 बजे तक जनता के बीच जाकर उनकी समस्याओं को सुनेंगे।

सीएम योदी आज से फिर शुरू करेंगे जनता दर्शन, दो महीने से लगी थी रोक
Srishti Kunjहिन्दुस्तान टीम,लखनऊThu, 06 Jun 2024 07:56 AM
ऐप पर पढ़ें

आचार संहिता से पिछले दो माह से रुका ‘जनता दर्शन’ गुरुवार से फिर शुरू होगा। मुख्यमंत्री प्रतिदिन सुबह 9 से दोपहर 2 बजे तक जनता के बीच जाकर उनकी समस्याओं को सुनेंगे और निराकरण के लिए अधिकारियों को तत्काल निर्देशित करेंगे। इस पहल से प्रदेश की जनता को अपनी समस्याओं को मुख्यमंत्री के संज्ञान में लाने का अवसर प्राप्त होगा और साथ ही उसका तत्काल निराकरण भी संभव हो सकेगा।

प्रतिदिन लगता है जनता दर्शन
मुख्यमंत्री दो माह पूर्व आचार संहिता लगने से पहले तकरीबन रोजाना अपने सरकारी आवास पर जनता दर्शन कार्यक्रम के दौरान लोगों से मुलाकात करते रहे हैं। इस दौरान प्रदेश के विभिन्न हिस्सों से आए लोग उनसे मिलकर उन्हें अपनी विभिन्न समस्याओं से अवगत कराते रहे हैं। मुख्यमंत्री भी एक-एक कर प्रत्येक व्यक्ति से उनकी समस्याएं सुनते हैं और तत्काल प्रदेश के वरिष्ठ अधिकारियों को जनता की समस्याओं के निराकरण के निर्देश भी देते रहे हैं।

मायावती ने हार के कारणों पर बड़े नेताओं से की चर्चा, चंद्रशेखर की जीत पर भी चर्चा

समस्याओं के तत्काल निराकरण पर जोर
मुख्यमंत्री के सामने आने वाली ज्यादातर समस्याओं में जमीन संबंधित विवाद और स्वास्थ्य संबंधित खर्च के अनुरोध रहते हैं। इसके अलावा पारिवारिक विवाद और थाने व तहसील से संबंधित विवादों में भी जनता मुख्यमंत्री से गुहार लगाती है। हालांकि प्रदेश और जिले के अधिकारियों संग बैठकों के दौरान पहले ही स्पष्ट निर्देश दे रखे हैं कि थानों और तहसीलों की साप्ताहिक समीक्षा जिलास्तर के वरिष्ठ अधिकारी करें, किसी भी फरियादी के साथ अशोभनीय व्यवहार नहीं होना चाहिए और उसकी समस्या का तत्काल निराकरण जिलास्तर पर ही होना चाहिए। इसके अलावा जिले की समीक्षा मंडल स्तर और मंडल की समीक्षा लखनऊ मुख्यालय से प्रतिमाह होनी चाहिए।