
महराष्ट्र से जुड़ गया यूपी के ये जिला, सप्ताह में एक बार कर सकेंगे सफर, केंद्रीय मंत्री का सफल हुआ प्रयास
पीलीभीत को लेकर केंद्रीय राज्यमंत्री जितिन प्रसाद ने जो प्रयास किया, वह सफल हो गया है। अब पीलीभीत सीधे महाराष्ट्र से जुड़ गया है। केंद्रीय मंत्री के प्रयास से जिले को एक और ट्रेन मिल गई है, जिसका संचालन नांदेड़ महाराष्ट्र से टनकपुर के बीच सप्ताह में किया जाएगा।
यूपी के पीलीभीत को लेकर केंद्रीय राज्यमंत्री जितिन प्रसाद ने जो प्रयास किया, वह सफल हो गया है। अब पीलीभीत सीधे महाराष्ट्र से जुड़ गया है। केंद्रीय मंत्री के प्रयास से जिले को एक और ट्रेन मिल गई है, जिसका संचालन नांदेड़ महाराष्ट्र से टनकपुर के बीच सप्ताह में किया जाएगा। केंद्रीय राज्यमंत्री जितिन प्रसाद ने इसकी जानकारी सोशल मीडिया पर टैग करते हुए सार्वजनिक की है।
पीलीभीत होकर टनकपुर से नांदेड़ महाराष्ट्र को जाने वाली साप्ताहिक ट्रेन मिलने से पीलीभीत की कनेक्टिविटी बेहतर हो जाएगी। ट्रेन संख्या 17610/17609 को पुरना से बसमत, हिंगोली, वासिम, अंकोला, मलकपुर, खंडवा, इटारसी, रानी कमलापति, बीना, ललितपुर, झांसी, ग्वालियर, धौलपुर, आगरा कैंट, मथुरा, कासगंज, बदायूं बरेली, इज्जतनगर, पीलीभीत टनकपुर के लिए हरी झंड़ी मिली है। इससे पीलीभीत के लोग आगरा-मथुरा के बाद मध्य प्रदेश और सीधे महाराष्ट्र के नांदेड़ से जुड़ने जा रहे हैं।
तख्त सचखंड श्री हजूर साहिब तक सुगम हुआ मार्ग
नांदेड़ से टनकपुर के लिए साप्ताहिक ट्रेन की स्वीकृति मिलने पर केंद्रीय राज्यमंत्री जितिन प्रसाद ने पीलीभीत के लोगों को हार्दिक बधाई दी है। सोशल प्लेटफार्म पर लिखा कि ट्रेन की स्वीकृति से जनपद पीलीभीत एवं बरेली के आम नागरिकों की व्यवसायिक गतिविधियां सशक्त होने के साथ ही सिख समुदाय के प्रसिद्ध तीर्थ स्थल तख्त सचखंड श्री हजूर साहिब तक आवागमन सुगम हो जाएगा। केंद्रीय राज्यमंत्री जितिन प्रसाद ने बताया कि पिछले दिनों वाराणसी, बंगाल, असम, बिहार और कामाख्या आदि स्थानों के लिए भी ट्रेन संचालन कराने का आग्रह करते हुए रेल मंत्री का पत्र भेजा था। नांदेड़ के लिए सुविधा मिलने पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और रेलमंत्री अश्विनी वैष्णव का आभार व्यक्त किया है।
मथुरा और आगरा की कनेक्टिविटी सुधरी
इस ट्रेन के शुरू होने से मथुरा के लिए दूसरी ट्रेन लोगों को मिल रही है साथ ही आगरा के ताजमहल को देखने की लालसा भी लोग इस ट्रेन के संचालित होने से पूरी कर सकेंगे। ट्रेन के समय और संचालन को लेकर रेलवे अधिकारियों की तरफ से जानकारियां दी जाएंगी।





