Hindi NewsUttar-pradesh NewsSaharanpur NewsSenior Leader Shagufta Khan Passes Away Leaving a Legacy in Politics and Social Service
पूर्व दर्जा प्राप्त मंत्री शगुफ्ता खान का निधन, राजनीतिक व सामाजिक जगत में शोक

पूर्व दर्जा प्राप्त मंत्री शगुफ्ता खान का निधन, राजनीतिक व सामाजिक जगत में शोक

संक्षेप:

Saharanpur News - पूर्व राज्यमंत्री शगुफ्ता खान का लंबी बीमारी के बाद निधन हो गया, जिससे राजनीतिक और सामाजिक जगत में शोक की लहर दौड़ गई। उन्होंने नकुड़ क्षेत्र में राजनीति और समाजसेवा में महत्वपूर्ण योगदान दिया। शगुफ्ता खान ने गरीबों की मदद की और कई बेटियों के विवाह संपन्न कराए। उनके निधन पर लोगों ने गहरा दुख व्यक्त किया।

Jan 05, 2026 11:01 pm ISTNewswrap हिन्दुस्तान, सहारनपुर
share Share
Follow Us on

पूर्व राज्यमंत्री एवं वरिष्ठ महिला नेत्री शगुफ्ता खान का सोमवार को लंबी बीमारी के बाद निधन हो गया। उनके निधन की खबर से राजनीतिक और सामाजिक जगत में शोक की लहर दौड़ गई। नकुड़ क्षेत्र में उन्होंने न सिर्फ राजनीति बल्कि समाजसेवा के क्षेत्र में भी अपनी विशिष्ट पहचान बनाई थी। शगुफ्ता खान सरोकार सामाजिक संस्था की अध्यक्ष रहीं। उन्होंने समय-समय पर क्षेत्र के गरीब और असहाय लोगों को कंबल वितरित किए और महिलाओं को सूट आदि उपलब्ध कराए। उन्होंने शगुफ्ता खान, उनके पति पूर्व पालिका चेयरमैन खालिद खान और पुत्र साहिल खान ने मिलकर क्षेत्र की सैकड़ों जरूरतमंद बेटियों के विवाह भी संपन्न कराए।

प्यार से लेकर प्रमोशन तक 2026 का पूरा हाल जानें ✨अभी पढ़ें

उनके निधन पर विभिन्न राजनीतिक दलों के नेताओं, सामाजिक संगठनों और क्षेत्रवासियों ने गहरा दुख व्यक्त करते हुए उन्हें एक संवेदनशील और जनसेवा को समर्पित नेत्री बताया। राजनीति में नकुड़ को दिल्ली तक दिलाई पहचान सहारनपुर। नकुड़ को राजनीतिक रूप से प्रदेश से लेकर दिल्ली तक पहचान दिलाने वाली वरिष्ठ महिला नेत्री शगुफ्ता खान के निधन से नगर में शोक का माहौल है। उनके निधन पर बड़ी संख्या में नगरवासियों और समर्थकों ने शोक संवेदनाएं व्यक्त कीं। शगुफ्ता खान ने नकुड़ से ही अपने राजनीतिक जीवन की शुरुआत की और अधिकांश समय यहीं रहकर जनसेवा की। वर्ष 2012 के विधानसभा चुनाव में वे उस समय चर्चा में आईं, जब बहुजन समाज पार्टी ने गंगोह विधानसभा क्षेत्र से नाहिद हसन का टिकट काटकर उन्हें प्रत्याशी बनाया था। चुनावी दौर में उन पर हमले के आरोप भी लगे, हालांकि वह चुनाव जीत नहीं सकीं। इसके बाद शगुफ्ता खान समाजवादी पार्टी में शामिल हो गईं और अखिलेश यादव सरकार में उन्हें राज्यमंत्री का दर्जा प्राप्त हुआ। वे समाजवादी पार्टी की जिलाध्यक्ष भी रहीं। शगुफ्ता खान की राजनीतिक लोकप्रियता का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि उनके पति खालिद खान वर्ष 2007 में नकुड़ नगरपालिका से पालिका चेयरमैन निर्वाचित हुए। उनके पुत्र साहिल खान ने भी वर्ष 2022 का नकुड़ विधानसभा चुनाव लड़कर राजनीति में खान परिवार की मजबूत मौजूदगी दर्ज कराई।