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अधिकारियों के यहां काम कर रहे सफाईकर्मियों को लेकर बिफरे प्रधान

अधिकारियों के यहां काम कर रहे सफाईकर्मियों को लेकर बिफरे प्रधान

ग्राम पंचायतों में होने वाले कार्यों में प्रधानों को नजरअंदाज करने पर प्रधानों ने बैठक कर रोष जताया। इस दौरान प्रधानों ने विकास कार्यो के लिए रेता और मिटटी की अनुमति दिए जाने की मांग की। प्रधान संगठन ने समस्याओं के निराकरण के लिए मुख्यमंत्री को संबोधित ज्ञापन भी तहसीलदार को सौंपा। गुरुवार को अखिल भारतीय प्रधान संगठन के सदस्यों ने ब्लाक सभागार में बैठक आयोजित की। बैठक में जिलाध्यक्ष आशुतोष दीक्षित ने कहा कि प्रधानों को गांवों में विकास कार्य कराने में अड़चने सामने आ रही हैं। समस्याओं को लेकर संगठन ने मुख्यमंत्री को संबोधित ज्ञापन तहसीलदार को सौंपकर उनका निस्तारण किए जाने की मांग की। ज्ञापन में कहा गया कि आवास और खड़ंजा निर्माण के लिए आवश्यक मिटटी और रेत निकालने का आदेश प्रशासन की ओर से नहीं हैं। ऐसे में सभी विकास कार्य ठप पड़े हैं। इसके साथ ही उन्होंने कहा कि गावों में बिना किसी बैठक और प्रस्ताव के आशाओं का चयन धांधली के साथ कर दिया गया। इसमें बिभाग के बड़े अधिकारी भी संलिप्त हैं। प्रधानों ने रेता और मिटटी निकालने के लिए तहसील स्तर पर परमीशन दिए जाने की मांग की और आशाओं का चयन निरस्त करने की बात कही। प्रधानों ने कहा कि बीपीएल की सूची में छूटे पात्रों को सूची में शामिल किया जाए। इसके साथ ही प्रधानों ने गांवों में सफाई व्यवस्था के हाल पर भी चिंता व्यक्त की। उनका कहना है कि गांवों में तैनात सफाई कर्मचारी अधिकारियों के यहां काम कर रहे हैं जिससे भीषण गंदगी व्याप्त है। प्रधानों ने सफाई व्यवस्था दुरुस्त किए जाने के लिए तत्काल तैनाती वाले स्थल पर सफाई कर्मियों को भेजने की मांग की। ज्ञापन देने वालों में जिलाध्यक्ष आशुतोष दीक्षित उर्फ राजू, वीरेंद्र प्रताप सिंह, हाजी रियाजत नूर, अनुपम बाजपेई, रामनिवास शर्मा, हरेन्द्र सिंह, शेर मोहम्मद, सुरजीत सिंह मुन्ना, हरजिंदर सिंह, रामपाल यादव सहित दर्जनों प्रधान मौजूद रहे।

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  • Web Title:About the cleaners working here in the officers