
यूपी में पहली दिसंबर शुरू हो रही उपभोक्ता को राहत देने वाली यह योजना, घर-घर जाएंगे बिजलीकर्मी
यूपी पहली दिसंबर से शुरू हो रही ’बिल राहत योजना’ उपभोक्ताओं को राहत देगी। पॉवर काॅरपोरेशन के चेयरमैन ने कहा कि यह योजना नेवर पेड, लॉन्ग अनपेड तथा चोरी के प्रकरणों के समाधान के लिये बहुत ही लाभकारी है। पहली बार सरचार्ज पूरा माफ तथा मूलधन में भी भारी छूट मिल रही है।
यूपी पॉवर कॉरपोरेशन ने पहली दिसंबर से शुरू हो रही ’बिल राहत योजना’ को प्रभावी बनाने की तैयारी शुरू कर दी है। गुरुवार को शक्ति भवन में कॉरपोरेशन अध्यक्ष डॉ. आशीष कुमार गोयल ने योजना की तैयारियों की समीक्षा की। उन्होंने कहा कि यह योजना नेवर पेड, लॉन्ग अनपेड तथा चोरी के प्रकरणों के समाधान के लिये बहुत ही लाभकारी है। पहली बार सरचार्ज पूरा माफ तथा मूलधन में भी भारी छूट मिल रही है। योजना में आसान किस्तों में बकाया जमा करने की सुविधा तथा बिजली चोरी के मामलों में भी बड़ी राहत है। इसलिये प्रत्येक उपभोक्ता से सम्पर्क कर उसे बताएं कि वह अपना बकाया जमा कर योजना का लाभ लें। बिजली कर्मचारी घर-घर जाएंगे।
अध्यक्ष ने कहा कि प्रत्येक उपभोक्ता से फोन और व्यक्तिगत रूप से सम्पर्क करके योजना का लाभ लेने के लिये सहमत करें। मुनादी कराएं। उन्हें बकाये की नोटिस दें तथा योजना के पम्पलेट एवं सूचना पर्ची दें। अध्यक्ष ने कहा कि बिजली चोरी के मामलों में बतायें कि योजना के माध्यम से मुकदमा तथा एफआईआर का निस्तारण कराएं। कोर्ट- कचेहरी के चक्कर से बचें। जिन क्षेत्रों में योजना के ज्यादा पात्र बकायेदार उपभोक्ता हैं, वहां विशेष रणनीति बनाकर कार्य किया जाए।
उन्होंने कहा कि उपभोक्ता यदि एक बार में पूरा बकाया जमा करते हैं तो उन्हें बकाए पर ब्याज (सरचार्ज) में 100 प्रतिशत छूट के साथ ही मूलधन में भी 25 प्रतिशत की छूट मिलेगी। यह योजना दो किलोवाट तक के घरेलू उपभोक्ताओं और एक किलोवाट तक के वाणिज्यिक उपभोक्ताओं पर लागू होगी।
उपभोक्ताओं पर 45980 करोड़ बकाया
प्रदेश में नेवर पेड 5412443 उपभोक्ता हैं जिन पर मूल धनराशि के रूप में 16105 करोड़ रुपया बकाया है। लॉन्ग अनपेड उपभोक्ता 9145985 हैं जिन पर मूल धनराशि के रूप में 15100 करोड़ बकाया है। इस तरह कुल 14558428 उपभोक्ता हैं जिन पर मूल धनराशि 31205 करोड़ रूपया बकाया है। सरचार्ज मिलाकर यह राशि 45980 करोड़ बनती है। जिसमें 24775 करोड़ सरचार्ज के रूप में है। बैठक को प्रबन्ध निदेशक पंकज कुमार ने भी संबोधित किया।





