
मां-बेटी हत्याकांड: रम की बोतल ले पहुंचा ‘बुआ’ के घर, बहन बोली-जिसे गोद में खिलाया वही निकला गद्दार
घटना वाली रात भी रजत ने विमला को शराब पिलाकर घर से रुपये और गहने चोरी करने की योजना बनाई थी। उसने दुकान से रम की एक बोतल खरीदी और विमला के घर पहुंच गया। दो-तीन पैग लगाने के बाद रजत ने कहा कि कुछ खाने को मन कर रहा है। उसने विमला से कहा कि बुआ घर पर बोल दीजिए मां पराठा बना देगी।
यूपी के गोरखपुर के शाहपुर दोहरे हत्याकांड ने पूरे इलाके को झंकझोर कर रख दिया था। लोगों को इससे भी बड़ा खुलासे के बाद लगा। क्योंकि इस वारदात को अंजाम देने वाला कोई बाहरी नहीं, बल्कि 200 मीटर की दूरी पर रहने वाला युवक था। उसे मां-बेटी वर्षों से अपने परिवार के सदस्य जैसा मानती थीं। उसका बेरोकटोक विमला के घर में आना-जाना था। विमला भी उसके घर जाती थी और जरूरत पड़ने पर वहां से खाना भी लेकर आती थी। विमला को आरोपित रजत बुआ कहकर बुलाता था। वह अक्सर विमला के साथ शराब भी पीता था। खुलासे के बाद विमला की बड़ी बहन के मुंह से बरबस ये बात निकली। उन्होंने कहा, ‘जिसे गोद में खिलाया वही गद्दार निकला।’
घटना वाली रात भी रजत ने विमला को शराब पिलाकर घर से रुपये और गहने चोरी करने की योजना बनाई थी। उसने दुकान से रम की एक बोतल खरीदी और विमला के घर पहुंच गया। दो-तीन पैग लगाने के बाद रजत ने कहा कि कुछ खाने को मन कर रहा है। उसने विमला को बताया कि बुआ घर पर बोल दीजिए मां पराठा बना देगी। विमला ने उसके घर फोन किया और कुछ देर बाद पराठा लेने रजत के घर चली गई। जाते समय उसने अपने घर के दरवाजे में बाहर से ताला बंद दिया। चूंकि लौटकर शराब पीनी थी, इसलिए रजत अंदर ही मौजूद था। 10.56 बजे विमला वापस लौटीं, इस दौरान मोहल्ले के कुछ लोगों ने भी विमला को अपने घर जाते हुए देखा था। विमला के जाने के बाद रजत ने घर में मौजूद साढ़े चार लाख रुपये तलाश कर एक जगह रख लिए। अब उसकी नजर विमला के ब्रेसलेट-चेन और अंगूठी पर थी। इसके लिए उसे विमला के पूरी तरह नशे में टुल्ल होने का इंतजार था।
शराब पीने के बाद जब वह ब्रेसलेट निकालने की कोशिश करने लगा तो विमला उसकी हरकत समझ गई। हालांकि रजत ने पहले से ही पास में हथौड़ा खोज कर रख रखा था। फिंग्रर प्रिंट न आए इसके लिए उस पर कपड़ा लपेट दिया था। रजत ने पहले विमला और उसके बाद उसकी मां शांति देवी की हथौड़े से वारकर हत्या कर दी। वारदात को अंजाम देने के बाद 11.20 बजे वह घर से निकला गया था।
रजत के ऊपर शांति देवी के परिवार का इस कदर भरोसा था कि विमला की बड़ी बहन सुशीला जब आई तो पहली रात इसी के घर में ठहरी थीं। रजत ने उन्हें भी भरोसे में ले रखा था। हत्या के खुलासे की सूचना पर पुलिस लाइंस पहुंची सुशीला ने कहा कि हमलोगों के सामने ही यह बड़ा हुआ। इसे बेटे की तरह गोद में खिलाया-पिलाया गया पर आज यही गद्दार निकल गया। अब कोई किस पर भरोसा करे।





