Prayagraj News: मौत का सबब बन सकते हैं मंडल के 1863 खुले ट्रांसफॉर्मर
Prayagraj News: प्रयागराज में खुले और असुरक्षित ट्रांसफॉर्मरों के जानलेवा हादसों को कम करने के लिए मंडलायुक्त ने 1863 ट्रांसफार्मरों की फेंसिंग और बैरिकेडिंग का निर्देश दिया है। तीन महीनों में सुरक्षा निर्धारित मानकों के अनुसार सुनिश्चित की जाएगी। प्राथमिकता के तहत 500 ट्रांसफार्मर चिह्नित किए गए हैं।

Prayagraj News: प्रयागराज। खुले और असुरक्षित ट्रांसफॉर्मरों से आमजन को होने वाले जानलेवा हादसों का खतरा अब कम होगा। मंडलायुक्त डॉ. लोकेश एम. ने विद्युत सुरक्षा की समीक्षा करते हुए मंडल में खुले या अपर्याप्त सुरक्षा व्यवस्था वाले मंडल के 1863 ट्रांसफार्मरों की फेंसिंग और बैरिकेडिंग कराने के निर्देश दिए हैं। सभी चिह्नित ट्रांसफार्मरों को तीन महीने के भीतर निर्धारित तकनीकी मानकों के अनुरूप सुरक्षित करने का लक्ष्य रखा गया है। मंडलायुक्त ने मुख्य अभियंता वितरण क्षेत्र प्रथम व द्वितीय के साथ बैठक में विभिन्न क्षेत्रों में खुले में स्थापित ट्रांसफार्मरों की स्थिति की समीक्षा की। उन्होंने कहा कि बिना फेंसिंग के ट्रांसफार्मरों के आसपास लोगों की आवाजाही बनी रहती है। ऐसे स्थानों पर खासकर बच्चों और पशुओं के करंट की चपेट में आने का खतरा रहता है। इसलिए सुरक्षा व्यवस्था में किसी तरह की लापरवाही नहीं होनी चाहिए। मंडलायुक्त के निर्देश पर प्रयागराज शहर में प्राथमिकता के आधार पर 500 ट्रांसफॉर्मर चिह्नित किए गए हैं। विद्युत नगरीय वितरण मंडल-प्रथम में 200 और विद्युत नगरीय वितरण मंडल-द्वितीय में 300 ट्रांसफार्मर शामिल हैं। इन सभी के चारों ओर फेंसिंग और आवश्यक बैरिकेडिंग कराई जाएगी। अधिकारियों को निर्देश दिया गया है कि केवल ट्रांसफार्मर के चारों ओर औपचारिक घेराबंदी न की जाए, बल्कि निर्धारित तकनीकी मानकों के अनुसार पर्याप्त सुरक्षा व्यवस्था सुनिश्चित की जाए। चिन्हित सभी 1863 स्थलों पर फेंसिंग, बैरिकेडिंग और अन्य जरूरी सुरक्षा इंतजाम तीन महीने में पूरे कराने का लक्ष्य तय किया गया है。
कहां कितने ट्रांसफॉर्मर
क्षेत्र चिह्नित ट्रांसफार्मर
नगरीय वितरण मंडल-प्रथम, प्रयागराज 200
नगरीय वितरण मंडल-द्वितीय, प्रयागराज 300
वितरण मंडल-प्रथम, यमुनापार 347
वितरण मंडल-द्वितीय, गंगापार 316
वितरण मंडल, फतेहपुर 320
वितरण मंडल, प्रतापगढ़ 224
वितरण मंडल, कौशाम्बी 156


