
छात्रों में एग्जाम के एक दिन पहले ही बंट गए पेपर, यूनिवर्सिटी ने आनन-फानन में लिया ऐक्शन
पेपर बंटने के करीब 15 मिनट बाद छात्रों ने इसकी जानकारी कक्ष निरीक्षकों को दी। कक्ष निरीक्षकों ने तत्काल केंद्राध्यक्ष को सूचना दी। एक दिन पहले पेपर बंट जाने की सूचना के बाद कॉलेज प्रशासन ने संबंधित छात्रों से पर्चा वापस ले लिया। छात्रों को उस दिन की परीक्षा से सम्बन्धित प्रश्नपत्र उपलब्ध कराए गए।
गोरखपुर के दीन दयाल उपाध्याय विश्वविद्यालय से सम्बद्ध जेबी महाजन डिग्री कॉलेज में मंगलवार को परीक्षा के दौरान बड़ी लापरवाही सामने आई है। कॉलेज प्रशासन ने 17 दिसंबर को होने वाले इकोनॉमिक्स 301 की जगह इकोनॉमिक्स 302 और कामर्स 302 की जगह कामर्स 303 का पेपर बांट दिया गया। डीडीयू प्रशासन ने मामले को गंभीरता से लेते हुए दोनों पेपर की परीक्षाएं निरस्त कर दी हैं। साथ ही केंद्राध्यक्ष को बदलते हुए मामले की जांच कराने का फैसला लिया है। यह परीक्षा दूसरी तिथि में कराई जाएगी।
जेबी महाजन डिग्री कॉलेज, चौरीचौरा में मंगलवार को स्नातक की परीक्षा में वाणिज्य संकाय द्वितीय वर्ष की इकोनॉमिक्स 301 और कॉमर्स 302 विषय की परीक्षाएं थीं। कॉमर्स के परीक्षार्थियों को सीओएम-302 की जगह सीओएम-303 का प्रश्नपत्र बांट दिया गया। इसी तरह इकोनॉमिक्स के प्रश्नपत्र ईसीओ-301 की जगह 302 बांटा गया। बताया जा रहा है कि पेपर बंटने के करीब 15 मिनट बाद छात्रों ने इसकी जानकारी कक्ष निरीक्षकों को दी। कक्ष निरीक्षकों ने तत्काल केंद्राध्यक्ष को सूचना दी। एक दिन पहले ही पेपर बंट जाने की सूचना के बाद कॉलेज प्रशासन ने आनन-फानन में संबंधित छात्रों से पर्चा वापस ले लिया। इसके बाद छात्रों को संबंधित प्रश्नपत्र उपलब्ध कराए गए, जिसके बाद परीक्षाएं शुरू हो सकीं। वहीं, इस मामले में परीक्षा नियंत्रक ने जारी अपने आदेश में कहा है कि 17 दिसंबर को निर्धारित प्रश्नपत्र सीओएम-303, ईसीओ-302 की परीक्षाएं निरस्त कर दी गई हैं। अन्य परीक्षाएं पूर्व निर्धारित समय सारणी के अनुसार चलती रहेंगी। पेपर कोड सीओएम-303 और ईसीओ-302 की परीक्षाओं की तिथि जल्द जारी होगी।
एक छात्र डिक्की में रख आया पेपर
बताया जा रहा है कि कक्ष निरीक्षक पेपर वापस ले रहे थे उस दौरान एक छात्र पेपर ले जाकर अपनी बाइक की डिक्की में रख दी थी। कॉलेज प्रशासन ने बाद में उससे प्रश्नपत्र जमा कराया। इस संबंध में कॉलेज के जिम्मेदार कुछ भी बताने से इन्कार करते रहे।
पूर्व में भी हुई थी लापरवाही
वर्ष 2023 की परीक्षा के दौरान कालेज कैम्पस से बाहर कॉपी लिखवाने के आरोप में प्रबंधक ने प्राचार्य को सस्पेंड कर दिया था। प्रबंधक का कहना है कि वह अपनी पहुंच और पकड़ की बदौलत इस मामले से बरी हो गए।
सीसीटीवी फुटेज मांगी गई
डीडीयू प्रशासन ने मामले को बेहद गंभीरता से लिया है। मामले की जांच के लिए तीन सदस्यीय समिति गठित की है। केंद्राध्यक्ष को हटाकर डॉ. निमिषा राय को नया केंद्राध्यक्ष बनाया गया है। महंत अवेद्यनाथ राजकीय डिग्री कॉलेज, जंगल कौड़िया के प्रो. उमा शंकर प्रसाद को कॉलेज का पर्यवेक्षक नियुक्त किया गया है। इसके अलावा कॉलेज प्रशासन से पूरे मामले का सीटीटीवी फुटेज मांगा है। जांच समिति को तीन दिन में रिपोर्ट देने के लिए कहा गया है। समिति यह देखगी कि परीक्षा के निरस्त होने से विवि को कितना नुकसान हुआ।
क्या बोलीं कुलपति
डीडीयू की कुलपति प्रो.पूनम टंडन ने कहा कि यह मामला बेहद गंभीर है। मामले की जांच के लिए समिति गठित कर दी गई है। समिति की रिपोर्ट और संस्तुतियों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। दोनों पेपर की परीक्षाएं बाद में कराई जाएंगी। संबंधित कॉलेज से केंद्राध्यक्ष को बदल दिया गया है। कॉलेज के लिए पर्यवेक्षक भी नियुक्त किया गया है। जांच कमेटी से तीन दिनों के अंदर मामले की रिपोर्ट मांगी गई है।





