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गंगा एक्सप्रेस वे: डिजाइन फाइनल, अब 6-7 घंटे में पूरा हो जाएगा 594 किलोमीटर का सफर, जानें और क्या है खास

मुख्य संवाददाता,मेरठPublished By: Sneha Baluni
Sat, 26 Jun 2021 05:51 AM
गंगा एक्सप्रेस वे: डिजाइन फाइनल, अब 6-7 घंटे में पूरा हो जाएगा 594 किलोमीटर का सफर, जानें और क्या है खास

मेरठ-प्रयागराज गंगा एक्सप्रेस वे का मेरठ से प्रयागराज तक सभी 12 जिलों में होने वाले कार्यों का डिजाइन फाइनल हो गया है। मेरठ में मेरठ-बुलंदशहर एनएच-235 पर गोल चक्कर बनेगा। हापुड़ रोड पर बिजौली के पास दिल्ली-मेरठ एक्सप्रेस वे की तर्ज पर इंटरचेंज बनेगा। फ्लाईओवर से सीधे लोग गंगा एक्सप्रेसवे पर पहुंच जाएंगे। परतापुर की तरह आने वाले दिनों में हापुड़ रोड का भी नक्शा बदल जाएगा।

भोपाल की कंपनी ने मेरठ-प्रयागराज गंगा एक्सप्रेस वे का डिजाइन जारी कर दिया है। डिजाइन के तहत मेरठ में हापुड़ रोड पर एनएच-235 (अब एनएच-334) पर इंटरचेंज का निर्माण होगा, जो बिल्कुल गोल चक्कर की तरह दिखेगा। नीचे से एनएच-235 से वाहन आएंगे और सीधा गंगा एक्सप्रेस वे पर पहुंच जाएंगे। 

भोपाल की कंपनी की ओर से मेरठ से प्रयागराज तक 594 किलोमीटर तक के गंगा एक्सप्रेस वे का डिजाइन तैयार किया गया है, जिसे यूपीडा ने जारी कर दिया है। इस डिजाइन से मेरठ में हापुड़ रोड का नक्शा ही बदल जाएगा। माना जा रहा है कि जिस तरह से परतापुर तिराहे का नक्शा दिल्ली-मेरठ एक्सप्रेस वे और रैपिड रेल ने बदल दिया है। उसी तरह से हापुड़ रोड का नक्शा बिजौली के पास गोल चक्कर की तरह प्रस्तावित इंटरचेंज से बदल जाएगा। मेरठ से प्रयागराज तक यह एक्सेस कंट्रोल एक्सप्रेस वे होगा। 

594 किलोमीटर का सफर छह से सात घंटे में
मेरठ से हापुड़, बुलंदशहर, अमरोहा, संभल, बदायूं, शाजहांपुर, हरदोई, उन्नाव, रायबरेली, प्रतापगढ़ होते हुए गंगा एक्सप्रेस वे प्रयागराज पहुंचेगी। 594 किलोमीटर का सफर मुश्किल से छह से सात घंटे में तय होगा। गंगा किनारे के इन इलाकों में विकास की गति तेज होगी। यूपीडा की ओर से जारी डिजाइन के तहत हर जिले में गंगा एक्सप्रेसवे का अलग-अलग डिजाइन होगा। 594 किलोमीटर में बनने वाले इंटरचेंज, फ्लाईओवर, 6 लेन ‌एक्सप्रेसवे, ओवरब्रिज सभी का अलग-अलग डिजाइन फाइनल किया गया है।  

मेरठ में 13 किलोमीटर पर होगा पहला टोल
मेरठ जिले में प्रस्तावित गंगा एक्सप्रेस वे के डिजाइन के अनुसार करीब 13 किलोमीटर पर पहला टोल प्लाजा होगा। इसी तरह जैसे-जैसे आगे बढ़ते जाएंगे तो टोल प्लाजा भी मिलता जाएगा।  

चार चरणों का तैयार किया गया डिजाइन
यूपीडा की ओर से जारी गंगा एक्सप्रेस वे का डिजाइन चारण चरणों का है। पहला चरण में मेरठ में 0.7 किलोमीटर से 137 किलोमीटर का प्रस्तावित किया गया है। इस तरह दूसरा चरण 137 किमी. से 289 किमी. का होगा। तीसरा चरण 289 किमी. से 445 किमी. का होगा। चौथा चरण 445 किमी. से आगे का दिखाया गया है।

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