जनसुनवाई में आई शिकायत, हर साल क्यों बढ़ रहा पानी का बिल
Prayagraj News - झूंसी की आवास विकास कॉलोनी के निवासियों ने नगर निगम में जनसुनवाई के दौरान पानी के बिलों में लगातार बढ़ोतरी और स्थानीय गलियों की मरम्मत का मुद्दा उठाया। अपर नगर आयुक्त ने जलकल विभाग को बिल संशोधन के निर्देश दिए। वहीं, पूर्व पार्षद ने मरम्मत के लिए आश्वासन मांगा।
शहर में पानी का बिल हर साल बढ़ता है क्या? झूंसी की आवास विकास कॉलोनी क्या शहर से अलग है? यह सवाल झूंसी स्थित आवास विकास योजना के लोगों ने मंगलवार को नगर निगम में आयोजित जनसुनवाई में अपर नगर आयुक्त दीपेंद्र यादव से पूछा। कॉलोनी के लोगों ने जनसंभव सुनवाई में अपर नगर आयुक्त दीपेंद्र यादव को ज्ञापन देने के बाद कहा कि जलकल विभाग ने वित्तीय वर्ष 2021-22 में 1161 रुपये जलकर भेजा। 2022-23 में लोगों को 1393 रुपये का बिल भेजा गया। 2025-26 में 3875 रुपये जलकर का बिल भेजा गया है। कॉलोनी की पेयजल व्यवस्था जलकल को हैंडओवर होने के पहले आवास विकास परिषद सालाना सिर्फ 600 रुपये लेता था।

लोगों की शिकायत सुनने के बाद अपर नगर आयुक्त ने जलकल के महाप्रबंधक कुमार गौरव को आवास योजना में कैंप लगाकर बिल संशोधित करने का निर्देश दिया। अपर नगर आयुक्त से शिकायत करने के बाद आवास योजना के अनुज यादव ने बताया कि कॉलोनी में सभी पानी के बिल से परेशान हैं। जलकल विभाग ने चालू वित्तीय वर्ष में एक कमरे वाले घरों को 3875 रुपये बिल भेजा है। एक सप्ताह बाद भी 60 परिवारों का बिल अपडेट नहीं पुष्प गंगा एक्जॉटिका अपार्टमेंट के 60 घरों के पानी-सीवर का बिल एक सप्ताह बाद भी पोर्टल पर अपडेट नहीं हो पाया। सुलेमसराय स्थित पुष्प गंगा एक्जॉटिका रेजिडेंट वेलफेयर सोसाइटी के निवासी मंगलवार को फिर बिल अपडेट करने की फरियाद लेकर नगर निगम पहुंचे। सोसाइटी के सचिव आशीष कुमार शर्मा ने अपर नगर आयुक्त को ज्ञापन दिया। अपर नगर आयुक्त ने जलकल के महाप्रबंधक से पूछताछ तो जवाब मिला इसी सप्ताह पोर्टल पर संशोधित बिल अपडेट कर दिया जाएगा। सोसाइटी के सचिव के मुताबिक अपार्टमेंट के 60 परिवारों ने बीते मार्च में ऑफलाइन पानी-सीवर का बिल जमा किया। तब से ही जलकल के इंजीनियर पोर्टल पर बिल अपडेट करने का आश्वासन दे रहे हैं। हकीकत में बिल जमा करने के बाद भी अपार्टमेंट के परिवार पोर्टल पर 2024-25 के बकाएदार हैं। प्रीतमनगर की बदहाल गलियों की मररम्मत का सिर्फ आश्वासन प्रीतमनगर में कई गलियों की दशकों से मरम्मत नहीं हुई। शिकायत करने पर नगर निगम के अधिकारी मरम्मत का आश्वासन देते हैं। आश्वासन का सिलसिला कई साल से चल रहा है। प्रीतमनगर के पूर्व पार्षद अमरजीत सिंह ने मंगलवार को संभव जनसुनवाई में नगर आयुक्त सीलम साई तेजा से गलियों की मरम्मत की फिर गुहार लगाई। पूर्व पार्षद को फिर आश्वासन मिला। नगर आयुक्त को ज्ञापन देने के बाद पूर्व पार्षद ने बताया कि कॉलोनी की गलियों में दशकों पहले खड़ंजा बिछाया गया था। अब खड़ंजे उखड़ रहे हैं। पूर्व पार्षद के मुताबिक कॉलोनी में कम से कम चार गलियों की दशकों से मरम्मत नहीं हुई। नगर निगम ने गलियों से क्यों मुंह फेर लिया है, नहीं पता। ओपन एयर जिम खराब मेंहदौरी के पूर्व पार्षद मुकुंद तिवारी ने सगम वाटिका और पार्वती देवी पार्क में ओपन एयर जिम खराब होने की शिकायत की। जनसुनवाई में पूर्व पार्षद ने अपर नगर आयुक्त को बताया कि दोनों पार्क में ओवर एयर जिम के उपकरण महीनों से खराब हैं। कई बार शिकायत के बाद भी जिम के उपकरण की मरम्मत नहीं हो रही है।

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