योगी मंत्रिमंडल विस्तार की चर्चाओं के बीच इनका मंत्री बनना माना जा रहा तय, संगठन को तव्वजो
संगठन से भी दो चेहरों को योगी मंत्रिमंडल में भेजा जा सकता है। इसके अलावा एक पूर्व मंत्री भी मजबूती से दावेदारी कर रहे हैं। चर्चा है कि दिल्ली से उनके जो तार गड़बड़ाए थे, उन्हें भी काफी हद तक ठीक कर लिया गया है। हालांकि बहुत ज्यादा फेरबदल की संभावना नहीं है। कुछ मंत्रियों के विभाग बदल सकते हैं।

UP Politics: यूपी में एक बार फिर योगी मंत्रिमंडल के विस्तार की चर्चाएं तेज हैं। इस बीच रविवार को भाजपा के वरिष्ठ नेता विनोद तावड़े लखनऊ पहुंच रहे हैं। तावड़े की लखनऊ दौरे के दौरान सीएम योगी आदित्यनाथ, प्रदेश अध्यक्ष पंकज चौधरी और महामंत्री संगठन धर्मपाल सिंह के साथ महत्वपूर्ण बैठक होनी है। बैठक में संगठन के ढांचे, विभिन्न मोर्चों बदलाव और संभावित मंत्रिमंडल विस्तार को लेकर गहन मंथन होगा। प्रदेश अध्यक्ष पंकज चौधरी की नई टीम का गठन भी होना है। माना जा रहा है कि पहले मंत्रिमंडल विस्तार होने की स्थिति में संगठन से कुछ चेहरों को सरकार में शिफ्ट किया जा सकता है। ऐसे में संगठन में उनके स्थान पर नये लोगों को जगह मिल जाएगी। जहां तक मंत्रिमंडल का सवाल है तो दावेदारों की फेहरिस्त लंबी है मगर पूर्व प्रदेश अध्यक्ष भूपेंद्र चौधरी का मंत्री बनना तय माना जा रहा है।
संगठन से भी दो चेहरों को सरकार में भेजा जा सकता है। इसके अलावा एक पूर्व मंत्री भी मजबूती से दावेदारी कर रहे हैं। खबर है कि दिल्ली से उनके जो तार गड़बड़ाए थे, उन्हें भी काफी हद तक ठीक कर लिया गया है। सूत्रों का कहना है कि बहुत ज्यादा फेरबदल की संभावना नहीं है। कुछ मंत्रियों के विभागों में फेरबदल हो सकता है। इससे पहले पांच मार्च 2024 को विस्तार हुआ था। बता दें कि दो मंत्री पद कैबिनेट मंत्री जितिन प्रसाद और राज्यमंत्री अनूप प्रधान वाल्मीकि के सांसद बन जाने के चलते रिक्त हो गए थे। इसके अलावा करीब तीन दर्जन आयोग-निगम, बोर्डों के पद खाली हैं।
अभी छह मंत्री पद खाली, फिलहाल 54 सदस्य
विधायकों की संख्या के आधार पर मंत्रिमंडल में कुल 60 मंत्री बनाए जा सकते हैं। मुख्यमंत्री और दो उपमुख्यमंत्री सहित प्रदेश मंत्रिमंडल में कुल 54 सदस्य हैं। इनमें 21 कैबिनेट, 14 स्वतंत्र प्रभार और 19 राज्यमंत्री हैं। इस प्रकार टीम योगी में अभी छह पद रिक्त हैं। मंत्रिमंडल विस्तार और आयोगों के खाली पद भरने में पार्टी सामाजिक समीकरणों के साथ ही क्षेत्रीय समीकरण भी साधेगी। फिलहाल टीम योगी में पूरब का पलड़ा भारी होने के चलते पश्चिमी यूपी का प्रतिनिधित्व बढ़ाया जा सकता है। बता दें कि अभी मुख्यमंत्री, दोनों उपमुख्यमंत्री और प्रदेश अध्यक्ष पूर्वी उत्तर प्रदेश से आते हैं। यदि विस्तार हुआ तो योगी-2.0 का यह इसका दूसरा चरण होगा।
कई नाम चर्चा में
मंत्रिमंडल विस्तार और संगठन में फेरबदल दोनों को लेकर कई नामों की चर्चा चल रही है। सूत्रों का कहना है कि अंदरखाने बैठकों का दौर जारी है। संभावित बदलावों को लेकर कयास लगाए जा रहे हैं। हालांकि अंतिम फैसला भाजपा के केंद्रीय नेतृत्व की मंजूरी के बाद ही होगा। बताया जा रहा है कि फिलहाल पार्टी आलाकमान पश्चिम बंगाल के चुनाव अभियान में व्यस्त है। इसके चलते यूपी से जुड़े निर्णयों पर अंतिम मुहर लगने में थोड़ा समय लग सकता है। आलाकमान की हरी झंडी मिलते ही संगठनात्मक बदलाव और मंत्रिमंडल विस्तार की लिस्ट सामने आ जाएगी।
लेखक के बारे में
Ajay Singhअजय कुमार सिंह पिछले आठ वर्षों से लाइव हिन्दुस्तान की यूपी टीम में पूर्वांचल के बड़े हिस्से से खबरों का कोआर्डिनेशन देख रहे हैं। वह हिन्दुस्तान ग्रुप से 2010 से जुड़े हैं। पत्रकारिता में 27 वर्षों का लंबा अनुभव रखने वाले अजय ने टीवी, प्रिंट और डिजिटल मीडिया में अपनी एक विशिष्ट पहचान बनाई है। हिन्दुस्तान से पहले वह ईटीवी, इंडिया न्यूज और दैनिक जागरण के लिए अलग-अलग भूमिकाओं में काम कर चुके हैं। अजय राजनीति, क्राइम, सेहत, शिक्षा और पर्यावरण से जुड़ी खबरों को गहराई से कवर करते हैं। बैचलर ऑफ जर्नलिज्म और मास कम्युनिकेशन में पोस्ट ग्रेजुएट अजय फिलहाल लाइव हिन्दुस्तान में असिस्टेंट एडिटर हैं और उत्तर प्रदेश की राजनीति और क्राइम की खबरों पर विशेष फोकस रखते हैं।
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