गुजराती सिद्धी धमाल और डांडिया पर झूमते रहे दर्शक
Prayagraj News - उत्तर मध्य क्षेत्र सांस्कृतिक केंद्र में राष्ट्रीय शिल्प मेले के सांस्कृतिक संध्या के दौरान, दर्शकों ने गुजराती सिद्धि और डांडिया नृत्य का आनंद लिया। शब्बीर सिद्धी ने सिद्धि धमाल प्रस्तुत किया, जबकि नितिन दवे ने डांडिया नृत्य से दर्शकों को मंत्रमुग्ध किया। अन्य कलाकारों ने भरतनाट्यम, भांगड़ा और गजल प्रस्तुतियां दीं।
उत्तर मध्य क्षेत्र सांस्कृतिक केंद्र (एनसीजेडसीसी) में चल रहे राष्ट्रीय शिल्प मेले के सांस्कृतिक संध्या की सातवीं शाम गुजराती सिद्धि और डांडिया की मस्ती में दर्शक सराबोर होते रहे। जहां शब्बीर सिद्धी व साथियों ने गुजरात के पारंपरिक लोकनृत्य सिद्धी धमाल की आकर्षक वेशभूषा में सजधज कर प्रस्तुति की तो दर्शकों ने तालियां बजाकर उनका स्वागत किया। वहीं, नितिन दवे आकर्षक डांडिया नृत्य पेशकर दर्शकों को झूमने पर विवश कर दिया। सिंजनी सरकार व साथी कलाकारों ने प्रभु श्रीराम द्वारा रावण पर युद्ध से पहले देवी शक्ति की पूजा के संकल्प पर आधारित भरतनाट्यम की भावपूर्ण प्रस्तुति की। अमरेंद्र सिंह ने पंजाब का ओजपूर्ण भांगड़ा और जिंदुआ नृत्य की प्रस्तुति से समा बांधा।

लोकगीतों में प्रयागराज की शुभि पांडेय ने बाजे रे मुरलिया बाजे, ओ जी हरि किट गए, रे मान कृष्ण नाम कही लीजिए व प्रयाग नगरी बसे संगम के तीरे की सुरीली आवाज में मनमोहक प्रस्तुति की। गजल गायक संतोष पांडेय ने इस तरह मोहब्बत की शुरुआत कीजिए, साथ छूटेगा कैसे मेरा आपका व मोहे आई ना जग से लाज जैसी गजलों की मंत्रमुग्ध कर देने वाली प्रस्तुति की। इसके पहले मुख्य अतिथि आईजी प्रयागराज परिक्षेत्र अजय कुमार मिश्र व यूपी बोर्ड के सचिव भगवती सिंह ने दीप प्रज्वलित कर संध्या का शुभारंभ किया। केंद्र के निदेशक सुदेश शर्मा ने अतिथियों को अंगवस्त्र व पौधा भेंटकर सम्मानित किया। संचालन प्रियांशु श्रीवास्तव ने किया।

लेखक के बारे में
Hindustanलेटेस्ट Hindi News , बॉलीवुड न्यूज, बिजनेस न्यूज, टेक , ऑटो, करियर , और राशिफल, पढ़ने के लिए Live Hindustan App डाउनलोड करें।




