DA Image
हिंदी न्यूज़ › उत्तर प्रदेश › शाहजहांपुर › छेड़छाड़ के आरोप में फंसे शाहजहांपुर के स्टेशन अधीक्षक
शाहजहांपुर

छेड़छाड़ के आरोप में फंसे शाहजहांपुर के स्टेशन अधीक्षक

हिन्दुस्तान टीम,शाहजहांपुरPublished By: Newswrap
Tue, 28 Sep 2021 03:41 AM
छेड़छाड़ के आरोप में फंसे शाहजहांपुर के स्टेशन अधीक्षक

शाहजहांपुर रेलवे के स्टेशन अधीक्षक फंस गए हैं। उन पर उनकी अधीनस्थ महिला कर्मी ने छेड़छाड़ जैसा गंभीर आरोप लगाया है। डीआरएम से शिकायत के बाद जांच कमेटी के सामने दोनों की एक पेशी हो चुकी है। अब स्टेशन अधीक्षक समेत तीन लोगों को दोबारा से 30 सितम्बर को जांच कमेटी ने तलब किया है।

कोविड-19 की पहली लहर से पहले तिलहर से ट्रांसफर होकर शाहजहांपुर में तैनाती पाए स्टेशन अधीक्षक एके गौतम पर महिला कर्मी ने छेड़छाड़ का आरोप लगा दिया। मंडल रेल प्रबंधक ने पूरे मामले की जांच एसीएमएस को सौंपी थी। जांच कमेटी ने 14 सितम्बर को शिकायतकर्ता महिला कर्मी और स्टेशन अधीक्षक को जांच के लिए बुलाया था। बताते हैं कि एसएस ने महिला कर्मी को रिलीव किए बिना ही खुद मुरादाबाद पहुंच गए। जब वहां वादी के बारे में पूछा तो खुद कोई जवाब नहीं दिया। जांच कमेटी ने महिला कर्मी को फोन कर लाइन पर लिया तो उसने रिलीव नहीं करने की बात बता दी। जिसके बाद तुरन्त ही रेलवे के जिम्मेदारों ने रिलीव कर उसे दोपहर में आने वाली ट्रेन से मुरादाबाद के लिए रवाना किया। दोनों पक्षों की बातों को सुना गया। बताते हैं कि महिला ने स्टेशन अधीक्षक की मोबाइल से हुई बात की रिकार्डिंग समेत कई साक्ष्य प्रस्तुत किए हैं। वहीं एसएस ने भी कई आरोप लगाए हैं।

पहली पेशी पर कोई निर्णय नहीं निकल सका। जांच में निकलकर आए तथ्य में एक टीटीई का नाम भी उछाला गया। एसीएमएस ने अब 30 सितम्बर को एसएस, पीड़ित महिला कर्मचारी और टीटीई को तलब किया। एसीएमएस ने 24 सितम्बर को वरिष्ठ मंडल परिचालन प्रबंधक मुरादाबाद को पत्र भेजकर जांच के दिन तीनों को कार्यमुक्त कर भेजने के निर्देश दिए है। पत्र में बताया कि शिकायत की जांच 30 सितम्बर को मंडल रेल प्रबंधक कार्यालय में सहायक कार्यालय अधीक्षक संदीप सक्सेना के कक्ष में निर्धारित की गई।

इस मामले में सीनियर डीसीएम ने बताया कि मामले की जांच की जा रही है। जांच रिपोर्ट अभी मिली नहीं है।

स्टेशन अधीक्षक एके गौतम ने बताया कि आपके पास यह सूचना कहां से आई। जहां से सूचना आई है। उससे पूछिए। हमारे पास तो महिला कर्मचारी द्वारा आरोप लगाए जाने की सूचना नहीं है।

संबंधित खबरें