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Hindi News उत्तर प्रदेशऔर पांच लाख वोट मिलने से बदल जाता यूपी का नजारा; भाजपा+ 52 तो सपा+ 60 सीटें जीत जाती

और पांच लाख वोट मिलने से बदल जाता यूपी का नजारा; भाजपा+ 52 तो सपा+ 60 सीटें जीत जाती

यूपी में एनडीए और इंडिया दोनों गठबंधनों को पौने चार करोड़ वोट मिले हैं। इतनी बड़ी तादात में मिले वोटों में अगर किसी भी तरफ पांच लाख वोट और जुड़ जाते तो यूपी का नजारा ही बदल जाता। 17 सीटें बढ़ जातीं।

और पांच लाख वोट मिलने से बदल जाता यूपी का नजारा; भाजपा+ 52 तो सपा+ 60 सीटें जीत जाती
Yogesh Yadavलाइव हिन्दुस्तान,लखनऊWed, 05 Jun 2024 09:59 PM
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लोकसभा चुनाव का फैसला अब पूरी तरह आ चुका है। सबसे ज्यादा चौंकाने वाला नतीजा यूपी का आया है। अन्य राज्यों में शानदार प्रदर्शन करने वाली भाजपा देश के सबसे बड़े राज्य में सबसे बुरी हालत में पहुंच गई है। यूपी के राम मंदिर को ही देश भर में मुद्दा बनाने वाली भाजपा राम मंदिर वाले इलाके अयोध्या में भी हार गई है। भाजपा नेता इस हार की समीक्षा की बातें तो कर ही रहे हैं लेकिन चुनाव परिणाम पर सरसरी निगाह डालें तो कई चौंकाने वाले आंकड़े दिखाई दे रहे हैं। सपा और कांग्रेस वाले इंडिया गठबंधन को 43 सीटें और भाजपा वाले एनडीए गठबंधन को 36 सीटें मिली हैं। दोनों गठबंधनों को साढ़े तीन करोड़ से ज्यादा वोट मिले हैं।  एनडीए को एनडीए को 3 करोड़ 75 लाख 87 हजार 930 वोट और इंडिया गठबंधन को 3 करोड़, 81 लाख 60 हजार 235 वोट हासिल हुए। इतनी बड़ी तादात में मिले वोटों में अगर किसी भी तरफ पांच लाख वोट और जुड़ जाते तो यूपी का नजारा ही बदल जाता। 17 सीटें इधर से उधर हो जातीं।

पांच लाख और वोटों से भाजपा वाले एनडीए गठबंधन की सीटें 36 से बढ़कर 53 हो जातीं। इसी तरह अगर सपा-कांग्रेस वाले इंडिया गठबंधन को 5 लाख और वोट मिल जाते तो उसकी सीटें 43 से बढ़कर 60 हो जातीं। एनडीए और इंडिया गठबंधन दोनों 17 ऐसी सीटें हार गए हैं जहां मार्जिन बहुत कम है। 

चुनाव आयोग के आंकड़ों के अनुसार यूपी में सबसे ज्यादा वोट भाजपा को ही मिले हैं। उसे 3 करोड़ 62 लाख 67 हजार 75 वोट हासिल हुए हैं। इसके बाद सपा को 2 करोड 94 लाख 51 हजार 786 वोट मिले। कांग्रेस के पाले में 82 लाख 94 हजार 318 वोट आए हैं। इसके अलावा दो सीटों पर लड़कर एक सीट जीतने वाले अपना दल को 8 लाख 7 हजार 210 और एक सीट पर लड़ने वाली टीएमसी को 4 लाख 14 हजार 131 वोट मिले। दो सीटों पर आरएलडी 8 लाख 93 हजार 460 और एक सीट पर लड़ने वाली सुभासपा 3 लाख 40 हजार 188 वोट पा सकी है। 

अगर एनडीए और इंडिया गठबंधन की बात करें तो एनडीए को कुल 3 करोड़ 75 लाख 87 हजार 930 वोट और इंडिया को इससे करीब छह लाख ज्यादा 3 करोड़ 81 लाख 60 हजार 235 वोट मिले हैं। इन वोटों के बदौलत ही इंडिया गठबंधन की सीटें छह से 44 हो गईं और एनडीए 63 से 35 पर आ गई है। इसे इंडिया की बहुत बड़ी जीत और एनडीए की हार माना जा रहा है। जबकि 33 सीटें ऐसी हैं जहां जीत हार का फासला 60 हजार से कम वोटों पर हुआ है। छह सीटें तो ऐसी हैं जहां पांच हजार से कम वोटों से सांसदी जीती गई है। दोनों तरफ ऐसी तीन-तीन सीटें जीती गई हैं जहां अंतर पांच हजार से कम है।
  
किस दल और गठबंधन को कितने वोट
एनडीए: 3 करोड़ 75 लाख 87 हजार 930

भाजपा: 3 करोड़ 62 लाख 67 हजार 75
आरएलडी: 893460
अपना दल: 87210
सुभासपा: 340188

इंडिया गठबंधन: 3 करोड़, 81 लाख 60 हजार 235
सपा: 2 करोड 94 लाख 51 हजार 786
कांग्रेस: 82 लाख 94 हजार 318
टीएमसी: 414131

सपा ने 46 हजार से कम अंतर में हारी 17 सीटें
सीट और वोटों का अंतर

फर्रुखाबाद 2678
बांसगांव 3150
फूलपुर 4332
मेरठ  10585
अलीगढ  15647
कानपुर 20968
हरदोई  27856
अमरोहा 28670
मिश्रिख 33406
बरेली 34804
महाराजगंज 35451
उन्नाव 35818
डुमरियागंज 42728
फ़तेहपुर सीकरी 43405
भदोही 44072
अकबरपुर  44345
गोण्डा 46224

भाजपा ने 60 हजार से कम अंतर पर हारी 17 सीटें
सीट और वोटों का अंतर

हमीरपुर 2629
सलेमपुर  3573
धौरहरा 4449
आँवला 15969
चंदौली 21565
मुज़फ्फरनगर 24672
एटा 28052
फ़तेहपुर 33199
खीरी  34329
बदायूँ 34991
मछलीशहर 35850
सुल्तानपुर 43174
बलिया  43384
जालौन 53898
फ़ैज़ाबाद 54567
इटावा 58419
इलाहाबाद 58795

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