UP SIR को लेकर आरोप निराधार और भ्रामक भी, अखिलेश यादव पर पंकज चौधरी का पलटवार
उत्तर प्रदेश एसआईआर को लेकर लगाए गए आरोपों को निराधार और भ्रामक भी हैं। ये बातें उत्तर प्रदेश भाजपा अध्यक्ष पंकज चौधरी ने कहीं। अखिलेश यादव पर पंकज चौधरी का पलटवार किया है।

UP News : उत्तर प्रदेश भाजपा अध्यक्ष पंकज चौधरी ने सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव द्वारा एसआईआर को लेकर लगाए गए आरोपों को निराधार और भ्रामक बताया है। सपा मुखिया के बयान पर पलटवार करते हुए कहा कि चौधरी ने कहा कि सपा प्रमुख का बयान पूरी तरह तथ्यों से परे, भ्रम फैलाने वाला और अपनी राजनीतिक विफलताओं को छिपाने का प्रयास मात्र है। उन्होंने कहा कि जब-जब समाजवादी पार्टी चुनावी मैदान में जनता का विश्वास खोती है, तब-तब वह लोकतांत्रिक संस्थाओं पर अनर्गल आरोप लगाकर अपनी जिम्मेदारी से बचने का प्रयास करती है।
उन्होंने कहा कि सच्चाई यह है कि देश की संवैधानिक संस्थाएं पूर्णतः स्वतंत्र और निष्पक्ष तरीके से कार्य कर रही हैं और उन पर सवाल उठाना लोकतंत्र को कमजोर करने का प्रयास है। उन्होंने कहा कि ईडी, सीबीआई और आयकर विभाग जैसी एजेंसियां कानून के दायरे में रहकर कार्य करती हैं। इन एजेंसियों की कार्रवाई केवल उन लोगों के खिलाफ होती है, जिन पर गंभीर भ्रष्टाचार और वित्तीय अनियमितताओं के प्रमाण मिलते हैं। भ्रष्टाचार में लिप्त लोगों का इन एजेंसियों के निशाने पर आना उनके कार्यों का परिणाम है, न कि किसी राजनीतिक साजिश का।
सपा को अपनी हार का ठीकरा दूसरों पर फोड़ने के बजाय आत्ममंथन करना चाहिए
फर्जी वोट कटवाने के आरोपों पर प्रतिक्रिया देते हुए चौधरी ने कहा कि यह पूरी तरह से निराधार और मनगढ़ंत कहानी है। चुनाव आयोग एक स्वतंत्र संवैधानिक संस्था है, जो निष्पक्षता और पारदर्शिता के साथ चुनाव प्रक्रिया को संचालित करती है। सपा को अपनी हार का ठीकरा दूसरों पर फोड़ने के बजाय आत्ममंथन करना चाहिए। उन्होंने कहा कि वर्ष 2027 में उत्तर प्रदेश की जनता एक बार फिर विकास, सुशासन और राष्ट्रहित की राजनीति को समर्थन देगी और समाजवादी पार्टी जैसी नकारात्मक सोच वाली राजनीति को पूरी तरह नकार कर भाजपा को अभूतपूर्व जीत दिलाने के लिए मतदान करेगी।
सपा ने ज्ञापन देकर आयोग से मांगी सूचना
समाजवादी पार्टी ने शुक्रवार को मुख्य निर्वाचन अधिकारी को ज्ञापन देकर काटे गए, जोड़े गए और संशोधित नामों की सूची तत्काल राजनीतिक दलों को उपलब्ध कराने की मांग की है। सपा प्रदेश अध्यक्ष श्याम लाल पाल, केके श्रीवास्तव, डा. हरिश्चंद्र सिंह और राधेश्याम सिंह द्वारा ज्ञापन दिया गया है। इसमें 15 दिन में जिलाधिकारी और उनके फैसले के विरुद्ध 30 दिन में मुख्य निर्वाचन अधिकारी के यहां अपील करने के लिए ऑनलाइन व ऑफलाइन के नियम और अपील फीस आदि के लिखित निर्देश अविलंब जारी करने की मांग की गई है।
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Deep Pandeyदीप नरायन पांडेय लाइव हिन्दुस्तान में पिछले आठ सालों से यूपी की खबरें करते हैं। डिजिटल, टीवी और प्रिंट जर्नलिज्म में 15 साल से अधिक का अनुभव रखने वाले दीप नरायन पांडेय वरिष्ठ पत्रकार हैं। दीप अब डिजिटल मीडिया के जाने माने नाम बन गए हैं। दीप हिंदी भाषा की डिजिटल पत्रकारिता के नए आयामों को बेहतर समझते हैं। यूपी की राजनीति के साथ क्राइम की खबरों पर अच्छी पकड़ है। सामाजिक, इंफ्रास्ट्रक्चर, पर्यटन, शिक्षा और हेल्थ पर भी लिखते हैं। दीप पाठकों की पसंद को समझने और उसी तरह से न्पूज प्रस्तुत करने में माहिर हैं। दीप सरल भाषा में खबरों को पाठकों तक पहुंचाते हैं। खबर लिखने के अलावा साहित्य पढ़ने-लिखने में भी रुचि रखते हैं। मास कम्युनिकेशन में बीए और एमए दीप नरायन पांडेय मूल रूप से उत्तर प्रदेश के गोंडा के रहने वाले हैं। दीप ने पत्रकारिता की शुरुवात लखनऊ से की। टीवी चैनल से करियर का आगाज करने वाले दीप इसके बाद प्रिंट अमर उजाला लखनऊ में भी रहे। हिन्दुस्तान प्रिंट में वाराणसी, गोरखपुर, फिर लखनऊ में कार्य के दौरान विभिन्न जिलों के डेस्क इंचार्ज रहे हैं। यूपी विधानसभा चुनाव 2012, 2017, 2022, लोकसभा चुनाव, पंचायत चुनावों के दौरान बेहतर कवरेज कर चुके हैं।
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