Shamli News: कांवड़ यात्रा: सुरक्षा, सेवा और ट्रैफिक प्रबंधन की फिर होगी अग्निपरीक्षा
Shamli News: शामली जिले में सावन माह की शुरुआत हो रही है, जिसके चलते प्रशासन कांवड़ यात्रा की तैयारियों में जुटा है। यहां लाखों कांवड़िये हरिद्वार से जल लेकर विभिन्न राज्यों की ओर जाते हैं। प्रशासन ने सुरक्षा, ट्रैफिक प्रबंधन और सुविधाओं को मजबूत करने के लिए इंतजाम किए हैं।
Shamli News: शामली। सावन माह गुरुवार से प्रारंभ हो रहा है। इसके साथ ही जिला प्रशासन कांवड़ की तैयारियों को अंतिम रूप देने में लग गया है। गुरुवार से सावन मास प्रारंभ हो गया जायेगा। इसके चलते कांवड़ मार्ग पर साफ सफाई से लेकर पथ प्रकाश व्यवस्था का कार्य पूरा कर लिया गया। कांवड़ यात्रा के प्रमुख मार्गों में शामिल शामली जनपद एक बार फिर शिवभक्ति के रंग में रंगने को तैयार है। हरिद्वार से जल लेकर दिल्ली, हरियाणा, राजस्थान आदि की ओर जाने वाले लाखों कांवड़ियां इस मार्ग से होकर गुजरते है। इस बार भी कावंड यात्रा प्रशासन की सुरक्षा सेवा और ट्रैफिक प्रबंधन की अग्निपरीक्षा होगी।इसी को लेकर सुरक्षा, ट्रैफिक और मूलभूत सुविधाओं की तैयारियों को और मजबूत किया जा रहा है।
हरिद्वार से गंगाजल लेकर कांवड़ियों का आवागमन
हरिद्वार से गंगाजल लेकर करीब 30 से 35 लाख कांवड़िया शामली शहर से होकर गुजरते है। सावन माह 30 जुलाई से प्रारंभ हो र हा लेकिन इससे पहले ही कांवड़ियों का आवागमन शुरू हो गया है। सावन लगते ही कावंडियों की संख्या तेजी से बढ़ेगी और शिवरात्रि तक दिन पर दिन कांवड़ियों का सैलाब बढ़ता जा जायेगा। इसलिए प्रशासन कांवड़ियों की सुविधा, सुरक्षा एवं आदि की तैयारियों में जुट गया है। संवेदनशील स्थलों पर सीसीटीवी कैमरे, नाइट विजन कैमरे, ड्रोन कैमरों और वॉच टावर के माध्यम से चौबीसों घंटे निगरानी की व्यवस्था गई। कांवड़ मार्ग पर मीट, मछली और अंडे की दुकानों को बंद रखने के निर्देश जारी किए जा चुके है। डीएम आलोक कुमार यादव का कहना है कि कांवड़ यात्रा की तैयारियां पूरी कर ली गयी। कांवड़ यात्रा शांतिपूर्ण एवं सफल संपन्न कराना ही प्रशासन की प्राथमिकता है। इसके लिए सभी व्यवस्थाएं की गयी है।
रुट डायवर्जन से ट्रैफिक प्रबंधन की चुनैती
शहर में बेरिकेटिंग एवं बाहरी मार्गों पर रुट डायवर्जन के चलते यातायात प्रबंधन भी एक चुनौती होगी। कांवड़ मार्ग पर रुट डायवर्जन 30 जुलाई से प्रस्तावित है। कांवड़ मार्ग पर भारी वाहनों का संचालन बंद हो जायेगा। रुट डायवर्जन के चलते दिल्ली-सहारनपुर राष्ट्रीय राजमार्ग और शहर के प्रमुख मार्गों पर कई दिनों तक डायवर्जन लागू रहने से आम लोगों, व्यापारियों और रोडवेज यात्रियों को लंबा सफर तय करना पड़ेा। बसों के रूट बदलने से यात्रियों को अतिरिक्त दूरी तय करनी पड़ी।
कांवड़ सेवा शिविर भी यात्रा की विशेष पहचान बने
सामाजिक, धार्मिक और व्यापारिक संगठनों ने जगह-जगह भंडारे, चिकित्सा शिविर, पेयजल, विश्राम स्थल और प्राथमिक उपचार की व्यवस्था की जायेगी। इन कांवड़ शिविरों में भी सुरक्षा आदि को लेकर पहले से ही लाइट एवं साफ सफाई आदि की व्यवस्था की जा रही है। कांवड़ सेवा शिविरों के अलावा स्वास्थ्य विभाग भी कांवड़ मार्ग पर विभिनन स्थानों पर कांवडियों ने लिए चिकित्सा शिविर लगाएगा। इनमें कांवड़ियों के प्राथिमक उपचार की सभी सुविधाएं उपलब्ध होगी।
डाक कांवड़ियों को शहर के बाहर से गुजरने की व्यवस्था
यात्रा के अंतिम चरण में शिवरात्रि से पहले डाक कांवड़ और झांकियों के कारण शामली शहर में श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ी थी। इस बार अधिकांश डाक कांवड़ियों को शहर के बाहर से गुजराने की व्यवस्था की गयी है। इसलिए लिए तहसील चौराहे से ही डांक कांवड़ियों को रिंग रोड से गुजरने की व्यवस्था की गयी है। इसके लिए संकेतक भी लगाए गए है।
शहर में तीन वॉच टॉवर व नाइट विजन कैमरों से होगी निगरानी
शामली। शहर के अंदर भी जहां डिवाइडरों आदि पर रंगाई पुताई का कार्य पूरा हो गया है। वहीं 400 अतिरिक्त लाइटें भी लगायी गयी है। शहर के अंदर कांवड़ मार्ग पर शिव भजनों के लिए लाउड़ स्पीकर भी लगाए गए है। सुरक्षा एवं निगरानी के लिए जिले में शहर के अंदर तीन वॉच टॉवर के साथ ही नाइट विजन कैमरों से निगरानी की जायेगी। शिव चौक पर भी साज सजावट की जायेगी।


