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उत्तर प्रदेशहाथरस केस : सच और झूठ का पता लगाने को CBI कराना चाहती है पाॅलीग्राफ, परिवार ने किया इनकार

हिन्दुस्तान ब्यूरो ,हाथरस Published By: Amit Gupta
Fri, 06 Nov 2020 08:10 PM
हाथरस केस : सच और झूठ का पता लगाने को CBI कराना चाहती है पाॅलीग्राफ, परिवार ने किया इनकार

बूलगढ़ी में कथित गैंगरेप और युवती की मौत के मामले में जांच कर रही सीबीआई की टीम शुक्रवार को तीसरी बार घटनास्थल पर पहुंची। यहां पीड़िता की मां और भाई को बुलाकर क्राइम सीन रीक्रिएट किया। करीब दो घंटे तक प्रक्रिया जारी रही। फॉरेसिंक टीम ने हर एंगल से घटना के प्रारूप को कैमरे में कैद किया। मां और भाई दोनों से घटनास्थल पर ही सवाल किये गये। पीड़िता के बड़े भाई ने सच-झूठ का पता लगाने के टेस्ट कराने से इंकार किया है, हालाकि ऑडियो टेस्ट के लिए परिवार तैयार है। हाथरस कांड की पीड़िता के बड़े भाई से सीबीआई कई बार पूछताछ कर चुकी है। पीड़िता के पिता के नाम से खरीदी गई सिम के नंबर से मुख्य आरोपी संदीप के फोन नंबर पर हुई बातचीत की कॉल डिटेल रिकॉर्ड(सीडीआर) को भी भाई ने एक बार फिर गलत बताया है।

सीबीआई के सवालों के बारे में भाई ने बताया कि सीबीआई ने उनसे सच झूठ का पता लगाने (पॉलीग्राफ टेस्ट ) के लिए टेस्ट कराने को कहा। इस पर उसने यह कहते हुए इस टेस्ट को कराने से इंकार कर दिया कि उन्हें क्या पता इस टेस्ट में क्या है। ऑडियो टेस्ट की बात कहने पर उन्होंने (भाई) हां कर दी। पीड़िता के भाई का कहना है कि जेल में बंद लोगों से पूछताछ की जाए। उन्हें तो आराम से जेल में बिठा रखा है। उनसे पूछा जाए कि कैसे मारा।

सीबीआई ने क्राइम सीन किया रीक्रिएट

सीबीआई 12 अक्टूबर से बूलगढ़ी कांड की जांच कर रही है। हाईकोर्ट की तल्ख टिप्पणी के बाद सीबीआई ने अपनी जांच को और तेज कर दिया है। शुक्रवार की दोपहर करीब बारह बजे डीएसपी सीमा पाहूजा के नेतृत्व में टीम के पन्द्रह सदस्य फॉरेसिंक टीम के साथ घटनास्थल पर पहुंच गये। सीआरपीएफ की सुरक्षा में पीड़िता की मां और भाई को घटनास्थल पर लाया गया। टीम ने पीड़िता के भाई को घटना स्थल से करीब सौ मीटर दूर एक खेत की मेड़ पर बिठा दिया जबकि पीड़िता की मां को लेकर सीबीआई टीम बाजरे के खेत में पहुंच गयी। इसके बाद पीड़िता के मां से सवाल का सिलसिला शुरू हुआ जो करीब बीस मिनट तक जारी रहा। इसके बाद मां को घटनास्थल से सौ मीटर दूरी पर बिठा दिया और पीड़िता के बड़े भाई से पूछताछ की। पूछताछ के बाद सीबीआई ने मां बेटे दोनों को एक ही जगह पर बिठा दिया।

करीब आधा घंटे तक सीबीआई के अधिकारी आपस में मंत्रणा करते रहे। उसके बाद मां-बेटे को एक साथ बुलाया और क्राइम सीन रीक्रिएट करने के लिए महिला सिपाही को बाजरे में खेत में लिटा दिया। पीड़िता की मां से उसे खींचकर मेड़ की तरफ लाने के लिए कहा। पीड़िता की मां ने उसे खींचकर भी दिखाया। इस तरह से पहली बार सीबीआई ने अपनी जांच के दौरान क्राइम सीन रीक्रिएट किया। करीब दो घंटे तक पूछताछ के बाद मां-बेटे को सीबीआई ने सीआरपीएफ की सुरक्षा में घर भेज दिया और टीम कोतवाली चंदपा आ गयी। यहां अधिकारियों ने काफी देर तक बातचीत की। सीबीआई के सवालों के बाद मां खेत की मेड़ पर रोती बिलखती रही। ऐसे में महिला सीबीआई अधिकारी ने उसे सांत्वना दी। इस बीच पीड़िता का एक रिश्तेदार सीबीआई कैम्प कार्यालय के बाहर घूमता नजर आया।

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