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दीपोत्सव: दियों से नहाई अयोध्या, घर-घर ज्योति जली, रामधुन के बीच किया प्रभु का स्वागत

दीपोत्सव पर अयोध्या के घर-घर ज्योति जली। रामधुन के बीच अयोध्या ने प्रभु राम का स्वागत कर दिवाली मनाई। सरयू तट पर अदभुत नजारा दिखा। शहर दियों से नहाया। सरकारी भवनों पर भी मनोरम दृश्य दिखा।

दीपोत्सव: दियों से नहाई अयोध्या, घर-घर ज्योति जली, रामधुन के बीच किया प्रभु का स्वागत
ayodhya deepotsav
Srishti Kunjस्वरमिल चंद्रा,अयोध्याSun, 12 Nov 2023 05:57 AM
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घर घर ज्योति जली है निराली अवध में आज सजी है दिवाली कुछ ऐसा ही नजारा शनिवार की शाम अवधपुरी में दिखा। दोपहर बाद जब पुष्पक विमान रूपी हेलीकाप्टर से प्रभु श्रीराम रामकथा पार्क में उतरे यहां भरत और शत्रुघ्न ने गले लगकर भाइयों का स्वागत किया। सूबे के मुखिया ने मां सीता व अनुज लक्ष्मण को उतारकर फूलों से सजे रथ पर बिठाया। प्रभु श्रीराम को देख अयोध्या वासी प्रफुल्लित हो उठे। हजारों की संख्या में आए रामभक्त अपने प्रभु श्रीराम को निहार रहे थे। 

रामभक्तों का हर्ष, उमंग और अनुभूति देखते ही बन रही थी। सहज भाव से हो रहे सियावर रामचन्द्र की जय जयघोष से समूची अयोध्या धाम गुंजायमान होती रही। रामकथा पार्क पर लगे पांच पांच एलईडी स्क्रीन पर हजारों रामभक्त इस खूबसूरत पल एक टक देख रहे थे। अगले ही पल गुरु वशिष्ठ व हनुमान के साथ माता सीता को चारों भाइयों संग मंच पर लाया गया। एक बार फिर से सियावर रामचंद्र की जय से रामकथा पार्क गुंजायमान हो गया। पांच हजार से अधिक लोग इस पार्क में मौजूद एक एक पल को अपने कैमर में कैद करते दिखे। बाहर लगी स्क्रीन पर भी ये नजारा आम होता रहा। 

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रामकथा पार्क पर बने राजदरबार पर जब प्रभु श्रीराम माता सीता के साथ विराजमान हुए तो हर कोई इस दृश्य को देख यही कहता नजर आया मानो त्रेता युग में प्रभु श्रीराम के दरबार के हम लोग साक्षी हो रहे हों। इस बीच जब प्रभु श्रीराम का सांकेतिक राजतिलक किया गया तो हेलीकाप्टर से पुष्प वर्षा होने लगी मानो प्रसन्नचित देवता पुष्पवर्षा कर रहे हों। सीएम ने कहा भी कि यह दीपोत्सव सभी को त्रेतायुग की याद दिलाता है, जब भगवान श्रीराम लंका पर विजय प्राप्त करके अयोध्या वापस लौटे थे। अयोध्या वासियों ने उनका जिस प्रकार से तब स्वागत सत्कार किया था। उसी प्रकार से आज यहां की सड़कों पर दिखाई दे रहा है। यह अयोध्या ही पूरे हिन्दुस्तान का सौभाग्य है। भारतीय सनातन संस्कृति की ओर से यह संदेश पूरे विश्व पटल पर जाएगा। 

दीपों की माला से सुसज्जित हुआ सरयू तट
शाम पांच बजते बजते आसमान पर भगवान भाष्कर का प्रभाव कम होने लगा। मुख्य मंत्री रामकथा पार्क से सरयू तट पर पहुंच गए। साथ में राज्यपाल भी आरती के लिए पहुंची। शाम ढल चुकी थी। सीएम योगी ने मा सरयू की आरती उतारी। सरयू पुल भी रंगी रौशनी से नहाया रहा। उसकी प्रतिबिंब सरयू जल में अदभुत छटा बिखेरता रहा।  शाम लगभग साढे पांच बजे मुख्यमंत्री ने दीपोत्सव की औपचारिक शुरुआत की। कुछ ही  देर में 22.23 लाख दीपों से राम की पैड़ी समेत 51 घाट जगमगाने लगे। अद्भुत, अलौकिक, अविस्मरणीय...कल्पनातीत इस सौंदर्य,  को जिसने भी देखा, अपलक निहारता ही रह गया।

प्रभु श्रीराम की नगरी के वासी हों,  श्रद्धालु हों या भारत के सुदूर कोने-कोने से आए सैलानी इस मनोरम दृश्य  को देख उत्साहित होते रहे। सातवें दीपोत्सव पर प्रभु के भक्त संकटमोचक हनुमान जयंती से भी भक्ति में लीन अवधपुरी में यह आयोजन अद्वितीय हो गया। सभी के मन में इस बार अलग ही उमंग, उत्साह व उल्लास रहा। मुख्य अतिथियों के जाने के बाद लगभग आठ बजे आस्था, आह्लाद और आत्मीयता के दीप जलाने और उसे कैमरे में कैद करने शहर का हर आम व खास जुट गया।