
अयोध्या में श्रीराम मंदिर पर ध्वजारोण समारोह को लेकर नेपाल सीमा पर अलर्ट
Siddhart-nagar News - सिद्धार्थनगर, निज संवाददाता। अयोध्या में श्रीराम मंदिर पर ध्वजारोहण समारोह 25 नवंबर को है, जिसमें
सिद्धार्थनगर, निज संवाददाता। अयोध्या में आगामी 25 नवंबर को श्रीराम मंदिर पर होने वाले ध्वजारोहण समारोह में प्रधानमंत्री के आगमन को लेकर जिले से सटी नेपाल सीमा को अलर्ट पर रखा गया है। गहन जांच के बाद ही किसी को भी प्रवेश दिया जा रहा है। सामानों की जांच के साथ आने वालों की आईडी देखी जा रही है। संतुष्ट होने पर प्रवेश दिया जा रहा है। खुफिया एजेंसियां भी संदिग्धों पर नजर बनाए हुए हैं, जिससे कोई भी शरारती तत्व भारतीय सीमा में प्रवेश कर अमन के लिए खतरा न बन सके। कार्यक्रम भले ही अयोध्या में होना है लेकिन सुरक्षा व्यवस्था सीमावर्ती जिलों में बढ़ गई है।
भारत-नेपाल सीमा पर बसे जिले सिद्धार्थनगर में कड़ी चौकसी बरती जा रही है। हालत यह है कि सीमा के रखवाले दिन-रात निगहबानी कर आने वालों की गहन तलाशी ले रहे हैं। उनके वाहनों, सामानों की जांच तो कर ही रहे हैं, संबंधित का पहचानपत्र देखने के बाद आने का मकसद भी पूछ रहे हैं। पूरी तरह से आश्वस्त होने के बाद ही प्रवेश दे रहे हैं। परंपरागत मार्गों पर तो सुरक्षा जवान अलर्ट हैं ही, गैरपरंपरागत मार्गों पर नजर रखने के लिए पेट्रोलिंग कर रहे हैं। अक्सर गैरपरंपरागत मार्गों का प्रयोग तस्करों द्वारा किया जाता है। वे तस्करी के सामानों को इस पार, उसपार करने लिए गैरपरंपरागत मार्गों का ही प्रयोग करते हैं। सीमा पर एसएसबी, पुलिस तो जांच के लिए लगी ही है, खुफिया एजेंसियां भी संदिग्धों पर पैनी नजर बनाए हुए हैं। जिले से सटी है 68 किमी लंबी नेपाल सीमा जिले के उत्तर में नेपाल से लगी 68 किलोमीटर लंबी सीमा है। पूरी सीमा खुली है। अनगिनत गैरपरंपरागत मार्ग हैं, जिनका शरारती तत्व कर सकते हैं। इस शंका को दूर करने के लिए एसएसबी व सिविल पुलिस दिन-रात पेट्रोलिंग कर गैरपरंपरागत मार्गों पर नजर बनाए हुए है। कोट बॉर्डर पर अलर्ट है। सुरक्षा एजेंसियों को चौकस कर दिया गया है। बगैर जांच किसी को भी सीमा में प्रवेश नहीं दिया जा रहा है। सुरक्षा जवानों के साथ खुफिया एजेंसियां भी सीमा पर नजर बनाए हुए हैं। प्रशांत कुमार प्रसाद, एएसपी

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