एक से अधिक मामले दर्ज होने पर खुलेगी हिस्ट्रीशीट
Santkabir-nagar News - संतकबीरनगर, हिन्दुस्तान टीम। संतकबीरनगर जिले में गो-तस्करी और गोवध जैसे अपराध में प्रकाश

संतकबीरनगर, हिन्दुस्तान टीम। संतकबीरनगर जिले में गो-तस्करी और गोवध जैसे अपराध में प्रकाश में आए तस्करों की अब खैर नहीं है। ऐसे पशु तस्कर जो एक से अधिक बार जेल गए हैं या उनके विरुद्ध एक से अधिक मुकदमें दर्ज हैं तो उन्हें चिन्हित करके हिस्ट्रीशीट खोली जाएगी। साथ ही उनका डोजियर भी तैयार होगा। इसके लिए डीआईजी बस्ती रेंज ने बस्ती, सिद्धार्थनगर और संतकबीरनगर में 15 दिन का विशेष अभियान चलाया है।
गोह्तस्करी की रोकथाम
डीआईजी बस्ती संजीव त्यागी ने गो-तस्करी और गोवध की घटित घटनाओं की रोकथाम के संबंध में अभी हाल में ही समीक्षा की। जिसमें पाया कि ऐसे अपराधों की रोकथाम के लिए अपेक्षित स्तर पर कार्यवाही नहीं की जा रही है। जबकि विगत दिनों हुए राज्य स्तरीय पुलिस मंथन में इस अपराध की रोकथाम के लिए विस्तृत चर्चा हुई थी। पशु तस्करी की घटनाओं को लेकर पिछले वर्ष गोरखपुर में शांति और कानून व्यवस्था की स्थिति उत्पन्न हो गई थी। डीआईजी ने बस्ती, संतकबीरनगर और सिद्धार्थनगर में 05 मई से 15 दिनों का विशेष अभियान शुरू कराया है। इसमें वर्ष 2021 से अब तक गो-तस्करी, गोवध के मामले में जेल भेजे गए आरोपी सूचीबद्ध किए जाएंगे। ऐसे आरोपी जिनके खिलाफ गोवध व गो-तस्करी के एक से अधिक मुकदमें दर्ज हैं, उनकी वर्तमान गतिविधियों की गहनता से जांच होगी। यदि आरोपी वर्तमान में सक्रिय होंगे तो उनके विरुद्ध प्रभावी निरोधात्मक कार्रवाई की जाएगी। थानों पर गोवध एवं गो-तस्करी के मामलों में दाखिल वाहनों को सूचीबद्ध किया जाएगा। ऐसे वाहन जिनके खिलाफ जब्तीकरण की कार्रवाई नहीं हुई होगी, तत्काल जिला मजिस्ट्रेट को रिपोर्ट भेजी जाएगी। ऐसे वाहन जिनमें पूर्व में रिपोर्ट भेजी गई, उनमें प्रभावी पैरवी करा कर वाहनों के जब्तीकरण की कार्रवाई कराई जाएगी। 2021 से अब तक ऐसे आरोपी जिनके खिलाफ एक से अधिक मुकदमें दर्ज हैं, उनकी एचएस खोलने के साथ डोजियर तैयार होगा। डोजियर तैयार कराते वक्त इनके आय के स्रोत एवं अर्जित संपत्ति की भी जानकारी संकलित की जाएगी।
तस्करों पर कार्रवाई
--------------------------
संतकबीरनर में 05 साल में 167 पर गैंगस्टर और 82 पर गुंडा एक्ट की हुई है कार्रवाई
पुलिस के रिकॉर्ड में संतकबीरनगर में वर्ष 2020 से अब तक गोतस्करी, गोवध एवं पशुक्रूरता में संलिप्त कुल 213 आरोपी चिन्हित हैं। जिसमें सर्वाधिक दुधारा में 131 और बखिरा में 15 आरोपी है। जबकि खलीलाबाद में 19, धनघटा में 17, महुली में 10, मेंहदावल में 09, बेलहर कला में 05 और धर्मसिंहवा में 07 आरोपी हैं। इसमें 167 तस्करों पर गैंगस्टर एक्ट की कार्रवाई हुई है। जिसमें सर्वाधिक दुधारा पुलिस ने 120 तो बखिरा पुलिस ने 12 तस्करों पर गैंगस्टर एक्ट की कार्रवाई की है। खलीलाबाद में 09, बेलहर व धर्मसिंहवा में 05-05, महुली में 06 आरोपियों पर गैंगस्टर की कार्रवाई हुई है।
82 तस्करों पर गुंडा एक्ट की कार्रवाई हुई है। इसमें सर्वाधिक दुधारा पुलिस ने 43 तो बखिरा पुलिस ने 08 और धनघटा ने 15 तस्करों पर गुंडा अधिनियम की कार्रवाई की है। शेष अन्य थानों पर गुंडा एक्ट की कार्रवाई हुई है। 58 तस्करों की हिस्ट्रीशीट खुली है। इसमें सर्वाधिक दो सगे भाई समेत 27 तस्करों की दुधारा पुलिस ने हिस्ट्रीशीट खोली है। जबकि बखिरा पुलिस ने 12 और धनघटा, महुली में 07-07 तस्करों की हिस्ट्रीशीट खोली गई है। खलीलाबाद पुलिस 04, बेलहर पुलिस 01 तस्कर की हिस्ट्रीशीट खोली है। इसके अलावा पशु तस्कर व गोवध से संबंधित 18 गैंग पंजीकृत हुआ है। जबकि 04 मामलों में तस्करो की संपत्ति जब्त कराई गई है।
पुलिस की निगरानी
एसपी संदीप कुमार मीना ने बताया कि गोवध और गो-तस्करी से जुड़े अपराध में संलिप्त आरोपियों को चिन्हित करके एचएच खोलने और डोजियर तैयार कराने की कार्रवाई के लिए 15 दिनों का विशेष अभियान चल रहा है। इस पर पुलिस की कड़ी नजर है। तस्करों पर निरंतर सतर्क दृष्टि रखी जा रही है। गोस्तकरों की आर्थिक कमर तोड़ने के लिए गैंगस्टर की कार्रवाई की जा रही है। अपराध से अर्जित उनकी संपत्ति को जब्त कराई जाएगी।
सामान्य प्रश्न
लेखक के बारे में
Hindustanलेटेस्ट Hindi News , बॉलीवुड न्यूज, बिजनेस न्यूज, टेक , ऑटो, करियर , और राशिफल, पढ़ने के लिए Live Hindustan App डाउनलोड करें।


