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शाहजहांपुरगौरीखेड़ा गांव में नर तेंदुआ का शव मिला

हिन्दुस्तान टीम,शाहजहांपुरPublished By: Newswrap
Mon, 24 May 2021 11:50 PM
जिले की तिलहर के गांव गौरीखेड़ा गांव में गर्रा नदी के किनारे जंगल में सोमवार को नर तेंदुआ का शव बरामद किया...
1 / 3जिले की तिलहर के गांव गौरीखेड़ा गांव में गर्रा नदी के किनारे जंगल में सोमवार को नर तेंदुआ का शव बरामद किया...
जिले की तिलहर के गांव गौरीखेड़ा गांव में गर्रा नदी के किनारे जंगल में सोमवार को नर तेंदुआ का शव बरामद किया...
2 / 3जिले की तिलहर के गांव गौरीखेड़ा गांव में गर्रा नदी के किनारे जंगल में सोमवार को नर तेंदुआ का शव बरामद किया...
जिले की तिलहर के गांव गौरीखेड़ा गांव में गर्रा नदी के किनारे जंगल में सोमवार को नर तेंदुआ का शव बरामद किया...
3 / 3जिले की तिलहर के गांव गौरीखेड़ा गांव में गर्रा नदी के किनारे जंगल में सोमवार को नर तेंदुआ का शव बरामद किया...

जिले की तिलहर के गांव गौरीखेड़ा गांव में गर्रा नदी के किनारे जंगल में सोमवार को नर तेंदुआ का शव बरामद किया गया। वन विभाग की टीम ने तेंदुआ के शव को बरेली आईवीआरआई में पोस्टमार्टम के लिए भेजा है। वन टीम ने आशंका जताई है कि तेंदुआ केकी मौत आरी वाले तार में फंसने और जख्मी होकर अधिक खून बह जाने की वजह से हुई है।

सोमवार को गर्रा नदी के किनारे गौरीखेड़ा गांव के अनुराग त्रिवेदी के दो बच्चे अन्य बच्चों के साथ खेलते हुए जंगल में चले गए। बच्चों ने एक पेड़ के पास तेंदुए को लेटा देखा और चीखते हुए गांव में पहुंचे। बच्चों ने गांव में पहुंचकर सबको जंगल में शेर के होने की जानकारी दी। बच्चों के बताने पर तमाम ग्रामीण एकत्र हुए और लाठी डंडा लेकर जंगल में गए।

तेंदुआ जिंदा है या मरा, पत्थर फेंक कर जाना

= ग्रामीणों ने दूर से देखा तो तेंदुआ लेटा हुआ था, जिस पर सभी लोग अलर्ट हो गए और पत्थर फेंक कर मारने लगे। जब कोई हलचल नहीं हुई तो धीरे-धीरे ग्रामीण आगे बढ़े।

कई दिन पुराना लग रहा तेंदुआ का शव

=ग्रामीणों ने बताया कि जब वह पड़ोस में पहुंचे तो तेंदुआ के शव से बदबू आ रही थी, ऐसा लगा कि तेंदुआ को मरे हुए कई दिन हो गए थे। तेंदुआ के गर्दन और पेट के पास कीड़े पड़ चुके थे।

कुछ दिन पहले दिखा था तेंदुआ का जोड़ा

=वन विभाग की टीम को ग्रामीणों ने बताया कि कुछ दिन पहले गांव के लोगों ने तेंदुआ का जोड़ा देखा था। उन्होंने आशंका जताई है कि हो सकता है कि यह तेंदुआ उन्हीं में से एक हो।

गर्दन और पेट पर जख्म थे तेंदुआ के

=वन दरोगा अजय सिंह ने बताया कि तेंदुआ नर था। तेंदुआ की गर्दन और पेट के पास जख्म के निशान हैं। उन्होंने बताया कि ग्रामीणों द्वारा खेतों में लगाए गए आरी वाले तारों में तेंदुआ फंस गया होगा, जिससे वह जख्मी हो गया होगा। तार से कटने के बाद अधिक खून बह जाने एवं जख्म ठीक न होने के कारण कीड़े पड़ गए, जिससे उसकी मौत हो गई होगी।

चार से पांच साल उम्र थी तेंदुआ की

गौरीखेड़ा और कुकहा गांव के बीच में काफी समय से तेंदुआ के पगचिन्ह दिखाई पड़ रहे थे। खेरासण्डा और ऊनखुर्द गांव के आसपास काफी दिनों तक तेंदुआ की हलचल रही। डर की वजह से लोगों ने खेतों में भी जाना छोड़ दिया था। सोमवार दोपहर पहले कुकहा गांव के बच्चों फिर गौरीखेड़ा गांव के अनुराग त्रिवेदी ने कठिना नदी के किनारे तेंदुआ को मृत पड़ा देखा। मृत मिले तेदुआ की उम्र चार या पांच साल बताई जा रही है। डीएफओ आदर्श कुमार ने बताया कि शव को पीएम के लिए आरवीआरआई बरेली भेजा जाएगा। उसके बाद ही मौत का कारण स्पष्ट हो सकेगा।

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