ज्ञानवापी मस्जिद की दीवार पर गेरुआ रंग और आकृतियों पर बढ़ा विवाद, शहर मुफ्ती ने दर्ज कराई आपत्ति
श्रीकाशी विश्वनाथ धाम परिसर स्थित ज्ञानवापी मस्जिद की दीवार के कुछ हिस्से पर गेरुआ रंग से डमरू, सांप समेत की आकृति बनाए जाने को लेकर विरोध शुरू हो गया है। शहर मुफ्ती ने डीसीपी सुरक्षा को ज्ञापन सौंपकर आपत्ति जताई।

श्रीकाशी विश्वनाथ धाम परिसर स्थित ज्ञानवापी मस्जिद की दीवार के कुछ हिस्से पर गेरुआ रंग से डमरू, सांप समेत की आकृति बनाए जाने को लेकर विरोध शुरू हो गया है। शहर मुफ्ती ने डीसीपी सुरक्षा को ज्ञापन सौंपकर आपत्ति जताई। इसे धार्मिक पंरपराओं के खिलाफ बताया। उधर, इस मुद्दे को लेकर नाराजगी को देखते हुए जुमे पर हाई अलर्ट रहा। गेट नंबर चार पर नमाज समाप्त होने तक बड़ी संख्या में फोर्स की तैनाती रही।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी 28 और 29 अप्रैल को काशी दौरे पर आए थे। 29 अप्रैल की सुबह वह श्रीकाशी विश्वनाथ मंदिर गए थे। प्रधानमंत्री के स्वागत में सजावट की गई थी। आरोप है कि मंदिर प्रशासन की ओर से गेट नंबर चार की ओर की दीवार एवं पूर्वी दिशा में ग्रिल से सटी मस्जिद की दीवार पर गेरुआ रंग से डमरू, सांप आदि की आकृति बना दी गई थी। इसे लेकर ज्ञानवापी मसाजिद इंतेजामिया कमेटी के पदाधिकारियों ने आपत्ति जताई थी। प्रधानमंत्री के रवानगी के बाद इसे हटाने के लिए कहा जा रहा था।
शुक्रवार को जुमे पर शहर मुफ्ती अब्दुल बातिन नोमानी ने डीसीपी सुरक्षा अनिल कुमार यादव को ज्ञापन सौंपा। कहा कि मस्जिद की दीवार के कुछ हिस्से की रंगाई गेरुआ रंग से आकृतियां बनाई गई हैं। इस तरह की रंगाई धार्मिक मर्यादाओं के खिलाफ है। चेतावनी भी दी कि यदि इसे नहीं हटाया गया तो विरोध जारी रहेगा। आकृति के मुद्दे पर आपत्ति और नाराजगी को देखते हुए जुमे पर ज्ञानवापी पर हाई अलर्ट रहा। चौक, दशाश्वमेध थाने की पुलिस के साथ ही नए सिपाहियों के साथ फ्लैग मार्च किया गया। गेट नंबर चार पर डीसीपी काशी जोन गौरव बंसवाल, एडीसीपी वैभव बांगर और एसीपी दशाश्वमेध डॉ. अतुल अंजान त्रिपाठी समेत पुलिस और पीएसी के जवान तैनात रहे।
इस मामले में डीसीपी सुरक्षा अनिल कुमार यादव ने बताया कि ज्ञानवापी मस्जिद की दीवार के कुछ हिस्से पर गेरुआ रंग से आकृति बनाए जाने को लेकर शहर मुफ्ती की ओर से ज्ञापन सौंपकर आपत्ति जताई गई है। इससे मंदिर प्रशासन को अवगत करा दिया गया है।
नए सिपाहियों को बताई ज्ञानवापी की संवदेनशीलता
उधर, जुमे पर श्री काशी विश्वनाथ मंदिर और ज्ञानवापी की सुरक्षा में जिले में सभी थानों पर तैनात किए गए नए सिपाहियों को भी लगाया गया था। डीसीपी काशी जोन गौरव बंसवाल, एडीसीपी वैभव बांगर और एसीपी दशाश्वमेध डॉ. अतुल अंजान त्रिपाठी ने नए सिपाहियों को ड्यूटी के दौरान सतर्कता के साथ ही श्रद्धालुओं और नमाजियों से किस तरह शालीनता से पेश आना चाहिए, इसकी जानकारी दी। साथ ही धाम एवं ज्ञानवापी की संवदेनशील पहलुओं को भी समझाया। सभी थानों से करीब साढ़े पांच सौ नए सिपाहियों को लगाया गया है।


