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महराजगंज लोकसभा सीट समीकरण: पूर्वांचल के गांधी की धरती पर पंकज चौधरी ने बनाया ये रिकॉर्ड, क्‍या विपक्षी एका से बदलेगी फिज़ा? 

सिब्‍बन लाल सक्‍सेना को आज भी महराजगंज की धरती एक मसीहा के तौर पर याद करती है। आजादी के बाद वर्ष 1952 में हुए पहले आम सभा चुनाव में वह पहली बार निर्दल प्रत्याशी के रूप में सांसद निर्वाचित हुए थे।

महराजगंज लोकसभा सीट समीकरण: पूर्वांचल के गांधी की धरती पर पंकज चौधरी ने बनाया ये रिकॉर्ड, क्‍या विपक्षी एका से बदलेगी फिज़ा? 
Ajay Singhमनोज त्रिपाठी,महराजगंजFri, 14 Jul 2023 04:03 PM
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Mahrajganj Loksabha Seat: भारत-नेपाल की सीमा पर बसे यूपी के महराजगंज लोकसभा क्षेत्र का समृद्ध प्रजातांत्रिक इतिहास रहा है। आजादी के बाद इस सीट से छह बार चुनाव जीतने का रिकार्ड भाजपा सांसद और वर्तमान केन्द्रीय वित्त राज्यमंत्री पंकज चौधरी के नाम है। उनके पहले पूर्वांचल के गांधी के रूप में मशहूर सिब्बन लाल सक्सेना महराजगंज सीट से चार बार सांसद निर्वाचित हुए थे। हर्षवर्धन और महादेव प्रसाद दो-दो बार यहां से निर्वाचित होकर लोकसभा में क्षेत्र का प्रतिनिधित्व करने पहुंचे थे। लेकिन पिछले तीन दशक की राजनीति पर गौर करें तो विपक्ष केवल दो बार ही भाजपा में इस गढ़ में सेंध लगा पाया। छह बार के सियासी सफर में पंकज चौधरी एक बार जीत का हैट्रिक लगा चुके हैं। उनके समर्थक इस बार इसे दोहराने का दम भर रहे हैं जबकि विपक्ष बीजेपी के विजय रथ को रोकने के लिए बिखरी ताकत को एकजुट करने की कोशिश में है। यह देखना दिलचस्प होगा कि लोकसभा चुनाव में भाजपा यहां अपनी साख को बरकरार रख पाएगी या फिर विपक्षी एका कोई नया गुल खिलाएगा।

कभी कोशल राज्य का अंग रहे चुके इस क्षेत्र में नवाबों के दौर के पहले राजपूत राजाओं का शासन था। इस धरती का इतिहास भगवान बुद्ध के ननिहाल से भी जुड़ा है। ब्रितानी हुकूमत के खिलाफ बगावत में जहां इस इलाके के लोगों ने बढ़चढ़कर हिस्‍सेदारी की वहीं आजादी के बाद प्रोफेसर से नेता बने स्वतन्त्रता सेनानी सिब्‍बन लाल सक्‍सेना की अगुवाई में महराजगंज की धरती ने संघर्ष का फलसफा ठीक से सीखा। आजीवन अविवाहित रहे सिब्‍बनलाल सक्‍सेना जीवन भर दलितों, शोषितों के उत्‍थान के लिए संघर्ष करते रहे। उन्‍होंने इस सीट से चार बार जीत हासिल कर एक रिकॉर्ड बनाया था जिसे मौजूदा सांसद पंकज चौधरी ने छह बार जीतकर तोड़ दिया। सिब्‍बन लाल सक्‍सेना को आज भी महराजगंज की धरती एक मसीहा के तौर पर याद करती है। आजादी के बाद वर्ष 1952 में हुए पहले आम सभा चुनाव में वह पहली बार निर्दल प्रत्याशी के रूप में सांसद निर्वाचित हुए थे। दूसरे चुनाव में भी निर्दल प्रत्याशी के रूप में चुनाव में उतरे और जीत हासिल की। 1971 में भी निर्दल और अंतिम बार 1977 में जनता पार्टी के टिकट पर रघुबर प्रसाद को हराकर सांसद बने। उनका निधन 20 अगस्त 1984 को हुआ।

नब्बे के दशक में भाजपा ने बनाई पैठ
1990 के बाद यहां की राजनीति में भाजपा ने पैठ बना ली। तबसे अब तक यहां हुए आठ लोकसभा चुनाव में भाजपा को छह बार जीत मिली। इस बीच एक बार कद्दावर नेता स्व. हर्षबर्धन ने कांग्रेस के टिकट पर तो एक बार कुंवर अखिलेश सिंह ने सपा के टिकट पर जीत हासिल कर भाजपा के विजय रथ को रोका। अब केन्द्र और प्रदेश में भाजपा की सरकार है और महराजगंज के सांसद पंकज चौधरी केंद्रीय वित्‍त राज्‍य मंत्री हैं। 

विधानसभा सीटों का गणित 
महराजगंज लोकसभा क्षेत्र के तहत आने वाले पांच विधानसभा क्षेत्रों में से तीन पर भाजपा, एक पर उसकी सहयोगी निषाद पार्टी और एक पर कांग्रेस का कब्‍जा है। महराजगंज सदर से भाजपा के जयमंगल कन्‍नौजिया, फरेन्‍दा से कांग्रेस के वीरेन्‍द्र चौधरी, नौतनवां भाजपा की सहयोगी निषाद पार्टी के ऋषि त्रिपाठी, सिसवा से भाजपा के प्रेमसागर पटेल और पनियरा से भाजपा के ज्ञानेंद्र सिंह ने 2022 के चुनाव में जीत हासिल की। 

सीट के जातीय समीकरण 
महराजगंज लोकसभा निर्वाचन क्षेत्र में अन्य पिछड़ा वर्ग (ओबीसी) की आबादी 56 प्रतिशत से अधिक है। यहां के ओबीसी समुदायों में कुर्मी-पटेल, चौरसिया, निषाद, यादव, मौर्य, चौहान, सोनार, नई और लोहार शामिल हैं। जबकि उच्च जाति समुदायों में ब्राह्मण कुल मतदाताओं का 12 प्रतिशत हैं। क्षत्रिय और कायस्थ समुदाय का एक छोटा प्रतिशत भी यहां रहता है। दलित आबादी में बहुसंख्यक जाटव हैं। दलितों में जाटवों के अलावा धोबी और पासी भी शामिल हैं। मुस्लिम मतदाता भी यहां संख्यात्मक रूप से महत्वपूर्ण हैं। यहां अनुसूचित जनजाति की दो जातियां भी निवास करती हैं। महराजगंज के सांसद पंकज चौधरी कुर्मी समुदाय से हैं। पिछड़ी जाति के बड़े नेताओं में उनकी गिनती है। सियासी रणनीति में माहिर पंकज चौधरी पश्चिम बंगाल की चार लोकसभा सीटों के प्रभारी भी हैं।

2014 और 2019 के चुनाव परिणाम 

साल 2014 के लोकसभा चुनावों में भाजपा के पंकज चौधरी को 4,71,542 वोट मिले थे। दूसरे स्‍थान पर बसपा के काशीनाथ शुक्ला थे। उन्‍हें कुल 2,31084 वोट मिले थे। सपा के कुंवर अखिलेश सिंह 2,13 974 वोट पाकर तीसरे स्‍थान पर रहे। कांग्रेस के हर्षवर्धन 57,193 वोट पाकर चौथे स्‍थान पर थे। पंकज चौधरी ने वह चुनाव 2,40,458 मतों से जीते थे।  

साल-2019 में पंकज चौधरी को 7,26,349 वोट मिले थे। दूसरे नंबर पर सपा प्रत्याशी कुंवर अखिलेश सिंह को 3,85,925 वोट मिले थे। 72,516 वोटों के साथ कांग्रेस प्रत्याशी सुप्रिया श्रीनेत तीसरे स्थान पर रहीं। कुल 15 प्रत्याशी चुनाव मैदान में थे। चौथे नंबर के प्रत्याशी को छोड़ दें तो अन्य सभी को दस हजार से कम वोट मिले थे।

महराजगंज लोकसभा सीट से जानें कौन कब-कब रहा सांसद 


सिब्बन लाल सक्सेना           1952            निर्दल

सिब्बन लाल सक्सेना           1957            निर्दल 

महादेव प्रसाद                 1962           कांग्रेस 

महादेव प्रसाद                 1967           कांग्रेस 

सिब्बन लाल सक्सेना           1971           निर्दल 

सिब्बन लाल सक्सेना           1977         जनता पार्टी

अश्फाक हुसैन अंसारी          1980           कांग्रेस 

जितेन्द्र सिंह                 1984           कांग्रेस 

हर्षवर्धन                     1989         जनता दल 

पंकज चौधरी                 1991          भाजपा

पंकज चौधरी                 1996           भाजपा

पंकज चौधरी                 1998           भाजपा 

कुंवर अखिलेश सिंह           1999            सपा 

पंकज चौधरी                 2004          भाजपा 

हर्षवर्धन                     2009           कांग्रेस 

पंकज चौधरी                 2014           भाजपा 

पंकज चौधरी                 2019           भाजपा

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